पृथ्वी समेत सौरमंडल को हिलाने आ रहे हैं छोटे ब्लैक होल: स्टडी

ब्लैक होल हमेशा से ही अंतरिक्ष में रहस्य की तरह मौजूद रहे हैं।

पृथ्वी समेत सौरमंडल को हिलाने आ रहे हैं छोटे ब्लैक होल: स्टडी

ब्लैक होल हमेशा से ही अंतरिक्ष में रहस्य की तरह मौजूद रहे हैं।

ख़ास बातें
  • इसका बड़ा असर ग्रहों, और उनके उपग्रहों की कक्षा पर पड़ेगा।
  • वे अपने निर्धारित ऑर्बिट से डगमगा सकते हैं।
  • ब्लैक होल में फ‍ि‍ज‍िक्‍स का कोई नियम काम नहीं करता।
विज्ञापन
अंतरिक्ष में रुचि रखने वालों ने ब्लैक होल का नाम जरूर सुना होगा। ये अंतरिक्ष में मौजूद ऐसे स्थान होते हैं जिनके बारे में अभी तक कुछ भी नहीं जाना जा सका है। कहते हैं कि इनके भीतर से कोई वस्तु पार होकर नहीं जा सकती है। यहां तक कि रोशनी भी नहीं। अब अंतरिक्ष वैज्ञानिकों ने एक स्टडी की है जिसने उनकी चिंता को बहुत ज्यादा बढ़ा दिया है। 

स्टडी कहती है कि कुछ छोटे ब्लैक होल जो ब्रह्मांड की शुरुआत से बनते आ रहे हैं, पृथ्वी और सौरमंडल के अन्य ग्रहों की कक्षा को डगमगा सकते हैं। वैज्ञानिकों का कहना है कि अगर यह अनुमान सही साबित होता है, और ब्लैक होल सौरमंडल के आसपास से होकर गुजरते हैं तो इसका बड़ा असर ग्रहों, और उनके उपग्रहों की कक्षा पर पड़ेगा। वे अपने निर्धारित ऑर्बिट से डगमगा सकते हैं। कहा जा रहा है कि ये ब्लैक होल हर दस साल बाद सौरमंडल के पास होकर गुजरने वाले हैं। 

ब्लैक होल के मौजूद होने, और खुद को ब्रह्मांड की विशालता में छुपाए रखने की बात ही मन में बेचैनी पैदा करने के लिए बाकी है। इनके होने से जो प्रभाव पैदा हो सकता है, उसके संभावित परिणाम और भी ज्यादा चिंता पैदा करते हैं। वैज्ञानिक कह रहे हैं कि अगर ये रहस्यमी कॉस्मिक बॉडी सच में मौजूद हैं और अगर ये सोलर सिस्टम के करीब आती हैं तो सभी ग्रहों, उपग्रहों को प्रभावित कर सकती हैं। 'क्लोज एनकाउंटर ऑफ द प्रीमॉर्डियल काइंड: ए न्यू ऑब्जर्वेबल फॉर प्रीमॉर्डियल ब्लैक होल एज डार्क मैटर' नामक पेपर में इस खोज को प्रकाशित किया गया है। 

ब्लैक होल हमेशा से ही अंतरिक्ष में रहस्य की तरह मौजूद रहे हैं। हाल ही में खगोलविदों की एक टीम ने अबतक के सबसे दूर और पुराने ब्‍लैक होल का पता लगाया है। इस ब्‍लैक होल को बहुत पुरानी आकाशगंगा GN-z11 में देखा गया है, जो 13.4 अरब प्रकाश वर्ष दूर है। यह ब्लैक होल सूर्य से लगभग 60 लाख गुना बड़ा है और ऐसा लगता है कि यह अपनी आसपास की आकाशगंगा में मौजूद पदार्थों को 5 गुना ज्‍यादा तेजी से खा रहा है। 

खोज यह समझने में एक बड़ा कदम हो सकती है कि ब्रह्मांड के शुरुआती युगों में सुपरमैसिव ब्लैक होल सूर्य के लाखों अरब गुना द्रव्यमान तक कैसे पहुंचे। ब्‍लैक होल हमारे ब्रह्मांड में ऐसी जगहें हैं, जहां फ‍ि‍ज‍िक्‍स का कोई नियम काम नहीं करता। वहां सिर्फ गुरुत्वाकर्षण है और घना अंधेरा। ब्‍लैक होल्‍स का गुरुत्वाकर्षण इतना पावरफुल होता है, कि उसके असर से रोशनी भी नहीं बचती। जो भी चीज ब्‍लैक होल के अंदर जाती है, वह बाहर नहीं आ सकती।
 
Comments

लेटेस्ट टेक न्यूज़, स्मार्टफोन रिव्यू और लोकप्रिय मोबाइल पर मिलने वाले एक्सक्लूसिव ऑफर के लिए गैजेट्स 360 एंड्रॉयड ऐप डाउनलोड करें और हमें गूगल समाचार पर फॉलो करें।

हेमन्त कुमार

हेमन्त कुमार Gadgets 360 में सीनियर सब-एडिटर हैं और विभिन्न प्रकार के ...और भी

संबंधित ख़बरें

Share on Facebook Gadgets360 Twitter ShareTweet Share Snapchat Reddit आपकी राय google-newsGoogle News

विज्ञापन

Follow Us

विज्ञापन

#ताज़ा ख़बरें
  1. ₹84 प्रति महीना में 1 साल चलेगा मोबाइल रीचार्ज, Unlimited 5G डेटा भी! Jio का सबसे सस्ता वैलिडिटी प्लान
  2. 6000mAh बैटरी वाला बजट टैबलेट Teclast T60 Mini ग्लोबल मार्केट में लॉन्च, 8.8 इंच डिस्प्ले
  3. Amazon Great Indian Sale 2026 में ₹15,500 से सस्ते मिल रहे Redmi, Tecno स्मार्टफोन, 7000mAh बैटरी!
  4. Oppo Reno 17 सीरीज जल्द होगी लॉन्च, शुरू हुए प्री-ऑर्डर्स
  5. ₹3000 महंगे होंगे Lava स्मार्टफोन! 15 नवंबर से कीमतों में होगा बदलाव
  6. Vivo S70 में 64MP कैमरा के साथ मिलेगी 8000mAh बैटरी, OLED स्क्रीन!
  7. 32 इंच से 85 इंच तक बड़े 4K TV Xiaomi ने ग्लोबल मार्केट में किए लॉन्च
  8. ₹1500 सस्ता खरीदें Motorola का 5500mAh बैटरी वाला फोन, Flipkart सेल में ऑफर
  9. Binance में 6.3 अरब डॉलर की चोरी के बाद क्रिप्टो एक्सचेंजों ने मजबूत की सिक्योरिटी 
  10. Motorola Signature 27 लॉन्च से पहले हुआ लीक, मिलेगा 200MP कैमरा, 100x जूम फीचर!
© Copyright Red Pixels Ventures Limited 2026. All rights reserved.
ट्रेंडिंग प्रॉडक्ट्स »
लेटेस्ट टेक ख़बरें »