आप बिना कार्ड के भी आसानी से यूपीआई के जरिए एटीएम से पैसा निकाल सकते हैं। यूपीआई की इस सर्विस के जरिए आपको कार्ड रखने की जरूरत नहीं होगी, क्योंकि यह प्रक्रिया पूरी तरह से कार्डलेस है, जिससे कार्ड क्लोनिंग या कार्ड के चोरी होने या गुम होने जैसे जोखिम का खतरा नहीं रहता है। प्रति ट्रांजेक्शन लिमिट अधिकतम 10 हजार रुपये तक हो सकती है।
Block ने AI के चलते बड़े पैमाने पर छंटनियां की हैं। कंपनी ने 40% स्टाफ को कम करने की बात कही है क्योंकि इसका मानना है कि AI के चलते कम लोगों के रहते भी कंपनी बेहतरीन बिजनेस कर रही है। Block पेमेंट कंपनी Square, Cash App और Afterpay जैसे पेमेंट ऐप्स के लिए जानी जाती है। कहा है कि छंटनियां बिजनेस में मंदी के कारण नहीं की गई हैं, बल्कि वजह ये है कि AI के आ जाने से अब बहुत अधिक संख्या में कर्मचारियों की जरूरत नहीं रह गई है।
भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) के मंथली आंकड़ों के अनुसार, यूपीआई बेस्ड डिजिटल पेमेंट में बढ़ोतरी के बीच डेबिट कार्ड बेस्ड ट्रांजैक्शन में गिरावट दर्ज हुई है। आंकड़ों के अनुसार, डेबिट कार्ड से होने वाला लेनदेन इस साल अगस्त में लगभग 43,350 करोड़ रुपये से घटकर सितंबर में लगभग 39,920 करोड़ रुपये रह गया। दूसरी ओर, देश में क्रेडिट कार्ड से लेनदेन बढ़ा है।
Ether में भी पिछले सप्ताह की तुलना में उछाल था। CoinMarketCap जैसे इंटरनेशनल एक्सचेंजों पर इसका प्राइस लगभग 3,512 डॉलर और भारतीय एक्सचेंजों पर 3,685 डॉलर का था
दूसरी सबसे बड़ी क्रिप्टोकरेंसी Ether का प्राइस 0.42 प्रतिशत घटकर लगभग 2,290 डॉलर पर था। इसके अलावा Tether, Solana, Ripple, Cardano, Polygon, Litecoin और Bitcoin Cash में नुकसान था
अधिकारियों ने बताया कि आईटी टीम अब जियो सर्विलांस सिस्टम का इस्तेमाल कर रही है। यह जमीन के भीतरी छिपी कीमती धातुओं जैसे सोने और जूलरी आदि को बहुत आसानी से ढूंढ सकता है।
तेजी वाली क्रिप्टोकरेंसीज में Polygon, Chainlink, Bitcoin Cash और Neo Coin शामिल थे। पिछले एक दिन में क्रिप्टो का मार्केट कैपिटलाइजेशन 1.57 प्रतिशत घटकर लगभग 1.04 लाख करोड़ डॉलर पर था
पिछले वर्ष के अंत में बड़े क्रिप्टो एक्सचेंजों में शामिल FTX के दिवालिया होने का मार्केट पर बड़ा असर पड़ा था। इससे बड़ी संख्या में इनवेस्टर्स ने क्रिप्टोकरेंसीज से दूरी बना ली थी