ऑनलाइन गेमिंग को बैन करने के लिए संसद ने दी हरी झंडी

मोशन एंड रेगुलेशन ऑफ ऑनलाइन गेमिंग बिल के बुधवार को लोकसभा में पारित होने के एक दिन बाद यह बिल राज्यसभा में ध्वनि मत से पारित कर दिया गया

विज्ञापन
Written by आकाश आनंद, अपडेटेड: 21 अगस्त 2025 17:17 IST
ख़ास बातें
  • यह बिल किसी रकम के साथ खेलने से जुड़ी ऑनलाइन गेम्स के लिए है
  • इस कानून में ऑनलाइन मनी गेमिंग के दोषी पाए जाने पर कैद और जुर्माना लगेगा
  • विपक्ष की ओर से इस बिल का कड़ा विरोध किया गया है

इस बिल के जरिए सभी ऑनलाइन बेटिंग और गैंबलिंग एक्टिविटीज को प्रतिबंधित किया गया है

देश में ऑनलाइन गेमिंग को चलाने और इसके विज्ञापन पर प्रतिबंध लगाने से जुड़े बिल को संसद ने गुरुवार को पारित कर दिया है। यह बिल किसी रकम के साथ खेलने से जुड़ी ऑनलाइन गेम्स के लिए है। हालांकि, विपक्ष की ओर से इस बिल का कड़ा विरोध किया गया है। विपक्षी दलों का आरोप है कि इस बिल को बिना चर्चा के पारित किया गया है। 

प्रमोशन एंड रेगुलेशन ऑफ ऑनलाइन गेमिंग बिल के बुधवार को लोकसभा में पारित होने के एक दिन बाद यह बिल राज्यसभा में ध्वनि मत से पारित कर दिया गया। इस कानून में ऑनलाइन मनी गेमिंग के दोषी पाए जाने पर 3 वर्ष तक की कैद या एक करोड़ रुपये तक के जुर्माने का प्रावधान है। मिनिस्टर ऑफ इलेक्ट्रॉनिक्स एंड इनफॉर्मेशन टेक्नोलॉजी, Ashwini Vaishnaw ने राज्यसभा में इस बिल को पेश करते हुए कहा, "ऑनलाइन मनी गेमिंग की आदत ड्रग्स की लत के जैसी है। ऑनलाइन मनी गेम्स को चलाने वाले शक्तिशाली लोग इस फैसले को अदालतों में चुनौती देंगे। वे इस प्रतिबंध के खिलाफ सोशल मीडिया पर कैम्पेन चलाएंगे। हमने इन गेम्स का असर और यह देखा है कि कैसे इससे मिलने वाली रकम का आतंकवाद की मदद के लिए इस्तेमाल किया जा रहा है।" 

संसद के सत्र के दौरान विपक्ष के नेता मल्लिकार्जुन खड़गे ने इस बिल पर चर्चा नहीं होने की शिकायत की थी। विपक्ष के लगातार विरोध के बीच केंद्रीय मंत्री Kiren Rijiju ने भी इस बिल पर चर्चा की संभावना पर प्रश्न किया था। ऑनलाइन मनी गेम में कोई यूजर वित्तीय या अन्य लाभ के जीतने की उम्मीद में रकम जमा करता है। इस बिल के जरिए सभी ऑनलाइन बेटिंग और गैंबलिंग एक्टिविटीज को प्रतिबंधित किया गया है। इनमें ऑनलाइन फैंटेसी स्पोर्ट्स से लेकर ऑनलाइन लॉटरी तक शामिल हैं। 

इस बिल में ऑनलाइन मनी गेम्स से जुड़े विज्ञापनों पर भी रोक लगाना शामिल है। इसमें बैंकों और वित्तीय संस्थानों पर इस तरह की किसी गेम से फंड के ट्रांसफर पर भी रोक लगाई गई है। इन गेम्स के विज्ञापन पर दो वर्ष तक की कैद या 50 लाख रुपये तक का जुर्माना हो सकता है। इसके अलावा इन गेम्स से जुड़ी वित्तीय ट्रांजैक्शंस में मदद करने पर तीन वर्ष तक की कैद और एक करोड़ रुपये का जुर्माना लग सकता है। इस कानून के दोबारा उल्लंघन पर सजा को बढ़ाने का प्रावधान है।  

लेटेस्ट टेक न्यूज़, स्मार्टफोन रिव्यू और लोकप्रिय मोबाइल पर मिलने वाले एक्सक्लूसिव ऑफर के लिए गैजेट्स 360 एंड्रॉयड ऐप डाउनलोड करें और हमें गूगल समाचार पर फॉलो करें।

Gadgets 360 में आकाश आनंद डिप्टी ...और भी

Advertisement
Popular Brands
#ट्रेंडिंग टेक न्यूज़
  1. Hisense लाई ऐसा फोन जिससे अलग हो जाती है स्क्रीन! Hisense A10 के जानें फीचर्स
  2. Redmi Note 17 सीरीज में मिल सकती है 9,000mAh तक की बैटरी
#ताज़ा ख़बरें
  1. Redmi Note 17 सीरीज में मिल सकती है 9,000mAh तक की बैटरी
  2. iQOO Z11 Lite हो रहा 23 जुलाई को लॉन्च, लुक और फीचर्स आए सामने, खासतौर पर हुआ स्टूडेंट्स के लिए डिजाइन
  3. UAN अब सिर्फ UMANG ऐप के जरिए होगा एक्टिवेट, EPFO ने किया बदलाव, जानें कैसे
  4. SIR को लेकर कन्फ्यूज? चुनाव आयोग ने बताया कब मांगे जाएंगे डॉक्यूमेंट्स और कौनसे होंगे मान्य
  5. Google Maps और Gemini से ली मदद, 1990 में उधार लिया पैसा चुकाने पहुंचे 1200 किमी दूर
  6. 7000mAh बैटरी वाले Moto G77 Power की सेल लाइव, लिमिटेड टाइम के लिए ₹2 हजार ऑफ!
  7. Kia ला रही है Tata Nexon EV का जवाब! लॉन्च से पहले सड़कों पर दिखी Syros EV
  8. हंगामे के बाद Meta का यू-टर्न! Instagram में बिना बताए बन रही थीं यूजर्स की AI इमेज, अब हटाया फीचर
  9. Lava Virat V1 5G, Virat V1 4G की लॉन्च डेट आई सामने, डिजाइन से लेकर कलर ऑप्शन का खुलासा, जानें
  10. URBN Atom Link: 5 इन 1 पावर बैंक, जो फोन के पीछे चिपककर करेगा चार्ज!
Download Our Apps
Available in Hindi
© Copyright Red Pixels Ventures Limited 2026. All rights reserved.