भारत ने लॉन्च की GSAT-24 सैटेलाइट, Tata Play DTH के लिए होगी इस्तेमाल

GSAT-24 एक 24-Ku बैंड कम्युनिकेशन सैटेलाइट है, जिसका वजन 4,180 किलोग्राम है। यह DTH एप्लिकेशन की जरूरतों को पूरा करने के लिए पूरे भारत में कवरेज देगा।

भारत ने लॉन्च की GSAT-24 सैटेलाइट, Tata Play DTH के लिए होगी इस्तेमाल

GSAT-24 की पूरी उपग्रह क्षमता Tata Play के लिए लीज पर दी जाएगी

ख़ास बातें
  • GSAT-24 एक 24-Ku बैंड कम्युनिकेशन सैटेलाइट है
  • यह DTH एप्लिकेशन की जरूरतों को पूरा करने के लिए पूरे भारत में कवरेज देगा
  • सैटेलाइट को Tata ग्रुप के DTH बिजनेस Tata Play को लीज पर दिया गया है
विज्ञापन
NewSpace India Limited (NSIL) ने GSAT-24 को अपने पहले डिमांड पर चलने वाले कम्युनिकेशन सैटेलाइट मिशन के बाद अंतरिक्ष क्षेत्र के सुधारों में लॉन्च किया है। इसे डायरेक्ट-टू-होम (DTH) सर्विस प्रोवाइडर Tata Play को पूरी तरह से लीज पर दिया है। NSIL के लिए भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (ISRO) द्वारा निर्मित इस सैटेलाइट को गुरुवार को फ्रेंच गुयाना (दक्षिण अमेरिका) के कौरौ से फ्रांसीसी कंपनी Arianespace द्वारा संचालित Ariane 5 रॉकेट द्वारा जियोस्टेशनरी ऑर्बिट में सफलतापूर्वक स्थापित किया गया था।

समाचार एजेंसी PTI के अनुसार, GSAT-24 एक 24-Ku बैंड कम्युनिकेशन सैटेलाइट है, जिसका वजन 4,180 किलोग्राम है। यह DTH एप्लिकेशन की जरूरतों को पूरा करने के लिए पूरे भारत में कवरेज देगा। NSIL अंतरिक्ष विभाग (DOS) के तहत एक सेंट्रल पब्लिक सेक्टर एंटरप्राइज (CPSE) है और ISRO की कमर्शियल शाखा है।

रिपोर्ट के अनुसार, जून 2020 में सरकार द्वारा घोषित "अंतरिक्ष सुधारों" के हिस्से के रूप में, NSIL को "मांग-संचालित" मॉडल पर ऑपरेशनल सैटेलाइट मिशन शुरू करने के लिए अनिवार्य किया गया था, जिसमें सैटेलाइट के निर्माण, लॉन्च, स्वामित्व और ऑपरेशन और सर्विस प्रदान करने की जिम्मेदारी शामिल हैं।

जीसैट-24 की पूरी उपग्रह क्षमता Tata ग्रुप के DTH बिजनेस, Tata Play को उनकी डीटीएच एप्लिकेशन जरूरतों को पूरा करने के लिए लीज पर दी जाएगी।

Ariane 5 ने सफलतापूर्वक दो सैटेलाइट को भूस्थिर कक्षा (जियोस्टेशनरी ऑर्बिट) में स्थापित किया है। GSAT-24 को ISRO की सिद्ध I-3k Bus पर 15 साल की मिशन लाइफ के साथ कॉन्फिगर किया गया है।

समाचार एजेंसी बताती है कि NSIL के एक अधिकारी ने समझाया "'मांग-संचालित' मोड का मूल रूप से मतलब है कि जब सैटेलाइट लॉन्च किया जाता है, तो यह पहले ही पता चल जाता है कि अंतिम ग्राहक कौन होने जा रहे हैं और किस तरह का उपयोग और प्रतिबद्धता होगी, ताकि कक्षा में जाने के बाद आप इस उपग्रह क्षमता का बहुत प्रभावी उपयोग कर सकें।"
Comments

लेटेस्ट टेक न्यूज़, स्मार्टफोन रिव्यू और लोकप्रिय मोबाइल पर मिलने वाले एक्सक्लूसिव ऑफर के लिए गैजेट्स 360 एंड्रॉयड ऐप डाउनलोड करें और हमें गूगल समाचार पर फॉलो करें।

गैजेट्स 360 स्टाफ

द रेजिडेंट बोट । अगर आप मुझे ईमेल करते हैं, तो कोई इंसान जवाब ...और भी

Share on Facebook Gadgets360 Twitter ShareTweet Share Snapchat Reddit आपकी राय google-newsGoogle News

विज्ञापन

Follow Us

विज्ञापन

#ताज़ा ख़बरें
  1. Lenovo Tab Plus Gen 2 का इंटरनेशनल मार्केट में लॉन्च, जानें प्राइस, स्पेसिफिकेशंस
  2. OnePlus 16 में 185Hz के रिफ्रेश रेट के साथ मिल सकता है BOE डिस्प्ले
  3. Vivo X Fold 6 के जल्द लॉन्च की तैयारी, नए Blue Hole कलर का होगा ऑप्शन
  4. AI से चलेंगे, सेल्फ क्लीन भी करेंगे! Dreame ने भारत में लॉन्च किए 2 नए वैक्यूम क्लीनर
  5. Redmi K90 Ultra में मिल सकता है Snapdragon 8 Elite चिपसेट, बिल्ट-इन कूलिंग फैन
  6. क्रिप्टो मार्केट को मिला कॉरपोरेट इनवेस्टर्स से सपोर्ट, बिटकॉइन का प्राइस 66,000 डॉलर से ज्यादा
  7. LYNE Startup 87 पावर बैंक लॉन्च, 10 हजार mAh की दमदार बैटरी, मिनटों में चार्ज होंगे मोबाइल फोन
  8. यूथ कर रहे डोपामाइन साइट से खरीदारी, जितनी मर्जी करो शॉपिंग, नहीं आएगा कोई भी खर्च
  9. Telegram Blocked in India: NEET Exam को लेकर सरकार का एक्शन! Message Editing फीचर भी बंद
  10. 50 मेगापिक्सल कैमरा के साथ Tecno Spark 50 Pro पेश, Helio G100 Ultimate के साथ गजब हैं फीचर्स
© Copyright Red Pixels Ventures Limited 2026. All rights reserved.
ट्रेंडिंग प्रॉडक्ट्स »
लेटेस्ट टेक ख़बरें »