• होम
  • इंटरनेट
  • ख़बरें
  • इंटरनेशनल टेक कंपनियों को करना होगा भारत के संविधान का पालन, सरकार ने दी हिदायत 

इंटरनेशनल टेक कंपनियों को करना होगा भारत के संविधान का पालन, सरकार ने दी हिदायत 

हाल ही में केंद्र सरकार ने सोशल मीडिया पर कंटेंट को लेकर कड़े नियम जारी किए थे। इन नियमों में डीपफेक वीडियो को शिकायत मिलने के कुछ घंटे में हटाना शामिल है

इंटरनेशनल टेक कंपनियों को करना होगा भारत के संविधान का पालन, सरकार ने दी हिदायत 

हाल ही में सोशल मीडियो को बच्चों के लिए बैन करने वाला ऑस्ट्रेलिया पहला देश बना था

ख़ास बातें
  • हाल ही में सरकार ने सोशल मीडिया पर कंटेंट को लेकर कड़े नियम जारी किए हैं
  • भारत में इंस्टाग्राम और फेसबुक प्रत्येक के 40 करोड़ से ज्यादा यूजर्स हैं
  • सोशल मीडिया पर आयु से जुड़ी लिमिट्स लगाने पर भी सरकार विचार कर रही है
विज्ञापन

देश में पिछले वर्ष वर्षों में इंटरनेशनल टेक कंपनियों का बिजनेस तेजी से बढ़ा है। हालांकि, इन कंपनियों के खिलाफ शिकायतों की संख्या भी बढ़ रही है। हाल ही में केंद्र सरकार ने सोशल मीडिया पर कंटेंट को लेकर कड़े नियम जारी किए थे। इन नियमों में डीपफेक वीडियो को शिकायत मिलने के कुछ घंटे में हटाना शामिल है। सरकार का कहना है कि इंटरनेशनल टेक कंपनियों को देश के संविधान का पालन करना होगा। 

आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) समिट में इलेक्ट्रॉनिक्स एंड इनफॉर्मेशन टेक्नोलॉजी मिनिस्टर Ashwini Vaishnaw ने कहा कि Google के YouTube, Meta, माइक्रोब्लॉगिंग प्लेटफॉर्म X और Netflix जैसे बड़े टेक प्लेटफॉर्म्स को देश के संविधान के दायरे के अंदर ऑपरेट करना होगा। उनका कहना था, "विदेशी कंपनियों के लिए उस देश के सांस्कृतिक संदर्भ को समझना महत्वपूर्ण है जिसमें वे ऑपरेट कर रही हैं।" पिछले सप्ताह सरकार ने बताया था कि सोशल मीडिया कंपनियों को गैर कानूनी कंटेंट को नोटिफिकेशन मिलने के तीन घंटों के अंदर हटाना होगा। इससे पहले यह समयसीमा 36 घंटे की थी। 

हालांकि, सोशल मीडिया साइट Facebook को ऑपरेट करने वाली Meta, बिलिनेयर Elon Musk की X और यूट्यूब के लिए इन नियम का पालन करना एक चुनौती हो सकती है। अश्विनी ने कहा कि डीपफेक को लेकर रेगुलेशंस कड़े बनाने की जरूरत है। इस मुद्दे पर टेक कंपनियों के साथ बातचीत की जा रही है। पिछले महीने जारी किए गए वार्षिक इकोनॉमिक सर्वे में भी इस मुद्दे को एक चिंता बताया था। Bloomberg की एक रिपोर्ट में कहा गया है कि सोशल मीडिया पर आयु से जुड़ी लिमिट्स लगाने पर भी सरकार विचार कर रही है। 

हाल ही में सोशल मीडियो को बच्चों के लिए बैन करने वाला ऑस्ट्रेलिया पहला देश बना था। ऑस्ट्रेलिया ने इस बैन में इंस्टाग्राम, फेसबुक, YouTube और X को शामिल किया है। स्पेन के प्रधानमंत्री Pedro Sanchez ने सोशल मीडिया को बड़ी चिंता बताया है। यूरोप के लगभग 10 देश इस तरह के प्रतिबंध लगाने की योजना बना रहे हैं। भारत में इंस्टाग्राम और फेसबुक प्रत्येक के 40 करोड़ से ज्यादा यूजर्स हैं। इन दोनों सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स के लिए यह सबसे बड़ा मार्केट है। देश में Snapchat के पास भी 20 करोड़ से अधिक यूजर्स हैं। इसके अलावा मस्क के X के यूजर्स की संख्या दो करोड़ से अधिक की है। 

Comments

लेटेस्ट टेक न्यूज़, स्मार्टफोन रिव्यू और लोकप्रिय मोबाइल पर मिलने वाले एक्सक्लूसिव ऑफर के लिए गैजेट्स 360 एंड्रॉयड ऐप डाउनलोड करें और हमें गूगल समाचार पर फॉलो करें।

आकाश आनंद

Gadgets 360 में आकाश आनंद डिप्टी न्यूज एडिटर हैं। उनके पास प्रमुख ...और भी

Share on Facebook Gadgets360 Twitter ShareTweet Share Snapchat Reddit आपकी राय google-newsGoogle News
Turbo Read

विज्ञापन

Follow Us

विज्ञापन

#ताज़ा ख़बरें
  1. गेमिंग फर्मों ने एंट्री फीस पर 28 प्रतिशत GST के खिलााफ सुप्रीम कोर्ट से लगाई गुहार
  2. 9,000mAh की बैटरी के साथ लॉन्च हुआ Redmi Note 17 Pro, जानें प्राइस, स्पेसिफिकेशंस
  3. 8,000mAh की बैटरी के साथ लॉन्च हुआ Redmi Note 17, जानें प्राइस, स्पेसिफिकेशंस
  4. Realme C100x जल्द होगा भारत में लॉन्च, 8,000mAh की बैटरी
  5. iQOO 16 में मिल सकती है 8,500mAh की बैटरी, स्टीरियो स्पीकर्स
  6. Spam कॉल्स और मैसेज पर कसने वाली है लगाम! TRAI का Meta और Google के साथ बड़ा प्लान
  7. Nothing Phone (4b) की भारत में शुरू हुई बिक्री, जानें प्राइस, ऑफर्स
  8. StepX Neo लॉन्च! AI Agent वाला फोन जो खुद बुक करेगा फ्लाइट, करेगा ट्रांसलेशन और कई काम
  9. Redmi 17C 5G में हो सकती है 6,000mAh की बैटरी, Geekbench पर लिस्टिंग
  10. यूरोप और अमेरिकी मार्केट छोड़ रहा है OnePlus? इस हफ्ते हो सकता है बड़ा ऐलान
© Copyright Red Pixels Ventures Limited 2026. All rights reserved.
ट्रेंडिंग प्रॉडक्ट्स »
लेटेस्ट टेक ख़बरें »