• होम
  • विज्ञान
  • ख़बरें
  • मंगल ग्रह का सफर मिनटों में! Nasa बना रही न्‍यूक्लियर रॉकेट, 2027 में करेगी टेस्‍ट, जानें इसके बारे में

मंगल ग्रह का सफर मिनटों में! Nasa बना रही न्‍यूक्लियर रॉकेट, 2027 में करेगी टेस्‍ट, जानें इसके बारे में

बताया जाता है कि नासा जिस न्‍यूक्लियर-पावर्ड रॉकेट के निर्माण पर काम कर रही है, वह इलेक्‍ट्रि‍क प्रोपल्‍शन के मुकाबले 10 हजार गुना ज्‍यादा हाई थ्रस्ट-टू-वेट रेश्‍यो ऑफर करता है।

मंगल ग्रह का सफर मिनटों में! Nasa बना रही न्‍यूक्लियर रॉकेट, 2027 में करेगी टेस्‍ट, जानें इसके बारे में

DRACO को डिजाइन करने के लिए इसकी टीम ने NTR (न्‍यूक्लियर थर्मल रॉकेट) मॉडल को इस्‍तेमाल करने की योजना बनाई है।

ख़ास बातें
  • नासा लगभग 50 साल से इस तकनीक पर काम कर रही है
  • अगले कुुछ साल में इसे टेस्‍ट किया जा सकता है
  • अभी मंगल ग्रह पर पहुंचने में 7 महीने लगते हैं, यह समय कम होगा
विज्ञापन
अमेरिकी अंतरिक्ष एजेंसी नासा (Nasa) किसी ग्रह को लेकर सबसे गंभीर नजर आती है, तो वह है मंगल ग्रह (Mars)। स्‍पेस एजेंसी वर्षों से मंगल ग्रह पर अपने मिशन भेज रही है, ताकि वहां जीवन की संभावनाओं को टटोला जा सके। नासा भविष्‍य में अंतरिक्ष यात्रियों को भी मंगल पर भेजना चाहती है। अब नासा ने बताया है कि वह एक परमाणु-संचालित रॉकेट का निर्माण कर रही है, जो पारंपरिक रॉकेटों की तुलना में बहुत तेजी से इंसानों को मंगल ग्रह पर भेज सकता है। फ‍िलहाल मंगल ग्रह पर पहुंचने में 7 महीने लगते हैं।

रिपोर्टों के अनुसार, अमेरिकी अंतरिक्ष एजेंसी ने डिफेंस एडवांस्ड रिसर्च प्रोजेक्ट्स एजेंसी (DARPA) के साथ डिमॉन्‍स्‍ट्रेशन रॉकेट फॉर एजाइल सिस्लुनर ऑपरेशंस (DRACO) प्रोग्राम के लिए साझेदारी की है। इसे साल 2027 में टेस्‍ट किया जाएगा। बताया जाता है कि नासा जिस न्‍यूक्लियर-पावर्ड रॉकेट के निर्माण पर काम कर रही है, वह इलेक्‍ट्रि‍क प्रोपल्‍शन के मुकाबले 10 हजार गुना ज्‍यादा हाई थ्रस्ट-टू-वेट रेश्‍यो ऑफर करता है। 

DRACO को डिजाइन करने के लिए इसकी टीम ने NTR (न्‍यूक्लियर थर्मल रॉकेट) मॉडल को इस्‍तेमाल करने की योजना बनाई है साथ ही मॉडल को मॉडर्न टच दिया जाएगा। NTR मॉडल करीब 50 साल पुराना बताया जाता है। कहा जाता है कि नासा ने कई दशकों तक न्‍यूक्लियर थर्मल प्रोपल्‍शन को स्‍टडी किया है। 

कहा जाता है कि यह तकनीक अंतरिक्ष यात्रियों के लिए बेहद कारगर होगी, क्‍योंकि उन्‍हें लंबे समय तक यात्रा नहीं करनी होगी। इससे भोजन और कार्गो की सप्‍लाई का खर्च भी कम होगा। नासा की योजना साल 2030 तक इंसानों को मंगल ग्रह पर भेजने की है। 

नासा के डिप्टी एडमिनिस्ट्रेटर और पूर्व अंतरिक्ष यात्री पाम मेलरॉय के मुताबिक अगर अंतरिक्ष एजेंसी के पास इंसानों के लिए तेज यात्राएं हैं, तो वह सुरक्ष‍ित भी होंगी। उन्‍होंने भरोसा दिलाया कि नासा जिस मिशन पर काम कर रही है, वह काफी सुरक्षित होगा। एजेंसी कई वर्षों से NTR मॉडल पर काम करती आई है। यह मिशन पहली बार 1961 में शुरू किया गया था।  

 

Comments

लेटेस्ट टेक न्यूज़, स्मार्टफोन रिव्यू और लोकप्रिय मोबाइल पर मिलने वाले एक्सक्लूसिव ऑफर के लिए गैजेट्स 360 एंड्रॉयड ऐप डाउनलोड करें और हमें गूगल समाचार पर फॉलो करें।

संबंधित ख़बरें

Share on Facebook Gadgets360 Twitter ShareTweet Share Snapchat Reddit आपकी राय google-newsGoogle News

विज्ञापन

Follow Us

विज्ञापन

#ताज़ा ख़बरें
  1. Xiaomi ने लॉन्च किया Xiaomi Mijia 10Kg Ultra-Slim Washing Machine, जानें कीमत और फीचर्स
  2. Tecno Spark 50 5G vs Oppo A6s 5G vs iQOO Z11X 5G: जानें 20K में कौन सा है बेस्ट
  3. 200MP कैमरा के साथ Vivo V70 FE आज हो रहा लॉन्च, जानें कैसे देखें लॉन्च इवेंट लाइव
  4. Nothing के AI स्मार्ट ग्लास 2027 में हो सकते हैं लॉन्च, मिलेगा यूनीक डिजाइन!
  5. 5100mAh बैटरी, 50MP कैमरा वाला Pixel फोन लॉन्च के बाद हुआ 4700 रुपये सस्ता
  6. Maruti Suzuki ने e Vitara के लॉन्च के पहले महीने में बेची 2,200 यूनिट्स
  7. भारत से स्मार्टफोन्स के एक्सपोर्ट पर भारी पड़ सकता है ईरान का संकट
  8. Samsung Galaxy A27 5G में मिल सकता है Adreno 710 GPU, Geekbench पर हुई लिस्टिंग
  9. Ola Electric की जोरदार रिकवरी, मार्च में बिक्री 150 प्रतिशत बढ़ी
  10. मेघालय के पहाड़ों पर सैटेलाइट से मिलेगा इंटरनेट! Starlink और सरकार के बीच हुई डील
© Copyright Red Pixels Ventures Limited 2026. All rights reserved.
ट्रेंडिंग प्रॉडक्ट्स »
लेटेस्ट टेक ख़बरें »