क्रिप्टो को अन्य एसेट्स के समान रेगुलेटरी दायरे में लाएगा अमेरिका

अमेरिका में वर्चुअल डिजिटल एसेट्स के लिए कानूनी ढांचा वैसा ही हो सकता है जो सामान्य एसेट्स के लिए लागू है

क्रिप्टो को अन्य एसेट्स के समान रेगुलेटरी दायरे में लाएगा अमेरिका

Bitcoin जैसी क्रिप्टोकरेंसीज को कमोडिटीज के समान माना जा सकता है

ख़ास बातें
  • ब्लॉकचेन इंडस्ट्री के विभिन्न हिस्सों को कुछ ग्रुप में बांटा जाएगा
  • क्रिप्टो बिल के ड्राफ्ट पर संबंधित पक्षों से फीडबैक मांगा गया है
  • कुछ अन्य देश भी क्रिप्टो सेगमेंट के लिए कानून बनाने पर काम कर रहे हैं
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अमेरिकी सीनेटर Cynthia Lummis क्रिप्टो का पक्ष लेने वाले एक रेगुलेटरी फ्रेमवर्क पर काम कर रही हैं जिससे अमेरिका के क्रिप्टो कानूनों का आधार बनेगा। अमेरिका में वर्चुअल डिजिटल एसेट्स के लिए कानूनी ढांचा वैसा ही हो सकता है जो सामान्य एसेट्स के लिए लागू है। Lummis ने इसके ड्राफ्ट में Bitcoin जैसी क्रिप्टोकरेंसीज को कमोडिटीज के जैसा मानने का सुझाव दिया है। 

रिपब्लिकन पार्टी की सीनेटर Lummis के सुझाव में क्रिप्टो सेगमेंट की ग्रोथ में कोई रुकावट डाले बिना इसे सरकारी अधिकार क्षेत्र के तहत लाना शामिल है। उन्होंने एक मीडिया ऑर्गनाइजेशन को दिए इंटरव्यू में क्रिप्टो बिल के ड्राफ्ट से जुड़ी कुछ जानकारी का खुलासा किया। उन्होंने बताया, "इसे सामान्य एसेट्स को मैनेज और रेगुलेट करने के फ्रेमवर्क के तहत काम करने वाला बनाया गया है। उदाहरण के लिए, बिटकॉइन एक कमोडिटी है और इस वजह से यह ट्रेडिंग और स्पॉट मार्केट और फ्यूचर्स मार्केट के उद्देश्यों के लिए कमोडिटी फ्यूचर्स ट्रेडिंग कमीशन के तहत आएगा। अगर कोई चीज सिक्योरिटीज जैसी होती है तो वह सिक्योरिटीज एक्सचेंज कमीशन के दायरे में होगी।" 

ब्लॉकचेन इंडस्ट्री के विभिन्न हिस्सों को कुछ ग्रुप में बांटा जाएगा। इनकी जिम्मेदारी अमेरिका में पहले से काम कर रही संबंधित कमेटियों को दी जा सकती है। Lummis ने बताया, "हम इसे एक साथ प्रस्तुत करेंगे जिससे लोग यह समझ सकें कि कमोडिटीज से जुड़े हिस्से कैसे सिक्योरिटीज के हिस्सों, स्टेबल कॉइन्स और संभावित CBDC के साथ काम करते हैं।" 

हालांकि, नॉन-फंजिबल टोकन (NFT) की कैटेगरी को लेकर अमेरिका में भ्रम की स्थिति है। NFT में ब्लॉकचेन टेक्नोलॉजी के इस्तेमाल से यूनीक आइटम्स के टोकन्स को ऑथेंटिकेट किया जाता है जो दोबारा प्रोड्यूस किए जा सकने वाले डिजिटल एसेट्स से जुड़े होते हैं। इनमें आर्ट, म्यूजिक, इन-गेम आइटम्स और वीडियो शामिल हो सकते हैं। इनकी ऑनलाइन ट्रेडिंग की जा सकती है लेकिन इन्हें डुप्लिकेट नहीं किया जा सकता। Lummis ने क्रिप्टो बिल के ड्राफ्ट पर संबंधित पक्षों से फीडबैक मांगा है जिससे इसमें क्रिप्टो इंडस्ट्री से जुड़ी फर्मों और इनवेस्टर्स के हितों का ध्यान रखा जा सके। कुछ अन्य देश भी क्रिप्टो सेगमेंट के लिए कानून बनाने पर काम कर रहे हैं। इससे इस सेगमेंट में फ्रॉड के मामलों को कम करने में भी मदद मिलेगी।  

भारतीय एक्सचेंजों में क्रिप्टोकरेंसी की कीमतें

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