भारत के लोकसभा चुनाव में AI के इस्तेमाल से गड़बड़ी कर सकता है चीन

हाल ही में चीन ने ताइवान के प्रेसिडेंट के चुनाव में परिणाम को प्रभावित करने के लिए AI का इस्तेमाल किया था

भारत के लोकसभा चुनाव में AI के इस्तेमाल से गड़बड़ी कर सकता है चीन

देश में जल्द AI से जुड़े रेगुलेशंस को कानूनी दायरे में लाया जा सकता है

ख़ास बातें
  • दुनिया भर में 60 से अधिक देशों में चुनाव होने वाले हैं
  • इन चुनावों में चीन AI से तैयार किए गए कंटेंट से रुकावट डाल सकता है
  • चीन ने ताइवान के प्रेसिडेंट के चुनाव को प्रभावित करने का प्रयास किया था
विज्ञापन
बड़ी सॉफ्टवेयर कंपनियों में शामिल Microsoft ने चेतावनी दी है कि भारत में होने वाले लोकसभा चुनाव में चीन आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) के इस्तेमाल से गड़बड़ी कर सकता है। हाल ही में चीन ने ताइवान के प्रेसिडेंट के चुनाव में परिणाम को प्रभावित करने के लिए AI का इस्तेमाल किया था।  

पिछले महीने माइक्रोसॉफ्ट के को-फाउंडर, Bill Gates ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के साथ राजधानी में मीटिंग की थी। इस मीटिंग में AI के इस्तेमाल और हेल्थ और एग्रीकल्चर में इनोवेशन पर चर्चा की गई थी। दुनिया भर में 60 से अधिक देशों में चुनाव होने वाले हैं। माइक्रोसॉफ्ट की थ्रेट इंटेलिजेंस टीम ने बताया है कि चीन की सरकार से समर्थन वाले सायबर ग्रुप उत्तर कोरिया की मदद से इस वर्ष होने वाले कई चुनावों को निशाना बना सकते हैं। इन चुनावों में चीन AI से तैयार किए गए कंटेंट को सोशल मीडिया के जरिए वायरल कर जनता की राय को बदलने का षडयंत्र कर सकता है। 

माइक्रोसॉफ्ट ने एक स्टेटमेंट में कहा है, "दुनिया भर में इस वर्ष कई बड़े चुनाव होने हैं। इनमें विशेषतौर पर भारत, अमेरिका और दक्षिण कोरिया के चुनाव शामिल हैं। हमारा आकलन है कि चीन अपने हितों के फायदे के लिए  AI से तैयार किए जाने वाले कंटेंट का इस्तेमाल कर सकता है।" देश में जल्द AI से जुड़े रेगुलेशंस को कानूनी दायरे में लाया जा सकता है। इसके लिए लोकसभा चुनाव के बाद एक रेगुलेटरी फ्रेमवर्क तैयार करने की योजना है। 

इलेक्ट्रॉनिक्स एंड इनफॉर्मेशन टेक्नोलॉजी मिनिस्टर, Ashwini Vaishnaw ने एक बिजनेस न्यूजपेपर को दिए इंटरव्यू में बताया है कि AI के लिए एक रेगुलेटरी स्ट्रक्चर बनाने की योजना है। उन्होंने कहा, "इसके लिए खुद रेगुलेट करने वाली संस्था बनाने का विचार था लेकिन हमें नहीं लगता कि यह पर्याप्त होगा। हमारा मानना है कि इस रेगुलेशन को कानूनी तरीके से करना चाहिए। हमने इस बारे में इंडस्ट्री के साथ विचार-विमर्श किया है। चुनाव के बाद कानून बनाने की ओर बढ़ने के लिए हम औपचारिक तौर पर कंसल्टेशन की प्रक्रिया को शुरू करेंगे।" Ashwini का कहना था कि रेगुलेशंस संतुलित होंगे और यह पक्का किया जाएगा कि इनोवेटर्स की क्रिएटिविटी को नुकसान न हो। पिछले वर्ष AI का इस्तेमाल बढ़ने के साथ ही डीपफेक्स जैसी समस्याएं भी सामने आई थी। इसके बाद सरकार ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म Facebook और YouTube को इसे लेकर चेतावनी दी थी। 
 
Comments

लेटेस्ट टेक न्यूज़, स्मार्टफोन रिव्यू और लोकप्रिय मोबाइल पर मिलने वाले एक्सक्लूसिव ऑफर के लिए गैजेट्स 360 एंड्रॉयड ऐप डाउनलोड करें और हमें गूगल समाचार पर फॉलो करें।

आकाश आनंद

Gadgets 360 में आकाश आनंद डिप्टी न्यूज एडिटर हैं। उनके पास प्रमुख ...और भी

संबंधित ख़बरें

Share on Facebook Gadgets360 Twitter ShareTweet Share Snapchat Reddit आपकी राय google-newsGoogle News

विज्ञापन

Follow Us

विज्ञापन

#ताज़ा ख़बरें
  1. Hisense लाई ऐसा फोन जिससे अलग हो जाती है स्क्रीन! Hisense A10 के जानें फीचर्स
  2. मोबाइल की महंगी मार! Rs 8 हजार बढ़ गई Samsung Galaxy M47 फोन की कीमत
  3. Vivo ने सस्ता फोन Vivo Y05e किया लॉन्च, 5150mAh बैटरी से लैस, जानें कीमत
  4. Acer ने लॉन्च किया 2 डिस्प्ले वाला फोन! 64MP कैमरा, 5000mAh बैटरी, जानें सबकुछ
  5. मोबाइल नेटवर्क गया तो इस देश में ट्रेनें हो गईं ठप! भारत में भी हो सकता है? जानें
  6. 5000mAh बैटरी वाला Xiaomi फोन 21 हजार सस्ता खरीदें! Flipkart पर भारी डिस्काउंट
  7. Samsung Galaxy S27 Pro के फीचर्स में हो सकती है कटौती! प्रोसेसर, कैमरा को लेकर अपडेट
  8. पाकिस्तान में क्रिप्टोकरेंसी के खिलाफ जारी हुआ फतवा, इस्लामिक कानून के तहत अवैध करार
  9. Motorola लेटेस्ट फोन Edge 70 Max में होगी 7100mAh बैटरी, 7000 निट्स वाली डिस्प्ले! 15 जुलाई को है लॉन्च
  10. भारत में इस कारण 50% से ज्यादा यूजर्स जल्दी बदल लेते हैं अपना स्मार्टफोन!
© Copyright Red Pixels Ventures Limited 2026. All rights reserved.
ट्रेंडिंग प्रॉडक्ट्स »
लेटेस्ट टेक ख़बरें »