गगनयान मिशन में बड़ी उपलब्धि, ISRO ने शुरू की लॉन्च व्हीकल की असेंबलिंग

हाल ही में ISRO के प्रमुख, S Somanath ने बताया था कि अंतरिक्ष में देश के एस्ट्रोनॉट मिशन से पहले बिना क्रू वाली कई टेस्ट फ्लाइट की जाएंगी

गगनयान मिशन में बड़ी उपलब्धि, ISRO ने शुरू की लॉन्च व्हीकल की असेंबलिंग

भारत की योजना अंतरिक्ष में अपना स्टेशन बनाने की भी है

ख़ास बातें
  • यह असेंबलिंग आंध्र प्रदेश में ISRO के सतीश धवन स्पेस सेंटर पर हो रही है
  • HLVM3 का डिजाइन विशेषतौर पर ह्युमन स्पेसफ्लाइट के लिए बनाया गया है
  • भारत की योजना अंतरिक्ष में अपना स्टेशन बनाने की भी है
विज्ञापन
पिछले कुछ वर्षों में अंतरिक्ष से जुड़े अभियानों में भारत ने काफी प्रगति की है। इसी कड़ी में भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (ISRO) की ओर से Gaganyaan मिशन को सफल बनाने के लिए तैयारी की जा रही है। ISRO ने इस मिशन के लिए ह्युमन रेटेड लॉन्च व्हीकल Mark-3 (HLVM3) की असेंबलिंग शुरू कर दी है। यह असेंबलिंग आंध्र प्रदेश में ISRO के सतीश धवन स्पेस सेंटर पर की जा रही है। 

देश के महत्वाकांक्षी गगनयान ह्युमन स्पेसफ्लाइट मिशन के तहत बिना क्रू वाले पहले मिशन की यह शुरुआत है। ISRO ने S200 सॉलिड रॉकेट मोटर के नोजल एंड सेगमेंट की स्टैकिंग के साथ असेंबलिंग शुरू की है। HLVM3 का डिजाइन विशेषतौर पर ह्युमन स्पेसफ्लाइट के लिए बनाया गया है। यह LVM3 रॉकेट का एडवांस्ड वर्जन है। इसकी ऊंचाई लगभग 53 मीटर और भार लगभग 640 टन का है। यह थ्री-स्टेज रॉकेट लो अर्थ ऑर्बिट तक लगभग 10 टन का भार ले जा सकता है। इसमें ह्युमन-रेटेड डिजाइन के साथ ही वापसी के दौरान किसी गड़बड़ी की स्थिति में क्रू मॉड्यूल के सुरक्षित इजेक्शन को सुनिश्चित करने के लिए क्रू एस्केप सिस्टम (CES) शामिल है। 

भारत की योजना अंतरिक्ष में अपना स्टेशन बनाने की भी है। पिछले सप्ताह साइंस एंड टेक्नोलॉजी मिनिस्टर Jitendra Singh ने बताया था कि इस स्टेशन का नाम "भारत अंतरिक्ष स्टेशन" होगा। इसकी स्थापना 2035 तक की जा सकती है। उन्होंने कहा था, "हमारा अपना स्पेस स्टेशन बनने जा रहा है। इसे भारत अंतरिक्ष स्टेशन कहा जाएगा। यह 2035 तक बन जाएगा। हम 2040 तक एक भारतीय को चंद्रमा पर लैंड करा सकते हैं।" देश के पहले ह्युमन स्पेस फ्लाइट मिशन Gaganyaan के बारे में सिंह ने बताया कि 2026 की शुरुआत तक पहला भारतीय एस्ट्रोनॉट इस मिशन के तहत स्पेस की यात्रा करेगा। पिछले दशक में भारत ने आंध्र प्रदेश के श्रीहरिकोटा से 397 विदेशी सैटेलाइट को लॉन्च किया है। 

हाल ही में ISRO के प्रमुख, S Somanath ने बताया था कि अंतरिक्ष में देश के एस्ट्रोनॉट मिशन से पहले बिना क्रू वाली कई टेस्ट फ्लाइट की जाएंगी। गगनयान मिशन की तैयारी को लेकर ISRO पूरी सतर्कता बरत रहा है। इस मिशन के लॉन्च होने पर अमेरिका, रूस और चीन के बाद भारत अंतरिक्ष में एस्ट्रोनॉट्स को भेजने वाला चौथा देश बन जाएगा। इस मिशन में एक या दो एस्ट्रोनॉट्स को धरती से लगभग 400 किलोमीटर ऊपर लो अर्थ ऑर्बिट में ले जाया जाएगा। 
Comments

लेटेस्ट टेक न्यूज़, स्मार्टफोन रिव्यू और लोकप्रिय मोबाइल पर मिलने वाले एक्सक्लूसिव ऑफर के लिए गैजेट्स 360 एंड्रॉयड ऐप डाउनलोड करें और हमें गूगल समाचार पर फॉलो करें।

कंज्यूमर इलेक्ट्रॉनिक्स शो की लेटेस्ट खबरें hindi.gadgets 360 पर और हमारे CES 2026 पेज पर देखें

आकाश आनंद

Gadgets 360 में आकाश आनंद डिप्टी न्यूज एडिटर हैं। उनके पास प्रमुख ...और भी

Share on Facebook Gadgets360 Twitter ShareTweet Share Snapchat Reddit आपकी राय google-newsGoogle News

विज्ञापन

Follow Us

विज्ञापन

#ताज़ा ख़बरें
  1. Penguin Viral Video: वायरल 'पेंगुइन वीडियो' का क्या है सच! क्यों चल पड़ा अकेला पेंगुइन, वैज्ञानिकों का जवाब
  2. चांद से टकराया था एस्टरॉयड? चट्टानों के टुकड़ों ने खोला पुराना राज!
  3. Infosys ने वर्क-फ्रॉम-होम वाले वर्कर्स से मांगी इलेक्ट्रिसिटी बिल की जानकारी, ये है कारण....
  4. Oppo Find N6 का ग्लोबल लॉन्च जल्द, मिलेगी 16GB रैम, 6000mAh बैटरी, 80W चार्जिंग!
  5. Redmi Note 15 Pro प्री-ऑर्डर शुरू, 200MP कैमरा, 6500mAh बैटरी के साथ 29 जनवरी को होगा लॉन्च
  6. 14.9 करोड़ यूजर्स के Instagram, Gmail, Netflix के आईडी-पासवर्ड चोरी! ऐसे करें बचाव
  7. 50MP कैमरा, 5160 mAh बैटरी वाला Redmi फोन Rs 6500 तक सस्ते में खरीदने का मौका
  8. Apple के लिए बड़ा मार्केट बना भारत, पिछले वर्ष 1.4 करोड़ iPhones की बिक्री 
  9. Samsung Galaxy A57 का डिजाइन आया सामने, 5000mAh बैटरी, 50MP कैमरा से होगा लैस
  10. आसमान से आफत! 74 फीट बड़ा चट्टानी टुकड़ा आ रहा पृथ्वी के पास
© Copyright Red Pixels Ventures Limited 2026. All rights reserved.
ट्रेंडिंग प्रॉडक्ट्स »
लेटेस्ट टेक ख़बरें »