Swiggy, Blinkit, Zepto की बढ़ सकती है मुश्किल, CCI से हुई जांच की मांग

इस वर्ष क्विक कॉमर्स से जुड़ी कंपनियों की वार्षिक सेल्स छह अरब डॉलर से अधिक होने की संभावना है

Swiggy, Blinkit, Zepto की बढ़ सकती है मुश्किल, CCI से हुई जांच की मांग

इस सेगमेंट में Blinkit की हिस्सेदारी लगभग 40 प्रतिशत की है

ख़ास बातें
  • इस वर्ष इन कंपनियों की सेल्स छह अरब डॉलर से अधिक होने की संभावना है
  • इस मार्केट में Blinkit की हिस्सेदारी लगभग 40 प्रतिशत की है
  • इसमें Swiggy और Zepto प्रत्येक का मार्केट शेयर लगभग 30 प्रतिशत का है
विज्ञापन
पिछले कुछ वर्षों में देश में क्विक कॉमर्स का बिजनेस तेजी से बढ़ा है। इस सेगमेंट की बड़ी कंपनियों Blinkit, Swiggy और Zepto पर कथित तौर पर प्राइस घटाकर बिजनेस बढ़ाने का आरोप लगा है। क्विक कॉमर्स से जुड़ी कंपनियां ग्रॉसरी से लेकर इलेक्ट्रॉनिक्स तक की डिलीवरी 10 मिनटों तक की कम अवधि में करने का वादा करती हैं। 

ऑल इंडिया कंज्यूमर प्रोडक्ट्स डिस्ट्रीब्यूटर्स फेडरेशन (AICPDF) ने कॉम्पिटिशन कमीशन ऑफ इंडिया (CCI) को पिछले सप्ताह लिखे एक पत्र में बताया है कि क्विक कॉमर्स से जुड़ी कंपनियां कम प्राइसिंग या भारी डिस्काउंट देकर कस्टमर्स को खींचने का प्रयास कर रही हैं। Reuters ने इस पत्र को देखा है। इसमें CCI से सामान्य डिस्ट्रीब्यूटर्स और रिटेलर्स के हितों की सुरक्षा के लिए उपाय लागू करने का निवेदन किया गया है। बड़ी कंपनियों के लगभग चार लाख रिटेल डिस्ट्रीब्यूटर्स का प्रतिनिधित्व करने वाले AICPDF ने इस पत्र में कहा है कि इस प्रकार के तरीकों से सामान्य डिस्ट्रीब्यूटर्स और रिटेलर्स के लिए प्रतिस्पर्धा करना बहुत मुश्किल है। 

इस बारे में Reuters की ओर से भेजे गए प्रश्नों का CCI ने उत्तर नहीं दिया। AICPDF ने इस पत्र पर टिप्पणी करने से मना कर दिया। इस वर्ष क्विक कॉमर्स से जुड़ी कंपनियों की वार्षिक सेल्स छह अरब डॉलर से अधिक होने की संभावना है। मार्केट रिसर्च फर्म Datum Intelligence के अनुसार, इस मार्केट में Zomato के कंट्रोल वाली Blinkit की हिस्सेदारी लगभग 40 प्रतिशत की है। इसमें Swiggy और Zepto प्रत्येक का मार्केट शेयर लगभग 30 प्रतिशत का है। 

एक सरकारी अधिकारी ने Reuters को बताया कि किसी शिकायत में तथ्यों को सही पाए जाने पर CCI के पास जांच शुरू करने की पावर है। हाल ही में CCI की इनवेस्टिगेशन यूनिट ने पाया था कि Amazon और Flipkart जैसी बड़ी ई-कॉमर्स कंपनियों ने कम प्राइसिंग के तरीकों से कानूनों का उल्लंघन किया है। हालांकि, इन कंपनियों ने ऐसे आरोपों से इनकार किया है। क्विक कॉमर्स से जुड़ा बिजनेस तेजी से बढ़ रहा है। इस वर्ष Zomato का शेयर प्राइस दोगुना हुआ है। जापान के SoftBank के इनवेस्टमेंट वाली Swiggy की भी जल्द एक अरब डॉलर से अधिक का IPO लाने की योजना है। इन कंपनियों पर इससे पहले भी ऐसे आरोप लगे हैं। 
  
Comments

लेटेस्ट टेक न्यूज़, स्मार्टफोन रिव्यू और लोकप्रिय मोबाइल पर मिलने वाले एक्सक्लूसिव ऑफर के लिए गैजेट्स 360 एंड्रॉयड ऐप डाउनलोड करें और हमें गूगल समाचार पर फॉलो करें।

आकाश आनंद

Gadgets 360 में आकाश आनंद डिप्टी न्यूज एडिटर हैं। उनके पास प्रमुख ...और भी

Share on Facebook Gadgets360 Twitter ShareTweet Share Snapchat Reddit आपकी राय google-newsGoogle News

विज्ञापन

Follow Us

विज्ञापन

#ताज़ा ख़बरें
  1. शादी में मिला अनोखा टेक गिफ्ट, ₹ 3 लाख के करीब का तोहफा पाकर रो पड़ा दूल्हा! वीडियो वायरल
  2. Flipkart Big Billion Sale 2026: ₹10 हजार से ₹15 हजार में मिल रहे Mivi, Lava, Boltt के AI कैमरा फोन
  3. IND vs WI T20 Live Streaming: भारत-वेस्ट इंडीज के बीच T20 फाइनल मैच यहां देखें फ्री!
  4. Vivo V80 FE जल्द होगा भारत में लॉन्च, BIS सर्टिफिकेशन में स्पॉट, 7500mAh बैटरी!
  5. RedMagic 12 Pro ग्लोबल मार्केट में 3 नवंबर को होगा लॉन्च, 8400mAh बैटरी
  6. Lenovo ने सस्ता लैपटॉप ग्लोबल मार्केट में किया लॉन्च, Snapdragon X चिप से लैस
  7. Vi Prepaid Family Plan: Vi लाई फैमिली प्लान, अब फैमिली मेंबर्स को शेयर करें मोबाइल डेटा
  8. WhatsApp में बिना अकाउंट भी होगी वीडियो कॉल! Guest Calling फीचर का कमाल, ऐसे करेगा काम
  9. Flipkart Big Billion Sale 2026: ₹25 हजार से सस्ते खरीदें Vivo, Samsung, Nothing, Realme मिडरेंज फोन, 7000mAh बैटरी
  10. ₹6000 से सस्ता खरीदें Vivo का खूबसूरत फोन! 5500mAh बैटरी, FBBD सेल में गजब ऑफर
© Copyright Red Pixels Ventures Limited 2026. All rights reserved.
ट्रेंडिंग प्रॉडक्ट्स »
लेटेस्ट टेक ख़बरें »