• होम
  • मोबाइल
  • ख़बरें
  • देश में बढ़ेगी इलेक्ट्रॉनिक्स की मैन्युफैक्चरिंग, सरकार देगी 5 अरब डॉलर के इंसेंटिव्स

देश में बढ़ेगी इलेक्ट्रॉनिक्स की मैन्युफैक्चरिंग, सरकार देगी 5 अरब डॉलर के इंसेंटिव्स

इस स्कीम को इलेक्ट्रॉनिक्स मिनिस्ट्री ने तैयार किया है। मिनिस्ट्री ने इसके लिए कंपोनेंट्स की पहचान भी की है

देश में बढ़ेगी इलेक्ट्रॉनिक्स की मैन्युफैक्चरिंग, सरकार देगी 5 अरब डॉलर के इंसेंटिव्स

इस स्कीम को दो से तीन महीनों में लॉन्च किया जा सकता है

ख़ास बातें
  • इसमें इलेक्ट्रॉनिक्स के कंपोनेंट की लोकल मैन्युफैक्चरिंग पर जोर होगा
  • पिछले कुछ वर्षों में देश में इलेक्ट्रॉनिक्स की मैन्युफैक्चरिंग बढ़ी है
  • केंद्र सरकार ने इलेक्ट्रॉनिक्स की मैन्युफैक्चरिंग बढ़ाने के उपाय किए हैं
विज्ञापन
पिछले कुछ वर्षों में भारत में इलेक्ट्रॉनिक्स की मैन्युफैक्चरिंग बढ़ी है। केंद्र सरकार ने इस सेक्टर की कंपनियों को लैपटॉप्स से लेकर स्मार्टफोन्स के लिए कंपोनेंट्स की लोकल मैन्युफैक्चरिंग करने पर पांच अरब डॉलर (लगभग 42,221 करोड़ रुपये) के इंसेंटिव्स देने की योजना बनाई है। इससे चीन से होने वाली सप्लाई को घटाया जा सकेगा। 

पिछले छह वर्षों में देश में इलेक्ट्रॉनिक्स की मैन्युफैक्चरिंग दोगुने से अधिक बढ़कर लगभग 115 अरब डॉलर पर पहुंच गई है। इसमें अमेरिकी डिवाइसेज मेकर Apple और दक्षिण कोरिया की Samsung के स्मार्टफोन्स की मैन्युफैक्चरिंग में ग्रोथ का बड़ा योगदान है। दुनिया में भारत चौथा सबसे बड़ा स्मार्टफोन्स का सप्लायर बन गया है। हालांकि, स्मार्टफोन्स की मैन्युफैक्चरिंग में चीन से इम्पोर्ट होने वाले कंपोनेंट्स का काफी इस्तेमाल होता है। इस बारे में जानकारी रखने वाले एक सरकारी अधिकारी ने बताया, "नई स्कीम से प्रिंटेड सर्किट बोर्ड्स जैसे महत्वपूर्ण कंपोनेंट्स की मैन्युफैक्चरिंग को बढ़ावा मिलेगा।" 

इस स्कीम को दो से तीन महीनों में लॉन्च किया जा सकता है। इसमें पात्र भारतीय या इंटरनेशनल कंपनियों को चार-पांच अरब डॉलर के इंसेंटिव्स की पेशकश की जाएगी। इस स्कीम को इलेक्ट्रॉनिक्स मिनिस्ट्री ने तैयार किया है। मिनिस्ट्री ने इसके लिए कंपोनेंट्स की पहचान भी की है। इस बारे में टिप्पणी के लिए भेजे गए निवेदन का फाइनेंस मिनिस्ट्री और इलेक्ट्रॉनिक्स मिनिस्ट्री ने उत्तर नहीं दिया। सरकार के थिंक टैंक नीति आयोग ने बताया है कि 2030 तक इलेक्ट्रॉनिक्स की मैन्युफैक्चरिंग को बढ़ाकर लगभग 500 अरब डॉलर करने का लक्ष्य है। इसमें लगभग 150 अरब डॉलर डॉलर की कंपोनेंट्स की मैन्युफैक्चरिंग शामिल है। 

पिछले वित्त वर्ष में देश में 89 अरब डॉलर से अधिक इलेक्ट्रॉनिक्स, टेलीकॉम इक्विपमेंट और इलेक्ट्रिकल प्रोडक्ट्स का इम्पोर्ट किया गया था। इसमें से आधे से अधिक इम्पोर्ट चीन और हांगकांग से हुआ था। एपल ने iPhone की मैन्युफैक्चरिंग के लिए चीन पर अपनी निर्भरता घटाने की तैयारी की है। इसके लिए कंपनी की भारत में अपनी सप्लाई चेन बनाने की योजना है। पिछले कुछ वर्षों से एपल ने चीन में अपनी मैन्युफैक्चरिंग का कुछ हिस्सा अन्य देशों में शिफ्ट करने पर कार्य किया है। देश में पिछले वित्त वर्ष में कंपनी का रेवेन्यू लगभग 36 प्रतिशत बढ़कर 67,121 करोड़ रुपये से अधिक का था। एपल की सेल्स में आईफोन्स की बड़ी हिस्सेदारी है। 
Comments

लेटेस्ट टेक न्यूज़, स्मार्टफोन रिव्यू और लोकप्रिय मोबाइल पर मिलने वाले एक्सक्लूसिव ऑफर के लिए गैजेट्स 360 एंड्रॉयड ऐप डाउनलोड करें और हमें गूगल समाचार पर फॉलो करें।

आकाश आनंद

Gadgets 360 में आकाश आनंद डिप्टी न्यूज एडिटर हैं। उनके पास प्रमुख ...और भी

Share on Facebook Gadgets360 Twitter ShareTweet Share Snapchat Reddit आपकी राय google-newsGoogle News

विज्ञापन

Follow Us

विज्ञापन

#ताज़ा ख़बरें
  1. 10 हजार सस्ता खरीदें Vivo का 200MP कैमरा वाला फ्लैगशिप फोन!
  2. Samsung Galaxy F70 Pro जल्द होगा लॉन्च, Geekbench पर लिस्टिंग
  3. OnePlus N6x में मिलेगी 7,000mAh की बैटरी, इस महीने होगा लॉन्च
  4. Ola-Uber-Rapido ड्राइवर की मनमानी से परेशान? अब राइड कैंसल करने पर लगेगा भारी जुर्माना
  5. CJP Protest: बिना इंटरनेट चलने वाले Bitchat ऐप को सरकार ने किया बैन, जानें क्या था खतरा!
  6. Moto Pad 70 जल्द होगा भारत में लॉन्च, 10,200mAh की बैटरी
  7. Pixel Watch 5 में मिलेगी 3GB रैम, Qualcomm की चिप! गूगल प्ले कंसोल लिस्टिंग में खुलासा
  8. Honda ने भारत में पेश किया QC3 इलेक्ट्रिक स्कूटर, जानें फीचर्स, रेंज
  9. Apple का सबसे महंगा स्मार्टफोन हो सकता है iPhone 18 Pro Max
  10. CJP के प्रदर्शन में दिल्ली पुलिस के अधिकारी ने पहने स्मार्ट ग्लासेस!, जानें क्या हैं इस टेक्नोलॉजी के मायने?
© Copyright Red Pixels Ventures Limited 2026. All rights reserved.
ट्रेंडिंग प्रॉडक्ट्स »
लेटेस्ट टेक ख़बरें »