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  • ब्रह्मांड का सबसे पुराना पता अब मिला, NASA के टेलीस्कोप ने बदली यूनिवर्स की समझ
    NASA ने बताया है कि James Webb Space Telescope ने अब तक की सबसे दूर स्थित गैलेक्सी MoM-z14 को देखा है। यह गैलेक्सी बिग बैंग के सिर्फ 280 मिलियन साल बाद मौजूद थी और इसकी रोशनी को धरती तक पहुंचने में करीब 13.5 अरब साल लगे हैं। वैज्ञानिकों के मुताबिक, यह खोज ब्रह्मांड के शुरुआती दौर यानी कॉस्मिक डॉन को समझने में मदद करती है। MoM-z14 उम्मीद से ज्यादा चमकदार और विकसित पाई गई है, जिसने शुरुआती ब्रह्मांड को लेकर बनी कई थ्योरी पर सवाल खड़े कर दिए हैं।
  • अंतरिक्ष से आफत! एकसाथ आ रहे 5 एस्टरॉयड, नासा का अलर्ट
    एस्टरॉयड का खतरा एक बार फिर से पृथ्वी की ओर आ रहा है। ये खगोलीय पिंड लगातार अंतरिक्ष में परिक्रमा करते रहते हैं और ग्रहों के करीब से होकर गुजरते हैं। लेकिन किसी एस्टरॉयड के लिए अलर्ट तब जारी किया जाता है जब वह पृथ्वी के बहुत अधिक करीब से होकर गुजरने वाला हो। NASA ने 5 एस्टरॉयड के धरती के पास होकर गुजरने की चेतावनी जारी की है।
  • 100 फीट बड़े एस्टरॉयड से आज धरती को खतरा!
    पृथ्वी के करीब आज एक बड़ा चट्टानी टुकड़ा पहुंच रहा है। NASA की JPL ने एक हवाई जहाज जितने बड़े एस्टरॉयड के लिए अलर्ट जारी किया है। इसका नाम एस्टरॉयड 2026 CC है जो कि 100 फीट चौड़ा है। जब यह धरती के सबसे करीबी बिंदु पर होगा तो धरती और एस्टरॉयड के बीच की दूरी सिर्फ 6.10 लाख किलोमीटर होगी।
  • NASA के ऐतिहासिक Artemis II मिशन लॉन्च में होगी देरी! बताई वजह
    Artemis II मिशन को नासा ने मार्च तक के लिए टाल दिया है। चांद पर खोज का यह महत्वपूर्ण मिशन पहले 8 फरवरी को लॉन्च होने वाला था। नासा ने बताया कि उसने वेट ड्रेस रिहर्सल किया है। Space.com के अनुसार, यह ऐसा टेस्ट होता है जिसमें अंतरिक्ष यात्रियों को चंद्रमा के चारों ओर एक अभूतपूर्व पथ पर छोड़ देने के लिए विशाल रॉकेट सिस्टम का परीक्षण किया जाता है। नासा ने कहा कि ठंडे मौसम के कारण परीक्षण के दौरान कई समस्याओं का सामना करना पड़ा।
  • अंतरिक्ष में दिखेंगे उल्का बारिश, सूर्य ग्रहण, क्रिसेंट मून के अद्भुत नजारे! नोट कर लें फरवरी के ये दिन
    अंतरिक्ष की रोचक घटनाओं में रुचि रखने वालों के लिए फरवरी का महीना बहुत ही खास होने वाला है। अगर आप भी उन लोगों में से हैं जिन्हें अंतरिक्ष में ग्रहों और तारों की आंख मिचौली, उल्काओं की बरसात और ऐसी ही अन्य घटनाएं देखना पसंद है तो तैयार हो जाइए। फरवरी की शुरुआत से लेकर अंत तक कई खगोलीय घटनाएं इस महीने में होने वाली है। शुरुआत बर्फीले चंद्रमा (Snow Moon) से हो चुकी है।
  • 100 फीट बड़े 4 एस्टरॉयड धरती से टकराने वाले हैं? जानें NASA का अलर्ट
    जेट प्रॉपल्शन लेबोरेटरी (JPL) की ओर से आज 4 एस्टरॉयड्स के लिए अलर्ट जारी किया गया है। ये एस्टरॉयड धरती के करीब आने वाले हैं। ये 100 फीट तक बड़े हैं। इस साइज का कोई एस्टरॉयड अगर पृथ्वी से टकरा जाता है तो भारी तबाही ला सकता है।
  • 2032 में चांद से टकराएगा एस्टरॉयड! पृथ्वी पर मचेगी तबाही?
    Asteroid 2024 YR4 को लेकर कहा गया है कि 22 दिसंबर 2032 को यह चंद्रमा से टकरा सकता है। शोधकर्ता कह रहे हैं कि इसका असर पूरी दुनिया पर देखने को मिल सकता है। Tsinghua यूनिवर्सिटी के Yifan He द्वारा रिलीज किए गए एक पेपर में कहा गया है कि इस टक्कर से एक मध्यम आकार के थर्मोन्यूक्लियर विस्फोट के बराबर ऊर्जा निकलेगी।
  • 150 साल तक जी सकेगा इंसान! नई स्टडी पर एक्सपर्ट्स का जवाब
    क्या यह संभव है कि मनुष्य 150 साल तक जी सके? और सिर्फ जीना ही नहीं, एक स्वस्थ लम्बा जीवन! वैज्ञानिकों के लिए यह बहस का विषय है कि आदमी 150 साल तक जीवित रह सकता है या नहीं? एक जर्नल में 150 साल की आयु को संभव बनाना एक काल्पनिक विचार कहा गया है। लेकिन वहीं, कुछ शोधकर्ता कह रहे हैं कि मनुष्य दीर्घ आयु के संबंध में एक बड़ी उपलब्धि पाने के कगार पर है।
  • धरती में कहां से आया था पानी? अब चांद की मिट्टी से निकली बिल्कुल नई कहानी
    NASA की एक नई स्टडी ने धरती पर पानी की उत्पत्ति को लेकर अहम जानकारी दी है। अपोलो मिशनों के दौरान चांद से लाए गए सैंपल्स के विश्लेषण में वैज्ञानिकों को संकेत मिले हैं कि उल्कापिंडों ने धरती पर सिर्फ सीमित मात्रा में पानी पहुंचाया था। रिसर्च के मुताबिक, पृथ्वी का अधिकांश पानी उसके बनने के शुरुआती दौर में मौजूद मटेरियल से ही आया था। इस स्टडी में ट्रिपल ऑक्सीजन आइसोटोप्स का इस्तेमाल किया गया, जिससे अरबों साल पुराने इम्पैक्ट्स का रिकॉर्ड समझना संभव हुआ है।
  • Asteroid Alert: बिजली सी स्पीड वाले 2 बड़े एस्टरॉयड का आज पृथ्वी की तरफ निशाना
    अंतरिक्ष एजेंसी NASA एस्टरॉयड्स लगातार ट्रैक करती है क्योंकि कई बार ये पृथ्वी के बहुत नजदीक से गुजरते हैं। नासा ने आज फिर से 2 बड़े एस्ट्रॉयड के पृथ्वी के करीब आने का अलर्ट जारी किया है। इनमें से एक एस्टरॉयड किसी घर के जितना बड़ा बताया गया है जबकि दूसरा एस्टरॉयड हवाई जहाज जितना बड़ा बताया गया है।
  • चांद से टकराया था एस्टरॉयड? चट्टानों के टुकड़ों ने खोला पुराना राज!
    एक नई स्टडी में दावा किया गया है कि चांद से एस्टरॉयड की टक्कर ने इसका रूप बदल दिया। चीन के Chang'e-6 मिशन के सैम्पल बताते हैं कि इनमें पोटाशियम के भारी आइसोटोप मौजूद हैं। ये इस बात का सबूत हैं कि एक विशाल टक्कर से निकली गर्मी ने हल्के तत्वों को अंतरिक्ष की ओर धकेल दिया होगा। इसने चांद का ढांचा ही बदल दिया।
  • आसमान से आफत! 74 फीट बड़ा चट्टानी टुकड़ा आ रहा पृथ्वी के पास
    नासा की जेट प्रॉपल्शन लेबोरेटरी ने कुछ ही घंटे में पृथ्वी के नजदीक आने वाले एक एस्टरॉयड के लिए अलर्ट जारी किया है। इसका नाम 2026 BG2 एस्टरॉयड है। Asteroid 2026 BG2 के बारे में JPL ने बताया है कि यह 74 फीट बड़ा है। यानि कि करीबन 100 फीट का ये चट्टानी टुकड़ा अब धरती की ओर तेजी से बढ़ रहा है।
  • चांद पर भेजें अपना नाम, NASA दे रहा है Free मौका, यहां जानें रजिस्टर करने का तरीका
    NASA अपने Artemis प्रोग्राम के तहत Artemis II मिशन लॉन्च करने की तैयारी कर रही है, जो इंसानों को अब तक की सबसे दूर की मानव अंतरिक्ष यात्रा पर ले जाएगा। इस मिशन में चार एस्ट्रोनॉट्स चांद के चारों ओर 10 दिन की यात्रा करेंगे। NASA ने इस मिशन के साथ आम लोगों को भी जोड़ते हुए “Send Your Name with Artemis” पहल शुरू की है। 21 जनवरी तक नाम रजिस्टर करने पर यूजर्स को डिजिटल बोर्डिंग पास मिलेगा और उनका नाम Orion स्पेसक्राफ्ट के जरिए चांद तक जाएगा।
  • 3 चट्टानों की होगी पृथ्वी से टक्कर? एस्टरॉयड को लेकर नासा अलर्ट
    नासा ने आज 3 बड़े एस्टरॉयड के लिए अलर्ट जारी किया है। ये चट्टानें आज धरती के करीब आने वाली हैं। पहले एस्टरॉयड का नाम एस्टरॉयड 2026 BT है जो कि 19 फीट चौड़ा है। इसके अलावा दो और एस्टरॉयड आज पृथ्वी की तरफ आ रहे हैं। दूसरे एस्टरॉयड का नाम एस्टरॉयड 2026 BH1 है जो कि 36 फीट बड़ा है। यह एक बस जितना बड़ा है। तीसरा एस्टरॉयड 2026 BL है। इसका साइज 12 फीट है।
  • झील में डूबी थी 5200 साल पुरानी नाव, जो मिला उसने सबको कर दिया हैरान!
    उत्तरी अमरीका में वैज्ञानिकों को पानी के नीचे प्राचीन लकड़ियों की नौकाएं मिली हैं। ये नौकाएं मेंडोटा झील की तलहटी में पड़ी थीं। 5200 साल पुरानी नाव डूबी मिली हैं। नाव इतनी पुरानी हैं जिसके आगे मिस्र के पिरामिड भी नए हैं। हैरान करने वाली बात यह थी कि इस नाव को ऐसी लकड़ी से बनाया गया था जो पानी को बहुत जल्दी सोखने लगती है। ऐसे में नाव कैसे तैरी होगी, इस बात ने वैज्ञानिकों को सोचने पर मजबूर कर दिया है।

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