ब्रिटेन के सेंट्रल बैंक ने Bitcoin के जरिए पेमेंट पर जताई आशंका

बैंक ऑफ इंग्लैंड के गवर्नर Andrew Bailey ने कहा कि पेमेंट के जरिए के तौर पर बिटकॉइन ठीक नहीं है

ब्रिटेन के सेंट्रल बैंक ने Bitcoin के जरिए पेमेंट पर जताई आशंका

ब्रिटेन की सरकार ने पिछले महीन स्टेबलकॉइन्स को पेमेंट के विकल्प के तौर पर स्वीकृति दी थी

ख़ास बातें
  • इससे पहले भी Bailey ने बिटकॉइन का विरोध किया था
  • ब्लॉकचेन टेक्नोलॉजी को लेकर Bailey का विरोध नहीं है
  • अल साल्वाडोर ने पिछले वर्ष बिटकॉइन को कानूनी दर्जा दिया था
विज्ञापन
बैंक ऑफ इंग्लैंड (BoE) ने एक बार फिर बिटकॉइन के खिलाफ अपना रुख जाहिर किया है। BoE के गवर्नर Andrew Bailey ने कहा कि पेमेंट के जरिए के तौर पर बिटकॉइन ठीक नहीं है। उनका मानना है कि मार्केट कैप के लिहाज से इस सबसे बड़ी क्रिप्टोकरेंसी के साथ कोई वैल्यू नहीं जुड़ी। पिछले कुछ सप्ताह में बिटकॉइन सहित क्रिप्टो मार्केट में बड़ी गिरावट आई है और इससे इनवेस्टर्स को करोड़ों डॉलर का नुकसान हुआ है। 

इससे पहले भी Bailey ने बिटकॉइन का विरोध किया था। उन्होंने कहा, "बिटकॉइन के समर्थक शायद मुझसे नाराज हो सकते हैं क्योंकि मैंने कहा है कि इसके पीछे कोई वैल्यू नहीं है। इसकी बाहरी वैल्यू हो सकती है क्योंकि लोग इसे खरीदना चाहते हैं। लोग कई प्रकार की चीजें एकत्र करते हैं लेकिन बिटकॉइन की कोई वैल्यू नहीं है। मुझे नहीं लगता कि यह पेमेंट का एक व्यावहारिक जरिया है।" Bailey का मानना है कि बिटकॉइन के डीसेंट्रलाइज्ड होने और इसमें वोलैटिलिटी अधिक रहने के कारण यह मार्केट के लिए बड़ा रिस्क है। उन्होंने पिछले वर्ष दिसंबर में अल साल्वाडोर के नागरिकों को लेकर आशंका जताई थी। अल साल्वाडोर ने पिछले वर्ष बिटकॉइन को कानूनी दर्जा दिया था। Bailey ने कहा था कि अल साल्वाडोर के नागरिकों को शायद यह जानकारी नहीं है कि इससे उनकी वित्तीय स्थिति को नुकसान हो सकता है। 

हालांकि, ब्लॉकचेन टेक्नोलॉजी को लेकर Bailey का विरोध नहीं है। उन्होंने कहा था कि इस टेक्नोलॉजी का इस्तेमाल दिलचस्प है। Bailey का दावा है कि उनके पास कोई क्रिप्टोकरेंसी नहीं है। ब्रिटेन की सरकार ने पिछले महीन स्टेबलकॉइन्स को पेमेंट के विकल्प के तौर पर स्वीकृति दी थी। 

स्टेबलकॉइन्स ऐसी क्रिप्टोकरेंसीज होते हैं जो अपने मार्केट प्राइस को गोल्ड या सामान्य करेंसीज जैसे किसी रिजर्व एसेट से जोड़ने की कोशिश करते हैं। ये ऐसी डिजिटल ट्रांजैक्शंस के लिए अधिक इस्तेमाल होते हैं जिनमें वर्चुअल एसेट्स को वास्तविक एसेट्स में कन्वर्ट करना शामिल होता है। USD Coin, Tether और Binance USD कुछ लोकप्रिय स्टेबलकॉइन्स हैं, जो अमेरिकी डॉलर से जुड़े हैं। क्रिप्टो का तेजी से बढ़ता वर्जन स्टेबलकॉइन एक्सचेंज के प्रमुख माध्यम के तौर पर उभरा है। इसका इस्तेमाल अक्सर ट्रेडर्स की ओर से फंड भेजने के लिए किया जाता है। प्रमुख स्टेबलकॉइन्स को बिटकॉइन या अन्य क्रिप्टोकरेंसीज के लिए एक्सचेंज किया जा सकता है। 

भारतीय एक्सचेंजों में क्रिप्टोकरेंसी की कीमतें

Comments

लेटेस्ट टेक न्यूज़, स्मार्टफोन रिव्यू और लोकप्रिय मोबाइल पर मिलने वाले एक्सक्लूसिव ऑफर के लिए गैजेट्स 360 एंड्रॉयड ऐप डाउनलोड करें और हमें गूगल समाचार पर फॉलो करें।

ये भी पढ़े: Crypto, Payment, Bitcoin, Legal, Investors, Market, Risk, Blockchain, Technology
Share on Facebook Gadgets360 Twitter ShareTweet Share Snapchat Reddit आपकी राय google-newsGoogle News

विज्ञापन

Follow Us

विज्ञापन

#ताज़ा ख़बरें
  1. Moto Pad 70 Groove जल्द होगा भारत में लॉन्च, 10,200mAh की बैटरी
  2. Oppo A7 Pro Max में मिल सकती है 10,000mAh की पावरफुल बैटरी
  3. Samsung के Galaxy Z Fold 8 की 28 लाख यूनिट्स की हो सकती है मैन्युफैक्चरिंग
  4. ट्रंप के सोशल मीडिया पोस्ट से होगी कमाई? लेकिन पहले चुकाने पड़ सकते हैं ₹85 लाख
  5. जापान में इंसानों के लिए आया अनोखा रेफ्रिजरेटर, मात्र 5 मिनट में ठंडा करता है शरीर
  6. भारत की खुद की हवा में उड़ने वाली टैक्सी तैयार! IIT Madras ने दिखाया 110 Km रेंज वाला e200X
  7. ऑनलाइन गेमिंग में बच्चे रहेंगे सुरक्षित, बस इन बातों पर जरूर दें ध्यान
  8. Poco M8 Power के भारत में लॉन्च की तैयारी, 50 मेगापिक्सल हो सकता है प्राइमरी कैमरा 
  9. फोन-लैपटॉप के बाद अब सब्सक्रिप्शन भी महंगे, Apple ने बढ़ाए इस सर्विस के दाम
  10. Vivo X300 E की प्री-सेल्स शुरू, जानें कैसे होंगे स्पेसिफिकेशंस
© Copyright Red Pixels Ventures Limited 2026. All rights reserved.
ट्रेंडिंग प्रॉडक्ट्स »
लेटेस्ट टेक ख़बरें »