दुबई के क्रिप्टो एक्सचेंज ByBit पर भारत में लगा 9 करोड़ रुपये से ज्यादा का जुर्माना

पिछले वर्ष ByBit ने सेंट्रल बैंक डिजिटल करेंसी ( CBDC) eRupee का अपनी पीयर-टु-पीयर (P2P) ट्रांजैक्शन सर्विस के लिए इंटीग्रेशन करने की जानकारी दी थी

दुबई के क्रिप्टो एक्सचेंज ByBit पर भारत में लगा 9 करोड़ रुपये से ज्यादा का जुर्माना

इस एक्सचेंज ने देश में बिजनेस के लिए जरूरी स्वीकृति नहीं ली थी

ख़ास बातें
  • फाइनेंशियल इंटेलिजेंस यूनिट (FIU) ने ByBit की जांच की थी
  • ByBit का विभिन्न उल्लंघनों का दोषी पाया गया है
  • इस एक्सचेंज का दावा है कि इसके यूजर्स की संख्या चार करोड़ से अधिक है
विज्ञापन
पिछले कुछ वर्षों में देश में क्रिप्टोकरेंसीज का मार्केट तेजी से बढ़ा है। हालांकि, इस सेगमेंट की कुछ फर्मों के खिलाफ कानून के उल्लंघन की वजह से कार्रवाई भी की गई है। क्रिप्टो एक्सचेंज ByBit पर प्रिवेंशन ऑफ मनी लॉन्ड्रिंग एक्ट (PMLA) के उल्लंघन के कारण लगभग 9.27 करोड़ रुपये का जुर्माना लगाया गया है। 

दुबई के इस क्रिप्टो एक्सचेंज ByBit पर कानूनी दिशानिर्देशों का पालन किए बिना भारत में बिजनेस करने पर यह जुर्माना लगा है। फाइनेंशियल इंटेलिजेंस यूनिट (FIU) ने ByBit की जांच की थी। इस एक्सचेंज के एग्जिक्यूटिव्स को दस्तावेज जमा कराने के लिए कहा गया था। इस बारे में एक प्रेस विज्ञप्ति में बताया गया है कि FIU ने ByBit का विभिन्न उल्लंघनों का दोषी पाया है। इस एक्सचेंज ने देश में बिजनेस के लिए जरूरी स्वीकृति नहीं ली थी। इस वर्ष की शुरुआत में ByBit ने बताया था कि उसने रेगुलेटर्स के कारण अपने प्लेटफॉर्म पर ट्रेडिंग को अस्थायी तौर पर बंद कर दिया है। देश में क्रिप्टो से जुड़ी सभी फर्मों के लिए फाइनेंशियल इंटेलिजेंस यूनिट (FIU) के पास रजिस्ट्रेशन कराना अनिवार्य है। 

पिछले वर्ष ByBit ने सेंट्रल बैंक डिजिटल करेंसी ( CBDC) eRupee का अपनी पीयर-टु-पीयर (P2P) ट्रांजैक्शन सर्विस के लिए इंटीग्रेशन करने की जानकारी दी थी। ByBit ने बताया  था कि ई-रूपी के लिए सपोर्ट को लेकर उसे भारतीय मर्चेंट्स से निवेदन मिले थे। ByBit की P2P ट्रांजैक्शंस से मर्चेंट्स को रुपये में पेमेंट्स स्वीकार करने की सुविधा मिलेगी। इससे उनके बैंक एकाउंट्स को सायबर अपराधियों के निशाना बनाने का जोखिम कम हो जाएगा। 

इस एक्सचेंज की शुरुआत 2018 में हुई थी। ByBit का दावा है कि इसके यूजर्स की संख्या चार करोड़ से अधिक की है। P2P पेमेंट्स में एक्सचेंज के वॉलेट में सेलर क्रिप्टोकरेंसी के तौर पर पेमेंट को जमा करता है। इसके बार सेलर एसेट का एक सेल प्राइस तय करता है। अगर बायर उस प्राइस को स्वीकार करता है तो एक्सचेंज पर डील हो जाती है। इसके बाद बायर सेलर के बैंक एकाउंट में सीधे पेमेंट भेजता है। इस प्रकार से P2P ट्रांजैक्शन पूरी हो जाती है। सेलर की ओर से एक्सचेंज को यह पुष्टि भी की जाती है कि उसे रकम प्राप्त हो गई है, जिसके बाद एक्सचेंज की ओर से बायर को क्रिप्टोकरेंसी दी जाती है। 
 

भारतीय एक्सचेंजों में क्रिप्टोकरेंसी की कीमतें

Comments

लेटेस्ट टेक न्यूज़, स्मार्टफोन रिव्यू और लोकप्रिय मोबाइल पर मिलने वाले एक्सक्लूसिव ऑफर के लिए गैजेट्स 360 एंड्रॉयड ऐप डाउनलोड करें और हमें गूगल समाचार पर फॉलो करें।

आकाश आनंद

Gadgets 360 में आकाश आनंद डिप्टी न्यूज एडिटर हैं। उनके पास प्रमुख ...और भी

Share on Facebook Gadgets360 Twitter ShareTweet Share Snapchat Reddit आपकी राय google-newsGoogle News
Turbo Read

विज्ञापन

Follow Us

विज्ञापन

#ताज़ा ख़बरें
  1. दुनिया में पहली बार! न्यूक्लियर रिएक्टर की गर्मी से बनाई ग्रीन हाइड्रोजन, भारत ने रचा इतिहास
  2. Nothing Phone 4b में मिल सकती है 6,000mAh की बैटरी, भारत में अगले सप्ताह होगा लॉन्च
  3. Acer ने भारत में लॉन्च किया TravelLite TL24-54M लैपटॉप, जानें प्राइस, स्पेसिफिकेशंस
  4. Amazon Prime Day Sale 2026: OnePlus 13 सिर्फ ₹49,999 में, OnePlus 15 और Nord सीरीज पर भी तगड़े ऑफर्स!
  5. OnePlus N6 Launched in India: 8,000mAh बैटरी वाला सबसे सस्ता वनप्लस फोन
  6. Amazon Prime Day Sale 2026: ₹85 हजार से कम में Galaxy S25 Ultra, साल की सबसे बड़ी डील
  7. Delhi EV Policy 2026: ₹1 लाख तक का फायदा, पेट्रोल-CNG टू-व्हीलर का रजिस्ट्रेशन होगा बंद, जानें सब कुछ
  8. WhatsApp Username Booking: बिना नंबर के शुरू होगी चैट, ऐेसे रिजर्व होगा आपका यूजरनेम
  9. Lava Agni 4 खरीदने का शानदार मौका! ₹4 हजार तक की छूट और एक्सचेंज ऑफर भी
  10. AI भी गर्मी की चपेट में? हीटवेव से डेटा सेंटर्स के लिए बढ़ा खतरा
© Copyright Red Pixels Ventures Limited 2026. All rights reserved.
ट्रेंडिंग प्रॉडक्ट्स »
लेटेस्ट टेक ख़बरें »