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समय पर नहीं बचाया, तो पृथ्वी पर गिर जाएगा NASA का 22 साल पुराना टेलीस्कोप, अब शुरू होगा रेस्क्यू मिशन

NASA 22 साल पुराने Swift Observatory को बचाने के लिए 30 जून को Swift Boost मिशन लॉन्च करेगा। अगर मिशन सफल रहा तो पहली बार किसी पुराने स्पेस टेलीस्कोप की कक्षा बढ़ाकर उसकी उम्र बढ़ाई जाएगी।

समय पर नहीं बचाया, तो पृथ्वी पर गिर जाएगा NASA का 22 साल पुराना टेलीस्कोप, अब शुरू होगा रेस्क्यू मिशन

Photo Credit: Screengrab from YouTube/@NASAGoddard

NASA 22 साल पुराने Swift Observatory को बचाने के लिए खास मिशन लॉन्च करेगा

ख़ास बातें
  • 22 साल पुराने Swift टेलीस्कोप को बचाने की तैयारी
  • 30 जून को लॉन्च होगा NASA का Swift Boost मिशन
  • सफल रहा मिशन तो 5 साल और करेगा वैज्ञानिक रिसर्च
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NASA करीब 22 साल पुराने अपने Swift Observatory स्पेस टेलीस्कोप को बचाने की तैयारी कर रहा है। यह टेलीस्कोप पृथ्वी की कक्षा से धीरे-धीरे नीचे आ रहा है और अगर कुछ नहीं किया गया तो साल के आखिर तक पृथ्वी के वातावरण में प्रवेश कर जलकर खत्म हो सकता है। एक रिपोर्ट के मुताबिक, NASA इसे बचाने के लिए 30 जून को "Swift Boost" मिशन लॉन्च करेगा। अगर यह मिशन सफल रहा, तो अंतरिक्ष इतिहास में पहली बार किसी पुराने स्पेस टेलीस्कोप की कक्षा बढ़ाकर उसकी उम्र बढ़ाई जाएगी।

Swift Observatory को NASA ने साल 2004 में लॉन्च किया था। इसकी मूल मिशन अवधि सिर्फ दो साल थी, लेकिन यह पिछले दो दशकों से लगातार काम कर रहा है। यह टेलीस्कोप गामा-रे बर्स्ट (Gamma-Ray Bursts) जैसी बेहद पावरफुल कॉस्मिक घटनाओं का पता लगाने के लिए जाना जाता है। NASA का कहना है कि Swift कुछ ही मिनटों में नए स्पेस इवेंट की ओर खुद को घुमा सकता है, जबकि दूसरे बड़े स्पेस टेलीस्कोप्स को इसमें काफी ज्यादा समय लग सकता है।

हाल के वर्षों में सौर तूफानों (Solar Storms) की वजह से पृथ्वी के ऊपरी वातावरण में ड्रैग बढ़ गया है। इसी कारण Swift Observatory की कक्षा तेजी से नीचे आ रही है। NASA का अनुमान है कि अगर कोई कदम नहीं उठाया गया, तो यह साल के अंत तक पृथ्वी के वातावरण में प्रवेश कर नष्ट हो सकता है।

NASA ने इस मिशन के लिए अमेरिका की स्पेस कंपनी Katalyst Space को चुना है। कंपनी का छोटा स्पेसक्राफ्ट Link Swift Observatory तक पहुंचेगा और रोबोटिक आर्म्स की मदद से उसे पकड़कर धीरे-धीरे ऊंची कक्षा में पहुंचाने की कोशिश करेगा। अगर मिशन सफल रहता है, तो Swift Observatory कम से कम पांच साल और वैज्ञानिक रिसर्च कर सकेगा।

NASA के मुताबिक, यह मिशन कई मायनों में ऐतिहासिक होगा। पहली बार किसी ऐसे स्पेस टेलीस्कोप को बचाने की कोशिश की जा रही है, जिसे शुरुआत से सर्विसिंग के लिए डिजाइन ही नहीं किया गया था। Katalyst Space ने इस मिशन के लिए Link स्पेसक्राफ्ट को करीब नौ महीने में तैयार किया है, जिसे भी बड़ी उपलब्धि माना जा रहा है।

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नितेश पपनोई Nitesh has almost seven years of experience in news writing and reviewing tech products like smartphones, headphones, and smartwatches. At Gadgets 360, he is covering all ...और भी

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