• होम
  • विज्ञान
  • ख़बरें
  • चीन के साथ चांद पर न्युक्लियर प्लांट बनाएगा रूस! अमेरिका भी दौड़ में, जानें क्यों लगी है रेस

चीन के साथ चांद पर न्युक्लियर प्लांट बनाएगा रूस! अमेरिका भी दौड़ में, जानें क्यों लगी है रेस

रूस चांद पर न्युक्लियर पावर प्लांट लगाने की योजना पर काम कर रहा है। रूस का लक्ष्य अपने चांद मिशन को इसी पावर प्लांट से पावर सप्लाई देने का है।

चीन के साथ चांद पर न्युक्लियर प्लांट बनाएगा रूस! अमेरिका भी दौड़ में, जानें क्यों लगी है रेस

रूस चांद पर न्युक्लियर पावर प्लांट लगाने की योजना पर काम कर रहा है।

ख़ास बातें
  • रूस चांद पर न्युक्लियर पावर प्लांट लगाने की योजना पर काम कर रहा है।
  • चांद मिशन को इसी पावर प्लांट से पावर सप्लाई देने का है लक्ष्य।
  • रोवर, ऑब्जर्वेटरी, और रिसर्च स्टेशन का इंफ्रास्ट्रक्चर बनाने में मदद।
विज्ञापन

चंद्रमा पर जीवन को संभव बनाने के लिए दुनियाभर में स्पेस एजेंसियों की कवायद चल रही है। इंसान पृथ्वी के बाद अब रहने के लिए सौरमंडल में नई जगह ढूंढ रहा है और इस दिशा में सबसे पहले वैज्ञानिकों की नजर चांद पर जाती है। वैज्ञानिकों ने इसकी तैयारी भी शुरू कर दी है। खबर है कि रूस चांद पर न्युक्लियर पावर प्लांट लगाने की योजना पर काम कर रहा है। रूस का लक्ष्य अपने चांद मिशन को इसी पावर प्लांट से पावर सप्लाई देने का है। इसके अलावा वह चीन के साथ मिलकर एक रिसर्च स्टेशन भी वहां बनाएगा जिसमें इस न्युक्लियर पावर प्लांट का अहम योगदान होगा। 

मनुष्य ने पहली बार चांद पर कदम 1961 में रखा था। सबसे पहले चांद पर पहुंचने वाले शख्स सोवियत अंतरिक्ष यात्री Yuri Gagarin थे जिन्होंने रूस को गर्व से भर दिया था। लेकिन पिछले कुछ दशकों में अमेरिका, और खासकर चीन ने अंतरिक्ष में इतनी तरक्की कर ली है कि रूस खुद को पिछड़ा महसूस करने लगा है। NDTV की रिपोर्ट के अनुसार, इसी पिछड़ेपन को दूर करने के लिए अब देश अपना रिसर्च स्टेशन चांद पर बनाना चाहता है। 

रूस के स्टेट स्पेस कॉर्पोरेशन Roscosmos ने एक बयान में कहा है कि वह 2036 तक चांद पर एक लूनर पावर प्लांट बनाना चाहता है। इसके लिए इसने एरोस्पेस कंपनी Lavochkin Association के साथ एक अनुबंध भी साइन किया है। Roscosmos ने हालांकि खुलकर इसे एक न्युक्लियर प्लांट की संज्ञा नहीं दी है। लेकिन इसमें शामिल होने वाली संस्थाओं में रूस के स्टेट न्युक्लियर कॉर्पोरेशन Rosatom रिसर्च इंस्टीट्यूट Kurchatov का नाम बताया गया है जो देश का प्रमुख न्युक्लियर रिसर्च इंस्टीट्यूट है। 

Roscosmos के अनुसार, इस प्लांट का मकसद देश के लूनर प्रोग्राम को सपोर्ट करना है। जिसमें रोवर, ऑब्जर्वेटरी, और इंटरनेशनल लूनर रिसर्च स्टेशन का इंफ्रास्ट्रक्चर शामिल होगा। यह रिसर्च स्टेशन रूस और चीन साथ मिलकर तैयार करने वाले हैं। 

चांद पर नजर रखने वाले देशों में रूस और चीन ही नहीं, अमेरिका भी काफी सक्रिय है। अगस्त में NASA ने घोषणा की थी कि 2030 की पहली तिमाही तक वह चांद पर एक न्युक्लियर रिएक्टर लाना चाहती है। अंतरिक्ष में न्युक्लियर हथियार ले जाने की अनुमति अंतर्राष्ट्रीय नियम नहीं देते हैं, लेकिन न्युक्लियर एनर्जी स्पेस में ले जाने पर कोई प्रतिबंध नहीं है।  

अंतरिक्ष विशेषज्ञों का मानना है कि चांद पर Helium-3 लाखों टन की मात्रा में मौजूद है। यह हीलियम का एक आइसोटोप है जो पृथ्वी पर बहुत दुर्लभ है। इसके अलावा स्मार्टफोन्स, कंप्युटर और अत्याधुनिक तकनीकों में काम आने वाली कई दुर्लभ धातुएं भी चांद पर मौजूद बताई जाती हैं। इसी खजाने की खोज में अब दुनिया की बड़ी ताकतों के बीच रेस सी शुरू हो गई है। 
 

Comments

लेटेस्ट टेक न्यूज़, स्मार्टफोन रिव्यू और लोकप्रिय मोबाइल पर मिलने वाले एक्सक्लूसिव ऑफर के लिए गैजेट्स 360 एंड्रॉयड ऐप डाउनलोड करें और हमें गूगल समाचार पर फॉलो करें।

हेमन्त कुमार

हेमन्त कुमार Gadgets 360 में सीनियर सब-एडिटर हैं और विभिन्न प्रकार के ...और भी

Share on Facebook Gadgets360 Twitter ShareTweet Share Snapchat Reddit आपकी राय google-newsGoogle News
Turbo Read

विज्ञापन

Follow Us

विज्ञापन

#ताज़ा ख़बरें
  1. Google लाया गजब का AI प्लेटफॉर्म Stitch, खुद डिजाइन करें अपना ऐप और वेब पेज
  2. Xiaomi Watch S5 लॉन्च हुई 21 दिन बैटरी, AMOLED डिस्प्ले के साथ, जानें कीमत
  3. Facebook पर हर महीने होगी 2.7 लाख की कमाई, Meta ने लॉन्च किया Creator Fast Track, जानें कैसे
  4. 28 हजार सस्ता मिल रहा Nothing Phone 3 फ्लैगशिप फोन, 50MP के 3 कैमरा!
  5. सिंगल चार्ज में 902KM रेंज वाली नई Xiaomi SU7 सेडान आई, 265KM की टॉप स्पीड के साथ कैसे हैं फीचर्स, जानें
  6. BSNL का प्राइवेटाइजेशन नहीं किया जाएगा, 9 करोड़ से ज्यादा हुए कस्टमर्स
  7. 9,020mAh की बैटरी के साथ जल्द लॉन्च होगा iQOO Z11
  8. Xiaomi Book Pro 14 लैपटॉप हुआ लॉन्च, टचस्क्रीन डिस्प्ले के साथ गजब के फीचर्स से है लैस, जानें कीमत
  9. अब नए तरीके से Reels कंट्रोल कर पाएंगे आप, Instagram पर टैप टू पॉज फीचर हुआ पेश, जानें
  10. Lyne ने Rs 449 से शुरू होने वाले ईयरबड्स CoolPods 11 Pro , नेकबैंड किए लॉन्च, 60 घंटे तक बैटरी!
© Copyright Red Pixels Ventures Limited 2026. All rights reserved.
ट्रेंडिंग प्रॉडक्ट्स »
लेटेस्ट टेक ख़बरें »