• होम
  • इंटरनेट
  • ख़बरें
  • सॉफ्टवेयर इंजीनियर्स को TCS, Infosys से कहीं ज्यादा सैलरी देते हैं स्टार्टअप्स

सॉफ्टवेयर इंजीनियर्स को TCS, Infosys से कहीं ज्यादा सैलरी देते हैं स्टार्टअप्स

IT हायरिंग में कंपनियों की मदद करने वाले स्टार्टअप Weekday के एक सर्वे में सॉफ्टवेयर इंजीनियर्स की सैलरी का एनालिसिस किया गया है

सॉफ्टवेयर इंजीनियर्स को TCS, Infosys से कहीं ज्यादा सैलरी देते हैं स्टार्टअप्स

Sharechat में सॉफ्टवेयर इंजीनियर्स को सबसे अधिक वार्षिक सैलरी पैकेज मिलता है

ख़ास बातें
  • एक सर्वे से पता चला है कि स्टार्टअप्स इंजीनियर्स को अधिक सैलरी देते हैं
  • अन्य प्रोफेशंस के साथ तुलना पर सॉफ्टवेयर इंजीनियर्स की सैलरी अधिक है
  • सर्वे में 50,000 से अधिक इंजीनियर्स के डेटा को शामिल किया गया था
विज्ञापन
भारत को इनफॉर्मेशन टेक्नोलॉजी (IT) इंडस्ट्री का टैलेंट हब माना जाता है। इन सेक्टर में काम करने वाले सॉफ्टवेयर इंजीनियर्स को आकर्षक सैलरी पैकेज मिलना भी सामान्य है। हालांकि, ऐसा सभी मामलों में नहीं होता। एक सर्वे से पता चला है कि स्टार्टअप्स में काम करने वाले इंजीनियर्स को बड़ी IT कंपनियों की तुलना में अधिक सैलरी मिलती है।

हालांकि, अन्य प्रोफेशंस के साथ तुलना करने पर सॉफ्टवेयर इंजीनियर्स की सैलरी अधिक है। IT हायरिंग में कंपनियों की मदद करने वाले स्टार्टअप Weekday के एक सर्वे में सॉफ्टवेयर इंजीनियर्स की सैलरी का एनालिसिस किया गया है। इसमें 50,000 से अधिक इंजीनियर्स के सैलरी डेटा को शामिल किया गया था। Weekday के डेटा के अनुसार, Sharechat, CRED, Meesho, Swiggy और बहुत से अन्य स्टार्टअप्स में काम करने वाले इंजीनियर्स का सालाना पैकेज टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज (TCS) और Infosys जैसी ग्लोबल IT कंपनियों की तुलना में काफी ज्यादा है।  

इस स्टार्टअप्स में Sharechat मिड-लेवल के सॉफ्टवेयर इंजीनियर्स को सबसे अधिक सैलरी देती है। Sharechat में लगभग चार वर्ष के एक्सपीरिएंस वाले सॉफ्टवेयर इंजीनियर्स को लगभग 47 लाख रुपये का वार्षिक सैलरी पैकेज मिलता है। इसके बाद CRED और Meesho हैं, जिनमें क्रमशः 40 लाख रुपये और 39 लाख रुपये का पैकेज दिया जाता है।

कोरोना के दौरान बहुत सी बड़ी सॉफ्टवेयर कंपनियों ने एंप्लॉयीज को वर्क फ्रॉम होम की सुविधा दी थी। हालांकि, ये कंपनियां अब एंप्लॉयीज पर ऑफिस आने का दबाव बना रही हैं। TCS ने अपने स्टाफ को सप्ताह में कम से कम तीन दिन ऑफिस से काम करने के लिए कहा है। कंपनी ने एंप्लॉयीज को भेजी ईमेल में बताया है कि उसने अपने सुपरवाइजर की ओर से बनाए गए रोस्टर के अनुसार एक सप्ताह में तीन दिन ऑफिस से काम करना होगा। इसका उल्लंघन करने वाले एंप्लॉयीज के खिलााफ कंपनी की ओर से कार्रवाई की जा सकती है। हालांकि, ईमेल में इसके लिए कोई समयसीमा नहीं दी गई है। एंप्लॉयीज से अधिक जानकारी के लिए उनके HR बिजनेस पार्टनर्स से संपर्क करने को कहा गया है। कुछ सप्ताह पहले TCS ने ट्विटर, फेसबुक और इंस्टाग्राम जैसे सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स के जरिए एंप्लॉयीज को ऑफिस आने के लिए प्रोत्साहित किया था। TCS ने 25x25 प्लान बनाया है। यह एक नया ऑपरेटिंग मॉडल है जिसमें किसी भी समय उसकी वर्कफोर्स के केवल 25 प्रतिशत को ऑफिस में मौजूद रहना होगा। इस प्लान को अगले तीन वर्षों में पूरी तरह लागू किया जाएगा। 
Comments

लेटेस्ट टेक न्यूज़, स्मार्टफोन रिव्यू और लोकप्रिय मोबाइल पर मिलने वाले एक्सक्लूसिव ऑफर के लिए गैजेट्स 360 एंड्रॉयड ऐप डाउनलोड करें और हमें गूगल समाचार पर फॉलो करें।

आकाश आनंद

Gadgets 360 में आकाश आनंद डिप्टी न्यूज एडिटर हैं। उनके पास प्रमुख ...और भी

Share on Facebook Gadgets360 Twitter ShareTweet Share Snapchat Reddit आपकी राय google-newsGoogle News

विज्ञापन

Follow Us

विज्ञापन

#ताज़ा ख़बरें
  1. भारत में बढ़ सकती है Tesla की सेल्स, Model Y L के लिए मजबूत डिमांड
  2. Moto G77 Power कल होगा भारत में लॉन्च, 7,000mAh की बैटरी
  3. Vivo T5 Lite 5G जल्द होगा भारत में लॉन्च, 6,500mAh की बैटरी
  4. क्या और महंगे होंगे मोबाइल-लैपटॉप? Samsung समेत कंपनियां बढ़ाएंगी RAM की कीमत
  5. Motorola Edge 70 Max जल्द होगा भारत में लॉन्च, Snapdragon 8 Gen 5 हो सकता है चिपसेट
  6. Samsung Galaxy A27 5G की भारत में सेल शुरू, लिमिटेड टाइम के लिए ₹3 हजार का डिस्काउंट!
  7. iQOO Z11 Lite का टीजर जारी, जल्द होगा भारत में लॉन्च, जानें सबकुछ
  8. Vivo X300e में मिल सकता है 6.59 इंच डिस्प्ले, 3C पर हुई लिस्टिंग
  9. मोबाइल ऐप से बंद हुए बैटरी रिक्शा, अब Google और Apple को हटानी होंगी ऐसी ऐप्स
  10. ई-रिक्शा के बाद अब ATM हो रहे हैं बंद? मोबाइल ऐप से कंट्रोल करने का वीडियो वायरल
© Copyright Red Pixels Ventures Limited 2026. All rights reserved.
ट्रेंडिंग प्रॉडक्ट्स »
लेटेस्ट टेक ख़बरें »