मंगल पर मिल गई अंतरिक्ष यात्रियों के सिर छुपाने की जगह!

नासा के अनुसार इस तरह के गड्ढे मंगल पर जीवन के सबूतों के बारे में भी जानकारी दे सकते हैं।

मंगल पर मिल गई अंतरिक्ष यात्रियों के सिर छुपाने की जगह!

Photo Credit: Space.com

NASA ने मंगल पर एक रहस्यमयी गड्ढे की तस्वीर शेयर की है।

ख़ास बातें
  • NASA ने मंगल पर एक रहस्यमयी गड्ढे की तस्वीर शेयर की है
  • अंतरिक्ष यात्रियों के लिए ठहरने की जगह के रूप में हो सकता है इस्तेमाल
  • यह Arsia Mons नाम के ज्वालामुखी का शेष रह गया भाग है
विज्ञापन
स्पेस एजेंसी नासा लगातार मंगल पर अभियान चला रही है, और यहां जीवन के निशान खोज रही है। साथ ही संभावना तलाशी जा रही है कि क्या मंगल पर जीवन पनप सकता है या नहीं। बहरहाल, वैज्ञानिकों को जीवन के निशान भले ही न मिलें हो, लेकिन मंगल पर सिर छुपाने की जगह जरूर मिल गई है। NASA ने मंगल पर एक रहस्यमयी गड्ढे की तस्वीर शेयर की है। जिसके बारे में कहा गया है कि यह भविष्य में मंगल पर आने वाले अंतरिक्ष यात्रियों के लिए ठहरने की जगह के रूप में इस्तेमाल हो सकता है। 

मंगल पर देखे गए इस रहस्यमयी सुराग को नासा ने ज्वालामुखी का बचा हुआ हिस्सा बताया है। ज्वालामुखी अब विलुप्त हो चुका है। यह गड्ढा कुछ मीटर में फैला है। Space.com के अनुसार, इसे 15 अगस्त 2022 को खोजा गया था। यह Arsia Mons नाम के ज्वालामुखी का शेष रह गया भाग है। इसे नासा के MRO ऑर्बिटर ने HiRISE कैमरा से कैप्चर किया था। जब स्पेसक्राफ्ट ने इसे कैमरा में कैद किया तब वह मंगल की सतह से सिर्फ 296 किलोमीटर ही दूर था। 

इस गड्ढे के बारे में कहा गया है कि यह वर्टीकल है और नीचे की ओर गहरा है। यह इतना बड़ा है कि इसमें व्यक्ति ठहर सकते हैं। यानी कि भविष्य में मंगल मिशन पर जाने वाले अंतरिक्ष यात्रियों के लिए यह सिर छुपाने की जगह के रूप में इस्तेमाल हो सकता है। रिपोर्ट में कहा गया है कि मंगल का वायुमंडल बहुत ही पतला है। इसमें ग्लोबल मेग्नेटिक फील्ड की कमी है। यह सूर्य से आने वाली रेडिएशन को नहीं रोक सकता है, जैसा कि हमारी पृथ्वी कर सकती है। इसी वजह से मंगल पर रेडिएशन 40 से 50 गुना तक ज्यादा पाया जाता है। 

नासा के अनुसार इस तरह के गड्ढे मंगल पर जीवन के सबूतों के बारे में भी जानकारी दे सकते हैं। कहा गया है कि बीते समय में भी हो सकता है कि ये शेल्टर की तरह इस्तेमाल किए गए हों। या फिर क्या पता वहां पर जीवाणु आदि भी पनप रहे हों। हालांकि अभी तक यह एक रहस्य ही बना हुआ है कि यह गड्ढा कितना गहरा है। साथ ही अभी यह भी पता नहीं है कि अंदर जाकर ये छोटे ही खुलते हैं या फिर गुफा जैसा स्ट्रक्चर भी इनमें मौजूद है। नासा ने रिपोर्ट निष्कर्ष निकाला है कि अगर ये गुफा के रूप में अंदर खुलते हैं तो भविष्य में अंतरिक्ष यात्रियों के लिए यह बड़ी राहत बन सकते हैं जो उन्हें बाहर के रेडिएशन से बचा सकते हैं। 
Comments

लेटेस्ट टेक न्यूज़, स्मार्टफोन रिव्यू और लोकप्रिय मोबाइल पर मिलने वाले एक्सक्लूसिव ऑफर के लिए गैजेट्स 360 एंड्रॉयड ऐप डाउनलोड करें और हमें गूगल समाचार पर फॉलो करें।

ये भी पढ़े: , HiRISE, HiRise MRO camera, NASA, hole on Mars, shelter on mars
हेमन्त कुमार

हेमन्त कुमार Gadgets 360 में सीनियर सब-एडिटर हैं और विभिन्न प्रकार के ...और भी

Share on Facebook Gadgets360 Twitter ShareTweet Share Snapchat Reddit आपकी राय google-newsGoogle News

विज्ञापन

Follow Us

विज्ञापन

#ताज़ा ख़बरें
  1. 700W पावर और वायरलेस सेटअप! boAt ने भारत में लॉन्च किया Aavante Prime X साउंड सिस्टम
  2. Google Pixel का अप्रैल अपडेट बना सिरदर्द, यूजर्स बोले - 'फोन कुछ घंटों में हो रहा डाउन'
  3. Bitcoin में जोरदार तेजी, 78,000 डॉलर से ज्यादा हुआ प्राइस
  4. Vivo X300 Ultra और Vivo X300 FE अगले महीने होंगे भारत में लॉन्च, ट्रिपल रियर कैमरा यूनिट 
  5. OpenAI ने बेहतर इमेज जनरेशन और रीजनिंग कैपेसिटी के साथ ChatGPT Images 2.0 किया पेश
  6. AI Labelling: AI से कंटेंट बनाना आसान नहीं होगा! सरकार लाई नया प्रस्ताव, 7 मई तक डेडलाइन
  7. सिंगल चार्ज में 681 किमी रेंज वाली Tesla Model Y L Premium लॉन्च, 3 रो सीटिंग के साथ ऐसे हैं फीचर्स, जानें कीमत
  8. Airtel ग्राहकों के लिए खुशखबरी! अब 3400 नए शहरों में मिलेगी कंपनी की 5G सर्विस, जानें पूरी लिस्ट
  9. Motorola Edge 70 Pro हुआ 50MP कैमरा, 6500mAh बैटरी के साथ लॉन्च, जानें सबकुछ
  10. Oppo Find X9s हुआ 12GB RAM, 7025mAh बैटरी के साथ लॉन्च, जानें सबकुछ
© Copyright Red Pixels Ventures Limited 2026. All rights reserved.
ट्रेंडिंग प्रॉडक्ट्स »
लेटेस्ट टेक ख़बरें »