Apple पर अमेरिकी सरकार का चाइनीज मेमोरी चिप्स से दूरी बनाने का प्रेशर

AI से जुड़े डेटा सेंटर्स बना रही कंपनियां बड़ी संख्या में मेमोरी चिप्स की खरीदारी कर रही हैं। इससे मेमोरी चिप्स की सप्लाई पर असर पड़ा है और इनके प्राइसेज में भी बढ़ोतरी हुई है

Apple पर अमेरिकी सरकार का चाइनीज मेमोरी चिप्स से दूरी बनाने का प्रेशर

मेमोरी चिप्स की शॉर्टेज का असर स्मार्टफोन्स की मैन्युफैक्चरिंग पर पड़ रहा है

ख़ास बातें
  • iPhone मेकर Apple के लिए मेमोरी चिप्स की शॉर्टेज एक चुनौती बन गई है
  • अमेरिकी सरकार ने एपल से चीन से मेमोरी चिप्स नहीं खरीदने को कहा है
  • AI से जुड़े डेटा सेंटर्स में इस महत्वपूर्ण कंपोनेंट का इस्तेमाल बढ़ा है
विज्ञापन

स्मार्टफोन इंडस्ट्री पर पिछले कुछ महीनों में मेमोरी चिप्स की शॉर्टेज का बड़ा असर पड़ा है। इस वजह से स्मार्टफोन्स के प्राइसेज में भी बढ़ोतरी की गई है। दुनिया भर में लोकप्रिय iPhone बनाने वाली Apple के लिए भी मेमोरी चिप्स की शॉर्टेज एक चुनौती बन रही है। अमेरिका की ट्रंप सरकार ने एपल से चाइनीज मैन्युफैक्चरर्स से मेमोरी चिप्स नहीं खरीदने को कहा है। 

आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) से जुड़े डेटा सेंटर्स की ओर से डिमांड बढ़ने से मेमोरी चिप्स की सप्लाई पर असर पड़ा है। वॉल स्ट्रीट जनरल की एक रिपोर्ट में बताया गया है कि कॉमर्स सेक्रेटरी, Howard Lutnick ने एपल को बताया है कि ट्रंप सरकार अमेरिकी कंपनियों के चीन से मेमोरी चिप्स खरीदने के खिलाफ है। इस मामले की जानकारी रखने वाले सूत्रों ने कहा है कि एपल के डिवाइसेज में इस्तेमाल की संभावना तलाशने के लिए चीन की ChangXin Memory Technologies और Yangtze Memory Technologies के मेमोरी चिप्स की टेस्टिंग की जा रही है। 

हालांकि, एपल ने चाइनीज मेमोरी चिप्स की टेस्टिंग की पुष्टि नहीं की है। कंपनी ने कहा है कि मेमोरी चिप्स की शॉर्टेज की वजह से उसे विकल्पों पर विचार करना होगा। इसमें मेमोरी चिप्स के मौजूदा सप्लायर्स को अमेरिका में मैन्युफैक्चरिंग बढ़ाने में मदद करना शामिल है। हालांकि, एपल के लिए चाइनीज मैन्युफैक्चरर्स से अन्य कंपोनेंट्स खरीदने का विकल्प बरकरार है। Micron Technology ने ट्रंप सरकार से एपल को चाइनीज मेमोरी चिप्स का इस्तेमाल करने से रोकने का निवेदन किया है। इस सेमीकंडक्टर मैन्युफैक्चरर की दलील है कि इससे अमेरिका में इन महत्वपूर्ण कंपोनेंट्स की मैन्युफैक्चरिंग को नुकसान होगा। 

AI से जुड़े डेटा सेंटर्स बना रही कंपनियां बड़ी संख्या में मेमोरी चिप्स की खरीदारी कर रही हैं। इससे मेमोरी चिप्स की सप्लाई पर असर पड़ा है और इनके प्राइसेज में भी बढ़ोतरी हुई है। मेमोरी चिप्स जैसे महत्वपूर्ण कंपोनेंट्स की कॉस्ट बढ़ने की वजह से एपल और कुछ अन्य हैंडसेट मेकर्स ने पिछले कुछ महीनों में स्मार्टफोन्स के रिटेल प्राइसेज को बढ़ाया है। एपल जल्द ही फोल्डेबल स्मार्टफोन्स के सेगमेंट में एंट्री कर सकती है। कंपनी के इस स्मार्टफोन को iPhone Ultra कहा जा सकता है। अगले महीने iPhone 18 Pro और iPhone 18 Pro Max के साथ iPhone Ultra को लॉन्च किया जा सकता है। 

Comments

लेटेस्ट टेक न्यूज़, स्मार्टफोन रिव्यू और लोकप्रिय मोबाइल पर मिलने वाले एक्सक्लूसिव ऑफर के लिए गैजेट्स 360 एंड्रॉयड ऐप डाउनलोड करें और हमें गूगल समाचार पर फॉलो करें।

आकाश आनंद

Gadgets 360 में आकाश आनंद डिप्टी न्यूज एडिटर हैं। उनके पास प्रमुख ...और भी

Share on Facebook Gadgets360 Twitter ShareTweet Share Snapchat Reddit आपकी राय google-newsGoogle News
Turbo Read

विज्ञापन

Follow Us

विज्ञापन

#ताज़ा ख़बरें
  1. Flipkart सेल में 36 हजार एमआरपी वाला Oppo फोन ₹20 हजार से सस्ता! 6500mAh बैटरी
  2. Motorola Signature 27 Launched: 200MP कैमरा और 7000mAh बैटरी के साथ आया फ्लैगशिप, जानें कीमत
  3. 12,000mAh बैटरी वाला फोन ला रहा Oppo, जल्द हो सकता है लॉन्च
  4. iQOO 16 के इंटरनेशनल मार्केट में लॉन्च की तैयारी, SDPPI से मिला सर्टिफिकेशन
  5. ChatGPT से अब फोटो बनेगी एनिमेटेड GIF, ऐसे यूज करें नया Image 2.6 मॉडल
  6. Zomato से अब 40KM दूर के रेस्टोरेंट से भी मंगा सकेंगे खाना, इन 7 शहरों में शुरू हुई नई सर्विस
  7. Samsung Galaxy A56 5G पर भारी डिस्काउंट! ₹31 हजार से कम में खरीदने का मौका
  8. 33 घंटे तक चलने वाली बैटरी वाला Asus Zenbook 14 लैपटॉप लॉन्च, Snapdragon, AMD और Intel प्रोसेसर का विकल्प
  9. Tata कारों पर हैकिंग का खतरा! भारत की सरकारी एजेंसी ने दी चेतावनी, तुरंत करें ये काम
  10. BGMI Air: आ रहा है BGMI का Lite वर्जन! 1GB में डाउनलोड होगा गेम, इस दिन से मिलेगा खेलने का मौका
© Copyright Red Pixels Ventures Limited 2026. All rights reserved.
ट्रेंडिंग प्रॉडक्ट्स »
लेटेस्ट टेक ख़बरें »