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AI के इस्तेमाल में आगे हैं भारतीय कंपनियां, वर्ल्ड इकोनॉमिक फोरम की रिपोर्ट

WEF ने बताया है कि टैलेंट की जरूरतों को पूरा करने के लिए 67 प्रतिशत कंपनियां विविध टैलेंट पूल्स का इस्तेमाल करने की योजना बना रही हैं

AI के इस्तेमाल में आगे हैं भारतीय कंपनियां, वर्ल्ड इकोनॉमिक फोरम की रिपोर्ट

भारत और अमेरिका में बड़ी संख्या में AI से जुड़ी हायरिंग की जा रही है

ख़ास बातें
  • भारतीय कंपनियां AI और रोबोटिक्स में काफी इनवेस्टमेंट कर रही हैं
  • देश में बिग डेटा स्पेशिलिस्ट, AI की जॉब्स बढ़ रही हैं
  • AI से जुड़े स्किल्स की बढ़ती डिमांड से जॉब मार्केट में बदलाव हो रहा है
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पिछले कुछ वर्षों में देश की कंपनियों ने टेक्नोलॉजी के इस्तेमाल में काफी प्रगति की है। वर्ल्ड इकोनॉमिक फोरम (WEF) ने एक रिपोर्ट में बताया है कि भारतीय कंपनियां महत्वपूर्ण टेक्नोलॉजीज के इस्तेमाल में इंटरनेशनल लेवल पर तेजी से आगे बढ़ रही हैं। इन टेक्नोलॉजीज में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) और रोबोटिक्स शामिल हैं। 

फ्यूचर ऑफ जॉब्स रिपोर्ट में कहा गया है कि देश में 2030 तक जॉब्स के फ्यूचर को आकार देने में बढ़ते हुए डिजिटल एक्सेस, कुछ देशों के बीच तनाव और क्लाइमेट चेंज से निपटने की कोशिशें प्रमुख ट्रेंड होंगे। भारत में कंपनियां AI, रोबोटिक्स और ऑटोनॉमस सिस्टम्स में काफी इनवेस्टमेंट कर रही हैं। इस वजह से देश में बिग डेटा स्पेशिलिस्ट्स, AI और मशीन लर्निंग स्पेशिलिस्ट्स की जॉब्स बढ़ रही हैं। WEF ने बताया है कि टैलेंट की जरूरतों को पूरा करने के लिए 67 प्रतिशत कंपनियां विविध टैलेंट पूल्स का इस्तेमाल करने की योजना बना रही हैं। इसके साथ ही लगभग 30 प्रतिशत कंपनियां डिग्री की जरूरत को हटाकर स्किल बेस्ड हायरिंग करने पर विचार कर रही हैं। 

इस रिपोर्ट में पूर्वानुमान दिया गया है कि 2030 तक लगभग 22 प्रतिशत जॉब्स पर असर पड़ेगा। इसके साथ ही लगभग 17 करोड़ नई जॉब्स बनेंगी। AI से जुड़े स्किल्स की बढ़ती डिमांड से जॉब मार्केट में बदलाव हो रहा है। भारत और अमेरिका में बड़ी संख्या में AI से जुड़ी हायरिंग की जा रही है। बड़ी टेक्नोलॉजी कंपनियों में शामिल Microsoft ने भारत में क्लाउड, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) और स्किलिंग में अगले दो वर्षों में तीन अरब डॉलर का इनवेस्टमेंट करने की योजना बनाई है। कंपनी की नए डेटा सेंटर्स बनाने की भी योजना है। अगले पांच वर्षों में माइक्रोसॉफ्ट लगभग एक करोड़ लोगों को AI स्किल्स की ट्रेनिंग देगी। 

इस सप्ताह की शुरुआत में कंपनी के चीफ एग्जिक्यूटिव ऑफिसर, Satya Nadella ने बेंगलुरु में माइक्रोसॉफ्ट AI टुअर में बताया था, "भारत में हमारे सबसे बड़े एक्सपैंशन की घोषणा करते हुए मैं वास्तव में उत्साहित हूं। Azure कैपेसिटी को बढ़ाने के लिए हम तीन अरब डॉलर लगा रहे हैं।" भारत में माइक्रोसॉफ्ट के पास कई स्थानों पर Azure रीजन हैं। नडेला ने बताया था कि कंपनी ने Reliance Jio के साथ भी कैपेसिटी बनाई है। माइक्रोसॉफ्ट की योजना अगले पांच वर्षों में लगभग एक करोड़ लोगों को AI से जुड़े स्किल्स की ट्रेनिंग देने की है। 
 
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आकाश आनंद

Gadgets 360 में आकाश आनंद डिप्टी न्यूज एडिटर हैं। उनके पास प्रमुख ...और भी

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