Byd Evs

Byd Evs - ख़बरें

  • Elon Musk की Tesla को लगा बड़ा झटका, ग्लोबल मार्केट में टॉप EV सेलर बनी चीन की BYD
    पिछले वर्ष टेस्ला को पीछे छोड़कर BYD ने ग्लोबल मार्केट में सबसे अधिक EV बेचने की उपलब्धि हासिल की है। पिछले कुछ वर्षों में चाइनीज EV मेकर्स की बिक्री तेजी से बढ़ी है। इन कंपनियों से टेस्ला को कड़ी टक्कर मिल रही है। BYD के अलावा चीन की Geely और MG के EV के प्राइसेज कम होने से भी टेस्ला को मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है।
  • Tesla ने गुरूग्राम में खोला पहला सुपरचार्जर स्टेशन, 250 Kw की पीक स्पीड
    टेस्ला जल्द ही हैदराबाद, पुणे, चेन्नई, बेंगलुरु और जयपुर जैसे बड़े शहरों में चार्जिंग की यह सुविधा उपलब्ध कराने की तैयारी कर रही है। पिछले महीने कंपनी ने भारत में पहला फुल सेंटर गुरूग्राम में खोला था। कंपनी ने इसके साथ देश में अपनी वॉल्यूम और रिटेल मौजूदगी बढ़ाने की तैयारी की है। इस सेंटर में सेल्स, डिलीवरी, कस्टमर सर्विस और सपोर्ट जैसी सर्विसेज उपलब्ध कराई गई हैं।
  • Tesla ने बनाया रिकॉर्ड, चीन की फैक्टरी में 40 लाख EV की मैन्युफैक्चरिंग
    टेस्ला ने बताया कि शंघाई की गीगाफैक्टरी की अधिक मैन्युफैक्चरिंग एफिशिएंसी से कंपनी को अफोर्डेबल प्राइसेज पर कस्टमर्स को हाई-क्वालिटी व्हीकल्स की पेशकश करने में मदद मिलती है। यह कंपनी का इंटरनेशनल एक्सपोर्ट सेंटर भी है। हालांकि, टेस्ला ने अमेरिका में मैन्युफैक्चरिंग वाले अपने EVs में चीन में बने कंपोनेंट्स का इस्तेमाल नहीं करने का फैसला किया है।
  • Tesla के अमेरिकी EV में नहीं होगा चाइनीज पार्ट्स का इस्तेमाल
    इस महीने की शुरुआत में चाइना पैसेंजर कार एसोसिएशन के डेटा से पता चला है कि टेस्ला के चीन में बने इलेक्ट्रिक व्हीकल्स की सेल्स वर्ष-दर-वर्ष आधार पर अक्टूबर में 9.9 प्रतिशत घटकर 61,497 यूनिट्स की रही है। चीन के शंघाई में कंपनी की बड़ी फैक्टरी है। इस फैक्टरी में सितंबर में मॉडल 3 और मॉडल Y का एक्सपोर्ट्स सहित आउटपुट 32.3 प्रतिशत कम रहा है।
  • बिलिनेयर Elon Musk को मिलेगी 1 लाख करोड़ डॉलर की सैलरी, Tesla के शेयरहोल्डर्स ने दी मंजूरी
    यह किसी सीनियर कॉरपोरेट एग्जिक्यूटिव को मिलने वाला सबसे अधिक पैकेज है। टेस्ला के शेयरहोल्डर्स ने इसके लिए अनुमति दी है। हाल ही में मस्क ने कहा था कि अगर टेस्ला में उन्हें अधिक कंट्रोल नहीं मिलता तो वह इससे चीफ एग्जिक्यूटिव की पोस्ट से हट सकते हैं या अपनी अन्य कंपनियों पर ज्यादा ध्यान दे सकते हैं। इस वजह से कंपनी के लिए उनके सैलरी पैकेज पर वोटिंग महत्वपूर्ण थी।
  • Bugatti, Rimac या Ferrari नही, बल्कि यह चाइनीज इलेक्ट्रिक कार है दुनिया की सबसे तेज कार!
    दुनिया की सबसे तेज कारों की जब भी बात होती है, आमतौर पर Bugatti, Ferrari या फिर Rimac जैसे यूरोपीय दिग्गजों का नाम सामने आता है। लेकिन अब तस्वीर बदल चुकी है। चीन की ऑटो दिग्गज कंपनी BYD ने अपनी लग्जरी ब्रांड YangWang के जरिए ऑटोमोबाइल इंडस्ट्री को हिलाकर रख दिया है। कंपनी की नई YangWang U9 Xtreme प्रोडक्शन इलेक्ट्रिक हाइपरकार ने जर्मनी में हाई-स्पीड रन के दौरान 496.22 km/h की स्पीड हासिल कर दुनिया को चौंका दिया।
  • ट्रैक पर उड़ी EV! BYD की Yangwang U9 ने 472 km/h की स्पीड से सबको चौंकाया, बनाया रिकॉर्ड
    BYD की सब-ब्रांड Yangwang ने अपनी U9 Track Edition के साथ EVs की दुनिया में नया इतिहास रच दिया है। जर्मनी के Papenburg ट्रैक पर इस इलेक्ट्रिक सुपरकार ने 472.41 km/h की टॉप स्पीड हासिल करके नया वर्ल्ड रिकॉर्ड बना डाला। ये कार चार मोटर्स से लैस है, जो मिलकर 3,000 PS से ज्यादा पावर देती हैं। वहीं DiSus-X सस्पेंशन और एडवांस्ड टॉर्क वेक्टरिंग इसे हाई-स्पीड पर भी स्टेबल रखते हैं। इस रिकॉर्ड रन को जर्मन प्रो ड्राइवर Marc Basseng ने अंजाम दिया, जिन्होंने पिछले साल का रिकॉर्ड भी अपने नाम किया था।
  • Tata Motors की Harrier इलेक्ट्रिक के लिए 6 महीने से ज्यादा की वेटिंग 
    इस इलेक्ट्रिक SUV के Adventure 65 और Adventure 65 ACFC के लिए 28 से 30 सप्ताह की वेटिंग की अवधि है। हैरियर इलेक्ट्रिक के अन्य वेरिएंट्स के लिए कस्टमर्स को 12 से 21 सप्ताह का इंतजार करना होगा। इस महीने की शुरुआत में Tata Motors ने इसके लिए बुकिंग्स शुरू की थी। Harrier.ev के प्राइसेज 21.49 लाख रुपये से 30.23 लाख रुपये (एक्स-शोरूम) के बीच हैं।
  • पाकिस्तान में एंट्री करेगी चाइनीज EV मेकर BYD, अगले वर्ष लॉन्च करेगी पहली इलेक्ट्रिक कार!
    इस चाइनीज EV कंपनी की योजना अगले वर्ष पाकिस्तान में असेंबल की गई अपनी पहली इलेक्ट्रिक कार लॉन्च करने की है। भारत के इस पड़ोसी देश में कंपनी इलेक्ट्रिक और प्लग-इन हाइब्रिड व्हीकल्स की बढ़ती डिमांड का फायदा उठाना चाहती है। पाकिस्तान में असेंबली प्लांट लगाने से BYD को इमर्जिंग मार्केट्स में बढ़ती डिमांड को पूरा करने में आसानी होगी।
  • लंबे इंतजार के बाद कल मुंबई में शुरू होगा Elon Musk की टेस्ला का भारत में पहला शोरूम
    भारत में इलेक्ट्रिक कारों का इम्पोर्ट करने की वजह से कंपनी को लगभग 70 प्रतिशत की इम्पोर्ट ड्यूटी और अन्य टैक्स चुकाने होंगे। देश में इम्पोर्टेड व्हीकल्स पर अधिक इम्पोर्ट ड्यूटी को लेकर मस्क ने नाराजगी भी जताई थी। अमेरिका और चीन जैसे प्रमुख मार्केट्स में टेस्ला की बिक्री घट रही है। कंपनी को चीन की BYD और अन्य EV मेकर्स से कड़ी टक्कर मिल रही है।
  • भारत में बढ़ी EVs की डिमांड, जून में सेल्स में 28 प्रतिशत का उछाल
    पिछले महीने EV की सेल्स वर्ष-दर-वर्ष आधार पर लगभग 28.60 प्रतिशत बढ़कर 1,80,238 यूनिट्स की रही है। इसमें इलेक्ट्रिक पैसेंजर व्हीकल्स की सेल्स में बढ़ोतरी का बड़ा योगदान है। इस मार्केट में जल्द अमेरिकी EV मेकर Tesla भी इलेक्ट्रिक कारों की बिक्री शुरू कर सकती है। EVs के कुल मार्केट में इलेक्ट्रिक पैसेंजर व्हीकल्स की हिस्सेदारी बढ़कर 4.4 प्रतिशत हो गई है।
  • Elon Musk की टेस्ला को लगा बड़ा झटका, कंपनी के EV की सेल्स में भारी गिरावट
    इस वर्ष की दूसरी तिमाही में कंपनी ने EV की 3,84,122 यूनिट्स की सेल्स की है। यह वर्ष-दर-वर्ष आधार पर 13 प्रतिशत से अधिक की गिरावट है। टेस्ला को चीन की BYD और अन्य EV मेकर्स से कड़ी टक्कर मिल रही है। टेस्ला के बड़े मार्केट्स में शामिल अमेरिका में टैरिफ को लेकर चिंता और इलेक्ट्रिक व्हीकल्स पर टैक्स क्रेडिट समाप्त होने की आशंका से EVs की डिमांड घटी है।
  • MG Motor की  Windsor EV ने लॉन्च के बाद से पार किया 27,000 यूनिट्स की बिक्री का आंकड़ा
    पिछले वर्ष सितंबर में Windsor EV को लॉन्च किया गया था। हाल ही में कंपनी ने इसका नया वेरिएंट Windsor Pro पेश किया था। MG Motor ने बताया है कि Windsor EV के लिए मेट्रो शहरों के अलावा टियर टू शहरों से भी मजबूत डिमांड मिल रही है। इस इलेक्ट्रिक क्रॉसओवर की बिक्री में गैर-मेट्रो शहरों की हिस्सेदारी लगभग 48 प्रतिशत की है। MG Motor की कुल बिक्री में Windsor EV की बड़ी हिस्सेदारी है।
  • EV के मार्केट के लिए Tata Motors की बड़ी योजना, 35,000 करोड़ रुपये का करेगी इनवेस्टमेंट 
    कंपनी अगले पांच वर्षों में 35,000 करोड़ रुपये (लगभग 4.1 अरब डॉलर) का इनवेस्टमेंट करेगी। पिछले कुछ वर्षों में EV की बिक्री तेजी से बढ़ी है। टाटा मोटर्स का टारगेट इस मार्केट में अपनी स्थिति को मजबूत करने का है। इंटरनल कम्बश्चन इंजन वाले व्हीकल्स के मार्केट में कॉम्पिटिशन बढ़ा है। इसमें Mahindra & Mahindra जैसी ऑटोमोबाइल कंपनियों से टाटा मोटर्स को कड़ी टक्कर मिल रही है।
  • भारत की नई EV पॉलिसी में Elon Musk की Tesla को नहीं है दिलचस्पी!
    इस पॉलिसी के तहत जल्द आवेदन मांगे जा सकते हैं। इसमें 35,000 डॉलर तक के इम्पोर्ट्ड इलेक्ट्रिक व्हीकल पर ड्यूटी को घटाकर 15 प्रतिशत करने की पेशकश की गई है। हालांकि, इम्पोर्ट ड्यूटी में छूट का फायदा लेने के लिए EV कंपनी को तीन वर्षों के अंदर देश में फैक्टरी लगाने में न्यूनतम 50 करोड़ डॉलर का निवेश करना होगा।

विज्ञापन

Follow Us
विज्ञापन
© Copyright Red Pixels Ventures Limited 2026. All rights reserved.
ट्रेंडिंग प्रॉडक्ट्स »
लेटेस्ट टेक ख़बरें »