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बुलेट ट्रेन से भी 10 गुना तेज स्‍पीड से पृथ्‍वी की ओर आ रहा एक एस्‍टरॉयड, क्‍या हमें अलर्ट होना चाहिए

यह लगभग 9.10 किलोमीटर प्रति सेकंड या 32,760 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से पृथ्वी की दिशा में आ रहा है।

बुलेट ट्रेन से भी 10 गुना तेज स्‍पीड से पृथ्‍वी की ओर आ रहा एक एस्‍टरॉयड, क्‍या हमें अलर्ट होना चाहिए

एस्‍टरॉयड्स पर वैज्ञानिकों की नजर इसलिए रहती है, क्‍योंकि‍ ये पृथ्‍वी से टकरा सकते हैं।

ख़ास बातें
  • यह एस्‍टरॉयड अपनी स्‍पीड की वजह से चर्चा में है
  • यह ध्वनि की गति के करीब 27 गुना के बराबर रफ्तार से सफर कर रहा है
  • हालांकि इसकी वजह से हमारे ग्रह को कोई खतरा नहीं है
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पृथ्‍वी के करीब एस्‍टरॉयड्स (asteroid) का आना जारी है। इस बार एक छोटा लेकिन सुपरसोनिक स्‍पीड से आ रहा एस्‍टरॉयड 6 सितंबर को हमारे ग्रह के पास से गुजरने वाला है। यह बुलेट ट्रेन से भी 10 गुना तेज रफ्तार से अपनी यात्रा कर रहा है। नासा के एस्‍टरॉयड ट्रैकर ने यह जानकारी दी है। अमेरिकी अंतरिक्ष एजेंसी की जेट प्रोपल्शन लेबोरेटरी (JPL) में सेंटर फॉर नियर-अर्थ ऑब्जेक्ट स्टडीज (CNEOS) के अनुसार, इस एस्‍टरॉयड का नाम ‘2022 QC7' है, जिसका साइज 16 मीटर से 36 मीटर के लगभग है। लेकिन यह एस्‍टरॉयड अपनी स्‍पीड की वजह से चर्चा में है। 36 मीटर इसलिए बहुत बड़ा साइज नहीं लगता, क्‍यो‍ंकि हाल के दिनों में हमने कई बड़े एस्‍टरॉयड्स को पृथ्‍वी के करीब से गुजरते हुए देखा है।  

एस्‍टरॉयड ‘2022 QC7' को अलग बनाती है इसकी गति। जानकारी के अनुसार यह लगभग 9.10 किलोमीटर प्रति सेकंड या 32,760 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से पृथ्वी की दिशा में आ रहा है। यानी यह ध्वनि की गति के करीब 27 गुना के बराबर रफ्तार से सफर कर रहा है।

एस्‍टरॉयड्स पर वैज्ञानिकों की नजर इसलिए रहती है, क्‍योंकि‍ ये पृथ्‍वी से टकरा सकते हैं। हालांकि एस्‍टरॉयड ‘2022 QC7' की वजह से हमारे ग्रह को कोई खतरा नहीं है। वैज्ञानिक स्‍पष्‍ट कर चुके हैं कि यह रॉक चट्टान लगभग 46 लाख किलोमीटर दूर होकर हमारे ग्रह से गुजरेगी। यह दूरी पृथ्‍वी और चंद्रमा की दूरी से बहुत ज्‍यादा है। चंद्रमा करीब 384,000 के फासले से हमारे ग्रह की परिक्रमा करता है। अगर इसके पृथ्‍वी से टकराने की भी संभावना होती, तब भी बहुत ज्‍यादा चिंता करने वाली बात नहीं थी, क्‍योंकि इसका साइज छोटा है। 

नासा के अनुसार, इन्‍हें लघु ग्रह भी कहा जाता है। जैसे हमारे सौर मंडल के सभी ग्रह सूर्य का चक्‍कर लगाते हैं, उसी तरह एस्‍टरॉयड भी सूर्य की परिक्रमा करते हैं। लगभग 4.6 अरब साल पहले हमारे सौर मंडल के शुरुआती गठन से बचे हुए चट्टानी अवशेष हैं एस्‍टरॉयड। वैज्ञानिक अभी तक 11 लाख 13 हजार 527 एस्‍टरॉयड का पता लगा चुके हैं। 

जब किसी एस्‍टरॉयड की खोज होती है, तो उसका नामकरण इंटरनेशनल एस्‍ट्रोनॉमिकल यूनियन कमिटी करती है। नाम कुछ भी हो सकता है, लेकिन साथ में एक नंबर भी उसमें जोड़ा जाता है जैसे- (99942) एपोफिस। कलाकारों, वैज्ञानिकों, ऐतिहासिक पात्रों के नाम पर भी एस्‍टरॉयड का नाम रखा जाता है। 
 

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