• होम
  • electric vehicle
  • ख़बरें
  • EV की चार्जिंग की डिमांड को पूरा करने के लिए 16,000 करोड़ रुपये के खर्च की जरूरत

EV की चार्जिंग की डिमांड को पूरा करने के लिए 16,000 करोड़ रुपये के खर्च की जरूरत

दिल्ली, उत्तर प्रदेश और गुजरात में कोई नहीं या कम फिक्स्ड टैरिफ है। हालांकि, कुछ अन्य राज्यों में चार्जिंग के लिए फिक्स्ड टैरिफ अधिक है। इस वजह से चुनौती बढ़ जाती है

EV की चार्जिंग की डिमांड को पूरा करने के लिए 16,000 करोड़ रुपये के खर्च की जरूरत

EV की सेल्स को बढ़ाने के लिए हाल ही में केंद्र सरकार ने दो योजनाओं को स्वीकृति दी है

ख़ास बातें
  • EV को बढ़ावा देने के लिए केंद्र सरकार की ओर से भी उपाय किए गए हैं
  • दिल्ली, उत्तर प्रदेश और गुजरात में कोई नहीं या कम फिक्स्ड टैरिफ है
  • कुछ अन्य राज्यों में चार्जिंग के लिए फिक्स्ड टैरिफ अधिक है
विज्ञापन
पिछले कुछ वर्षों में इलेक्ट्रिक व्हीकल्स (EV) की बिक्री तेजी से बढ़ी है। देश में EV के लिए पब्लिक चार्जिंग की डिमांड को पूरा करने के लिए 2030 तक लगभग 16,000 करोड़ रुपये के कैपिटल एक्सपेंडिचर की जररूत है। EV को बढ़ावा देने के लिए केंद्र सरकार की ओर से भी उपाय किए गए हैं। 

FICCI EV पब्लिक चार्जि्ंग इंफ्रास्ट्रक्चर रोडमैप 2030 रिपोर्ट में यह जानकारी दी गई है। इस रिपोर्ट में 700 से अधिक शहरों का विश्लेषण किया गया था। इनमें से टॉप 20 शहरों और 20 हाइवे के लिए पब्लिक चार्जिंग इंफ्रास्ट्रक्चर को बढ़ाने के लिए प्रायरिटी दी जा सकती है। इस रिपोर्ट में बताया गया है, "इन टॉप 40 शहरों में अगले तीन-पांच वर्षों में EV की संख्या अधिक होने का अनुमान है। इन 40 शहरों को जोड़ने वाले 20 हाइवे के जरिए व्हीकल्स के ट्रैफिक का लगभग 50 प्रतिशत योगदान होता है।" 

दिल्ली, उत्तर प्रदेश और गुजरात में कोई नहीं या कम फिक्स्ड टैरिफ है। हालांकि, कुछ अन्य राज्यों में चार्जिंग के लिए फिक्स्ड टैरिफ अधिक है। इस वजह से चुनौती बढ़ जाती है। इस रिपोर्ट में कहा गया है कि एक समान चार्जिंग फ्रेमवर्क रखने के लिए सभी राज्यों को पावर मिनिस्ट्री की हाल की गाइडलाइंस का पालन करना चाहिए। EV की संख्या के लिहाज से राजधानी दिल्ली का अग्रणी स्थान है। दिल्ली में व्हीकल्स के कुल रजिस्ट्रेशंस में से लगभग 11.5 प्रतिशत EV हैं। राजधानी में इलेक्ट्रिक व्हीकल्स के लिए चार्जिंग इंफ्रास्ट्रक्चर को भी तेजी से बढ़ाया जा रहा है। दिल्ली में कुल व्हीकल्स में से लगभग 11.5 प्रतिशत EV हैं। इसके बाद केरल 11.1 प्रतिशत EV के साथ है। इस लिस्ट में तीसरे स्थान पर असम है। असम में कुल व्हीकल्स में से EV की हिस्सेदारी लगभग 10 प्रतिशत की है, जिनमें बड़ी संख्या इलेक्ट्रिक टू-व्हीलर्स और थ्री-व्हीलर्स की है। 

EV की सेल्स को बढ़ाने के लिए हाल ही में केंद्र सरकार ने 14,335 करोड़ रुपये की दो योजनाओं को स्वीकृति दी है। इसका उद्देश्य बसों,  एंबुलेंस और ट्रकों सहित EV को बढ़ावा देना और पॉल्यूशन को घटाना है। इन योजनाओं में PM Electric Drive Revolution in Innovative Vehicle Enhancement (PM E-DRIVE) और PM-eBus Sewa-Payment Security Mechanism (PSM) शामिल हैं। PM E-DRIVE के लिए लगभग 10,900 करोड़ रुपये और PSM के लिए लगभग 3,435 करोड़ रुपये का आवंटन किया जाएगा। PM E-DRIVE के तहत, इलेक्ट्रिक टू-व्हीलर्स, इलेक्ट्रिक थ्री-व्हीलर्स, इलेक्ट्रिक एंबुलेंस और इलेक्ट्रिक ट्रकों के लिए 3,679 करोड़ रुपये की सब्सिडी/डिमांड इंसेंटिव उपलब्ध कराए जाएंगे। 


 
Comments

लेटेस्ट टेक न्यूज़, स्मार्टफोन रिव्यू और लोकप्रिय मोबाइल पर मिलने वाले एक्सक्लूसिव ऑफर के लिए गैजेट्स 360 एंड्रॉयड ऐप डाउनलोड करें और हमें गूगल समाचार पर फॉलो करें।

आकाश आनंद

Gadgets 360 में आकाश आनंद डिप्टी न्यूज एडिटर हैं। उनके पास प्रमुख ...और भी

Share on Facebook Gadgets360 Twitter ShareTweet Share Snapchat Reddit आपकी राय google-newsGoogle News

विज्ञापन

Follow Us

विज्ञापन

#ताज़ा ख़बरें
  1. Bitcoin में गिरावट बरकरार, 65,000 डॉलर से नीचे गिरा प्राइस
  2. Xiaomi Pad 8 जल्द होगा भारत में लॉन्च, 9,200mAh की बैटरी
  3. Nothing ने लॉन्च से पहले दिखाया अपकमिंग Phone 4a का डिजाइन, 5 मार्च को भारत में देगा दस्तक
  4. Ola Electric की 150 स्टोर्स बंद करने की तैयारी, सेल्स में गिरावट है कारण
  5. भारत के इस राज्य में 16 वर्ष से कम उम्र के बच्चों के लिए स्मार्टफोन के इस्तेमाल पर लग सकती है रोक....
  6. AI के जरिए अब चौबीसों घंटे मिलेगी वीजा हेल्प, BLS ने मशीनों में जोड़ा Voicebot
  7. Apple मार्च इवेंट में लॉन्च करेगा iPhone 17e, Mac और iPad जैसे 5 नए प्रोडक्ट
  8. Apple जल्द लॉन्च कर सकती है iPhone 17e और कम प्राइस वाला MacBook
  9. अब AI से पूछे किसने आपको WhatsApp पर ब्लॉक किया है या नहीं
  10. AI बनाम इंसान पर Zoho फाउंडर श्रीधर वेम्बू और OpenAI के CEO आमने-सामने, जानें पूरा मामला
© Copyright Red Pixels Ventures Limited 2026. All rights reserved.
ट्रेंडिंग प्रॉडक्ट्स »
लेटेस्ट टेक ख़बरें »