NASA के Perseverance रोवर ने बनाया मंगल ग्रह पर सबसे लंबी ड्राइव का रिकॉर्ड

इस रोवर की 19 जून कोरिकॉर्ड बनाने वाली ड्राइव मंगल ग्रह पर चट्टानों के नमूनों को एकत्र करने के इसके मिशन का हिस्सा थी

NASA के Perseverance रोवर ने बनाया मंगल ग्रह पर सबसे लंबी ड्राइव का रिकॉर्ड

यह रोवर ड्राइव के साथ इमेजेज को प्रोसेस और एनालाइज कर सकता है

ख़ास बातें
  • इसने चट्टानों से भरी सतह पर 411 मीटर से अधिक की दूरी तक ड्राइव किया है
  • मंगल ग्रह पर अन्य रोवर्स की तुलना में इसकी स्पीड भी अधिक रही है
  • मंगल ग्रह पर लैंडिंग के बाद से इस रोवर ने काफी प्रगति की है
विज्ञापन
अमेरिकी स्पेस एजेंसी NASA के Perseverance रोवर ने मंगल ग्रह पर सबसे लंबी ड्राइव को पूरा कर नया रिकॉर्ड बनाा है। Perseverance ने चट्टानों से भरी सतह पर 411 मीटर से कुछ अधिक की दूरी को पूरा किया है। 

NASA के Curiosity और  Opportunity जैसे मंगल ग्रह पर अन्य रोवर्स की तुलना में इसकी स्पीड भी अधिक रही है। Science Alert की एक रिपोर्ट के अनुसार, Perseverance के एडवांस्ड सेल्फ-ड्राइविंग सॉफ्टवेयर से यह ड्राइव के साथ इमेजेज को प्रोसेस और एनालाइज कर सकता है। Curiosity और Opportunity रोवर्स को आगे बढ़ने से पहले इमेजेज को कैप्चर और प्रोसेस करना पड़ता है। Perseverance में बेहतर कैपेसिटी होने से मंगल ग्रह पर नई खोज करने के उद्देश्य से वैज्ञानिकों के लिए संभावना बढ़ी है। लगभग चार वर्ष पहले मंगल ग्रह पर लैंडिंग के बाद से Perseverance ने काफी प्रगति की है। इसने 6.5 मीटर की टेस्ट ड्राइव से लेकर चुनौतियों से भरे रास्ते से निपटने में अच्छा प्रदर्शन किया है। 

Perseverance ने बिना मानवीय हस्तक्षेप के 700 मीटर की ऑटोनॉमस ड्राइव का रिकॉर्ड भी बनाया है। इस रोवर की 19 जून को रिकॉर्ड बनाने वाली ड्राइव मंगल ग्रह पर चट्टानों के नमूनों को एकत्र करने के इसके मिशन का हिस्सा थी। पिछले डेढ़ महीने से यह रोवर Jezero क्रेटर रिम की बाहरी ढलानों पर मौजूद Krokodillen पठार पर मिट्टी वाली चट्टानों की खोज कर रहा है। अगर चट्टानों के नमूनों में 'फिलोसिलिकेट्स' कहे जाने वाले मिनरल्स पाए जाते हैं तो इसका मतलब हो सकता है कि पहले इस ग्रह पर बड़ी मात्रा में पानी की मौजूदगी थी। 

इस रोवर ने क्रोकोडिलेन पठार पर मिट्टी वाली ऐसी चट्टानों की खोज की है जो कमजोर हैं और आसानी से टूट सकती हैं। हाल ही में चीन के Zhurong rover की मदद से वैज्ञानिकों ने ऐस प्रमाण जुटाए थे जिनसे सकेत मिला था कि अरबों वर्ष पहले मंगल ग्रह पर महासागर था। मंगल के उत्तरी निचले इलाकों में लगभग चार वर्ष पहले यह रोवर उतरा था।  इस दौरान जुटाए गए डेटा से वहां प्राचीन तटीय रेखा की मौजूदगी दर्शाने वाली भूगर्भीय विशेषताओं का भी पता चला था। इस रोवर ने प्रमाण हासिल करने के लिए यूटोपिया प्लैनिटिया कहे जाने वाले स्थान पर एक चट्टान का विश्लेषण किया था। 
 
Comments

लेटेस्ट टेक न्यूज़, स्मार्टफोन रिव्यू और लोकप्रिय मोबाइल पर मिलने वाले एक्सक्लूसिव ऑफर के लिए गैजेट्स 360 एंड्रॉयड ऐप डाउनलोड करें और हमें गूगल समाचार पर फॉलो करें।

आकाश आनंद

Gadgets 360 में आकाश आनंद डिप्टी न्यूज एडिटर हैं। उनके पास प्रमुख ...और भी

Share on Facebook Gadgets360 Twitter ShareTweet Share Snapchat Reddit आपकी राय google-newsGoogle News
Turbo Read

विज्ञापन

Follow Us

विज्ञापन

#ताज़ा ख़बरें
  1. Bitcoin की सबसे बड़ी कॉरपोरेट होल्डर को लगा झटका, प्राइस गिरने से अरबों डॉलर का नुकसान
  2. Redmi भारत में ला रही पावरफुल डिवाइस, Amazon पर टीजर से मची हलचल!
  3. Motorola Razr Fold जल्द होगा भारत में लॉन्च, 50 मेगापिक्सल का Sony प्राइमरी कैमरा 
  4. Prime Video पर दिखेगा MX Player का कंटेंट, फ्री और पेड शो एक जगह!
  5. नासा ने दिया 2 एस्टरॉयड के लिए अलर्ट, आज होगा पृथ्वी से सामना!
  6. Realme 16x जल्द होगा भारत में लॉन्च, BIS पर हुई लिस्टिंग
  7. WhatsApp में आया Business AI, ऑटोमेटेड चैट और कस्टमर सपोर्ट में होगी मदद
  8. 10,400mAh बैटरी, फिर भी दुनिया का सबसे पतला फ्लैगशिप टैबलेट! Huawei MatePad Pro Max हुआ लॉन्च
  9. Amazon Great Summer Sale में iQOO 15, 15R, iQOO Z11x जैसे फोन 11 हजार तक सस्ते खरीदें! धमाका डील्स
  10. Vodafone idea ने PhysicsWallah के साथ Vi Edu+ प्रीपेड प्लान किया लॉन्च, जानें सबकुछ
© Copyright Red Pixels Ventures Limited 2026. All rights reserved.
ट्रेंडिंग प्रॉडक्ट्स »
लेटेस्ट टेक ख़बरें »