ISRO और NASA को एक बड़े ब्लैक होल के पास यह क्या दिखा!

यह खोज नासा की कई ऑब्जर्वेट्री ने मिलकर की है

ISRO और NASA को एक बड़े ब्लैक होल के पास यह क्या दिखा!

घटना में एक विशाल ब्लैक होल 2 खगोलीय पिंडों को प्रभावित करता हुआ दिख रहा है।

ख़ास बातें
  • विशाल ब्लैक होल 2 खगोलीय पिंडों को प्रभावित करता दिखाई दिया
  • इनमें से एक कोई तारा है
  • यह खोज नासा की कई ऑब्जर्वेट्री ने मिलकर की है
विज्ञापन
अंतरिक्ष वैज्ञानिकों ने एक अद्भुत खगोलीय घटना का पता लगाया है जिसमें एक विशाल ब्लैक होल 2 खगोलीय पिंडों को प्रभावित करता हुआ दिख रहा है। इनमें से एक कोई तारा है। यह खोज नासा की कई ऑब्जर्वेट्री ने मिलकर की है जिसमें Chandra, NICER और Hubble शामिल हैं। साथ ही इसमें भारत के AstroSat का भी बड़ा योगदान है जिसने इस विशालकाय ब्लैक होल के चारों तरफ फैले खगोलीय अवशेषों के बारे में जानकारी दी। 

2019 में खगोलविदों ने पाया कि एक तारे के अवशेष एक बड़े ब्लैक होल के पास मंडरा रहे हैं। बहुत ही शक्तिशाली गुरुत्वाकर्षण ने इस तारे के टुकड़े-टुकड़े कर डाले थे। इस प्रक्रिया को ज्वारीय व्यवधान घटना (tidal disruption event) या TDE कह दिया जाता है। चूंकि तारा छिन्न-भिन्न होकर बिखर चुका था तो इसके अवशेषों ने ब्लैक होल के चारों तरफ एक डिस्क जैसी आकृति ले ली। काफी सालों तक यह डिस्क स्थिर रही, लेकिन हाल ही में अंतरिक्ष वैज्ञानिकों ने कुछ ऐसा नोटिस किया जो बहुत ही असाधारण था। 

ब्लैक होल के चारों तरफ जो डिस्क थी, इसने एक दूसरी खगोलीय वस्तु के साथ जुगलबंदी करनी शुरू कर दी। यह संभावित रूप से कोई तारा है या फिर कोई छोटा ब्लैक होल है जो इससे पहले एक सुरक्षित दूरी पर घूम रहा था। लेकिन अब, यह दूसरी वस्तु इस अवशेषों से भरी डिस्क के साथ टकरा रही है। यह टक्कर हर 48 घंटे में होती है जिसके कारण बड़ी मात्रा में X-रे इसमें से निकलती हैं। क्वीन यूनिवर्सिटी बेलफास्ट से मैट निकॉल के अनुसार, यह ऐसा ही है जैसे कोई गोताखोर बार-बार एक पूल में छलांग लगाए और हर बार पानी बाहर छलके। 

यह दूसरा तारा भी यहां उस गोताखोर की तरह बर्ताव कर रहा है जो बार बार डिस्क में गोता लगा रहा है और एक्स-रे के साथ ही गैस का एक गुबार भी बार-बार यहां पैदा हो रहा है। खगोलविद लम्बे समय से TDE के बारे में बात करते आ रहे हैं जहां पर एक सिंगल स्टार को एक ब्लैक होल के द्वारा एक ही बार में ऊर्जा विस्फोट के दौरान तबाह कर दिया जाता है। लेकिन, हाल ही में एक और हैरान कर देने वाली घटना सामने आई है जिसे क्वासी पीरियॉडिक इरप्शन (QPE) नाम दिया गया है। ये गैलेक्सी के केंद्रों में से निकलने वाले एक्स-रे के चमकदार फ्लैश होते हैं जो निश्चित अंतराल पर दिखाई देते हैं। लेकिन इनके बारे में अभी कुछ भी सही ढंग से समझा नहीं जा सका है। 

 
Comments

लेटेस्ट टेक न्यूज़, स्मार्टफोन रिव्यू और लोकप्रिय मोबाइल पर मिलने वाले एक्सक्लूसिव ऑफर के लिए गैजेट्स 360 एंड्रॉयड ऐप डाउनलोड करें और हमें गूगल समाचार पर फॉलो करें।

ये भी पढ़े: ISRO, NASA, Black Hole, Stellar debris
हेमन्त कुमार

हेमन्त कुमार Gadgets 360 में सीनियर सब-एडिटर हैं और विभिन्न प्रकार के ...और भी

Share on Facebook Gadgets360 Twitter ShareTweet Share Snapchat Reddit आपकी राय google-newsGoogle News

विज्ञापन

Follow Us

विज्ञापन

#ताज़ा ख़बरें
  1. अब घर बैठे देखें Avatar: Fire and Ash, डेट और OTT प्लेटफॉर्म दोनों कन्फर्म
  2. Redmi 15A 5G हो रहा 27 मार्च को लॉन्च, कैमरा से लेकर फीचर्स का हुआ खुलासा
  3. PAN Card Update: 1 अप्रैल से बदल रहे पैन कार्ड नियम, जान लें, कहीं हो न परेशानी
  4. Samsung Galaxy A37, Galaxy A57 5G के लॉन्च से पहले लीक हुआ प्राइस
  5. Truecaller की होगी छुट्टी, BSNL लेकर आ रहा गजब का फीचर
  6. 2K स्क्रीन और 8000mAh से बड़ी बैटरी के साथ जल्द लॉन्च होंगे 2 नए iQOO फोन? लीक हुईं डिटेल्स
  7. Realme P4 Lite 5G की भारत में शुरू हुई बिक्री, 7,000mAh की बैटरी, जानें प्राइस, ऑफर्स
  8. Samsung Galaxy S26 Ultra का टियरडाउन वीडियो आया सामने, जानें कैसे होगा रिपेयर
  9. ATM यूजर्स के लिए बड़ी खबर, 1 अप्रैल से बदल जाएंगे ATM के नियम
  10. Facebook, Instagram जैसे ऐप चलाने के लिए जरूरी होगा ऐज वैरिफिकेशन! आया प्रस्ताव
© Copyright Red Pixels Ventures Limited 2026. All rights reserved.
ट्रेंडिंग प्रॉडक्ट्स »
लेटेस्ट टेक ख़बरें »