• होम
  • विज्ञान
  • ख़बरें
  • धरती के नीचे माउंट एवरेस्ट से 100 गुना लंबी चट्टानी परत, क्‍या है दूसरे ग्रह से कनेक्‍शन?

धरती के नीचे माउंट एवरेस्ट से 100 गुना लंबी चट्टानी परत, क्‍या है दूसरे ग्रह से कनेक्‍शन?

वैज्ञानिक आमतौर पर मानते हैं कि ब्‍लाब, टेक्टोनिक प्लेटों के मूवमेंट से जुड़े हैं, लेकिन इनमें बदलाव ने वैज्ञानिकों को हैरान किया है।

धरती के नीचे माउंट एवरेस्ट से 100 गुना लंबी चट्टानी परत, क्‍या है दूसरे ग्रह से कनेक्‍शन?

वैज्ञानिकों ने कहा है कि से इमेजेस भूकंप विज्ञान में ‘मील का पत्थर’ साबित हो सकती हैं।

ख़ास बातें
  • बताया जाता है कि ये ब्‍लाब, माउंट एवरेस्ट से 100 गुना लंबे हैं
  • रिसर्चर्स की एक टीम मानती है कि यह सब थिया (Theia) के अवशेष हैं
  • थिया एक एक प्रोटोप्लैनेट था, जो पृथ्‍वी से टकराया था
विज्ञापन
हमारे ब्रह्मांड में कई ऐसे रहस्‍य हैं, जिनकी तह तक जाने के लिए वैज्ञानिक दिन-रात जुटे हुए हैं। रहस्‍यों से घिरी तो हमारी पृथ्‍वी भी है। वैज्ञानिकों ने इसके अंदर मौजूद ‘रहस्यमयी' ब्लाब की इमेज बनाकर उसे समझने की कोशिश की है। ब्लाब, हमारी पृथ्वी के क्रस्‍ट और उसके कोर के बीच चट्टान की गर्म मोटी परत है। ठोस होने के बावजूद यह धीरे-धीरे बहती रहती है। वैज्ञानिक आमतौर पर मानते हैं कि ये ब्‍लाब, टेक्टोनिक प्लेटों के मूवमेंट से जुड़े हैं, लेकिन इनमें बदलाव ने वैज्ञानिकों को हैरान किया है। वैज्ञानिकों ने इन्‍हें ‘आकर्षक और जटिल' कहा है। बताया है कि वह उनके बारे में और ज्‍यादा समझने की कोशिश कर रहे हैं। ये इमेजेस नेचर कम्युनिकेशंस में पब्लिश एक स्‍टडी का हिस्सा हैं। इस स्‍टडी में सर्कुलर अंडरग्राउंड पॉकेट पर फोकस किया गया है, जिसे हवाई के नीचे मौजूद अल्ट्रा-लो वेग जोन कहा जाता है। अब वैज्ञानिकों ने कहा है कि से इमेजेस भूकंप विज्ञान में ‘मील का पत्थर' साबित हो सकती हैं।

मिरर यूके की रिपोर्ट के अनुसार, कैम्ब्रिज यूनिवर्सिटी के जियोफ‍िजिसिस्‍ट, ज़ी ली ने कहा कि पृथ्वी के सभी डीप इंटीरियर फीचर्स में ये सबसे आकर्षक और जटिल हैं। हमें पृथ्‍वी की आंतरिक संरचना दिखाने के लिए पहला ठोस सबूत मिल गया है, जो भूकंप विज्ञान के लिए मील का पत्थर है। इन इमेजेस को बेहतर बनाने के लिए वैज्ञानिक लंबे वक्‍त से कोशिश कर रहे थे। उन्‍होंने कई इंस्‍ट्रूमेंट्स इस्‍तेमाल किए, लेकिन इमेजेस बेहतर नहीं बनीं। पृथ्वी की सतह से दूरी ने इसे चुनौतीपूर्ण काम बना दिया था।

लेकिन इस बार इमेजेस को कंप्यूटर मॉडलिंग द्वारा तैयार किया गया है। इसके लिए डेटा को पृथ्वी की लेयर्स के जरिए भेजे गए सिग्‍नल्‍स से लिया गया है। इन सिग्‍नल रेस्‍पॉन्‍स के जरिए वैज्ञानिक यह समझ पाए हैं कि यह ब्लाब लगभग एक किलोमीटर साइज का है। इस महीने की शुरुआत में एक और स्‍टडी ने यह अनुमान लगाया था कि पृथ्‍वी के केंद्र के महाद्वीपों के साइज के कुछ बड़े ब्‍लाब हैं।

बताया जाता है कि ये ब्‍लाब, माउंट एवरेस्ट से 100 गुना लंबे हैं और वैज्ञानिकों को इस बारे में बहुत कम जानकारी है कि वे वहां क्यों मौजूद हैं। रिसर्चर्स की एक टीम अब यह मानती है कि यह सब थिया (Theia) के अवशेष हैं। थिया एक एक प्रोटोप्लैनेट था, जो 4.5 मिलियन साल पहले पृथ्वी से टकराया था। इसी की वजह से चंद्रमा का निर्माण हुआ था। रिपोर्ट के अनुसार, ये ब्‍लाब पश्चिमी अफ्रीका और प्रशांत महासागर के नीचे स्थित हैं और कई दशकों से भूकंप विज्ञानियों को भ्रमित कर रही हैं।
1h8hq1bकैलिफोर्निया यूनिवर्सिटी की स्‍टडी में भाग लेने वाले वैज्ञानिकों में से एक सुजॉय मुखोपाध्याय ने कहा कि अगर यह चीजें वाकई में पुरानी हैं, तो यह हमें बताती हैं कि हमारे ग्रह का निर्माण कैसे हुआ।
 
Comments

लेटेस्ट टेक न्यूज़, स्मार्टफोन रिव्यू और लोकप्रिय मोबाइल पर मिलने वाले एक्सक्लूसिव ऑफर के लिए गैजेट्स 360 एंड्रॉयड ऐप डाउनलोड करें और हमें गूगल समाचार पर फॉलो करें।

संबंधित ख़बरें

Share on Facebook Gadgets360 Twitter ShareTweet Share Snapchat Reddit आपकी राय google-newsGoogle News

विज्ञापन

Follow Us

विज्ञापन

#ताज़ा ख़बरें
  1. Ola Electric ने शुरू की हायपर डिलीवरी, कस्टमर्स को कुछ घंटे में मिलेगा इलेक्ट्रिक स्कूटर
  2. CMF Phone 2 भारत में जल्द होगा लॉन्च? Flipkart पर लाइव हुआ टीजर पेज
  3. स्पैम कॉल,साइबर फ्रॉड पर DoT की बड़ी कार्रवाई, 1.75 लाख टेलीफोन नंबरों को किया बंद
  4. BSNL के Reliance Jio को बिल न देने से सरकार को हुआ 1,758 करोड़ रुपये का नुकसान
  5. Alcatel की भारत में वापसी! प्रीमियम स्मार्टफोन रेंज करेगी लॉन्च, Make in India के तहत भारत में बनेंगे डिवाइस
  6. 1399 रुपये में itel King Signal फोन लॉन्च, 3 सिम के साथ फास्ट नेटवर्क सपोर्ट और गजब फीचर्स
  7. WhatsApp ने फरवरी में 97 लाख से अधिक भारतीय अकाउंट्स किए बैन
  8. दुनिया का पहला डबल स्क्रीन वाला रग्ड फोन Ulefone Armor 30 Pro होगा 14 अप्रैल को लॉन्च
  9. अंतरिक्ष में रचा इतिहास! Elon Musk की SpaceX ने दिखाया पृथ्वी का अनदेखा हिस्सा, देखें वीडियो
  10. Hyundai Insteroid: गेमर्स के लिए सपनों की कार से कम नहीं है हुंडई का नया कॉन्सेप्ट
© Copyright Red Pixels Ventures Limited 2025. All rights reserved.
ट्रेंडिंग प्रॉडक्ट्स »
लेटेस्ट टेक ख़बरें »