भारत के पहले ह्युमन स्पेस मिशन गगनयान स्पेसक्राफ्ट की दिखी झलक

ISRO ने बताया है कि जल्द ही इस मिशन के लिए मानव रहित फ्लाइट टेस्ट शुरू किए जाएंगे। हाल ही में ISRO ने चंद्रयान-3 को सफलतापूर्वक पूरा किया था

भारत के पहले ह्युमन स्पेस मिशन गगनयान स्पेसक्राफ्ट की दिखी झलक

यह मिशन अगले वर्ष दिसंबर में लॉन्च किया जाना है

ख़ास बातें
  • गगनयान भारतीय समुद्री सीमा में एक तय लोकेशन पर लैंड होगा
  • इस मिशन में कोरोना के कारण कुछ देरी हुई है
  • ISRO इस मिशन के लिए जल्द ही मानव रहित फ्लाइट टेस्ट शुरू करेगा
विज्ञापन
देश के पहले ह्युमन स्पेस मिशन Gaganyaan स्पेसक्राफ्ट की तस्वीरें सामने आई हैं। यह मिशन अगले वर्ष दिसंबर में लॉन्च होना है। भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (ISRO) ने बताया है कि जल्द ही इस मिशन के लिए मानव रहित फ्लाइट टेस्ट शुरू किए जाएंगे। हाल ही में ISRO ने चंद्रयान-3 को सफलतापूर्वक पूरा किया था। 

ISRO ने ट्वीट कर बताया, "गगनयान मिशन के लिए मानव रहित फ्लाइट टेस्ट शुरू किए जाएंगे। क्रू एस्केप सिस्टम के प्रदर्शन को दिखाने वाले फ्लाइट टेस्ट व्हीकल अबॉर्ट मिशन-1 के लिए तैयारी की जा रही है।" गगनयान प्रोजेक्ट से धरती से लगभग 400 किलोमीटर दूर एक सर्कुलर ऑर्बिट में दो से तीन सदस्यों के क्रू को एक से तीन दिन तक ले जाने और वापस सुरक्षित धरती पर लाने की भारत की क्षमता का प्रदर्शन किया जाएगा। गगनयान भारतीय समुद्री सीमा में एक तय लोकेशन पर लैंडिंग करेगा। ISRO ने कहा कि इस टेस्ट फ्लाइट की सफलता से बाकी के क्वालिफिकेशन टेस्ट्स और मानव रहित मिशंस के लिए रास्ता तय होगा। 

इस मिशन के पहले क्रू मॉड्यूल के लिए पहले डिवेलपमेंट फ्लाइट टेस्ट व्हीकल (TV-D1) की तैयारी अंतिम चरण में है। ISRO ने बताया, "टेस्ट व्हीकल एक सिंगल स्टेज लिक्विड रॉकेट है जिसे इस अबॉर्ट मिशन के लिए डिवेलप किया गया है। पेलोड में क्रू मॉड्यूल (CM) और क्रू एस्केप सिस्टम (CES) अपनी तेजी से कार्य करने वाली मोटर्स के साथ हैं। इसके अलावा CM फेयरिंग (CMF) और इंटरफेस एडैप्टर्स हैं।" इंटीग्रेशन के बाद क्रू मॉड्यूल की ISRO की बेंगलुरू की लैबोरेटरी में इलेक्ट्रिकल टेस्टिंग की गई थी। 

गगनयान प्रोजेक्ट में  ISRO ने जल्दबाजी नहीं करने का फैसला किया था। इस मिशन को इस तरीके से डिजाइन किया गया है कि जिससे यह पहली कोशिश में ही सफलता हासिल कर सकेगा। इसके लिए टेस्टिंग और डिमॉन्स्ट्रेशन को बढ़ाया गया है। ISRO के डायरेक्टर,  S Somanath ने बताया था कि गगनयान को दो वर्ष पहले लॉन्च किया जाना था लेकिन कोरोना की वजह से इसमें देरी हुई है। उन्होंने कहा था, "हमारी सोच अब अलग है। हम जल्दबाजी नहीं करना चाहते। हमने फैसला कर लिया है। इस ह्युमन स्पेस फ्लाइट का मुख्य उद्देश्य एक पूरी तरह निश्चित सुरक्षित मिशन है।" पिछले कुछ वर्षो में देश ने अंतरिक्ष से जुड़े अभियानों में एक्सपर्टाइज को बढ़ाया है। 
 
Comments

लेटेस्ट टेक न्यूज़, स्मार्टफोन रिव्यू और लोकप्रिय मोबाइल पर मिलने वाले एक्सक्लूसिव ऑफर के लिए गैजेट्स 360 एंड्रॉयड ऐप डाउनलोड करें और हमें गूगल समाचार पर फॉलो करें।

ये भी पढ़े: Space, ISRO, Testing, Gaganyaan, Data, Mission, Crew, Performance, Electrical, Systems
गैजेट्स 360 स्टाफ

द रेजिडेंट बोट । अगर आप मुझे ईमेल करते हैं, तो कोई इंसान जवाब ...और भी

Share on Facebook Gadgets360 Twitter ShareTweet Share Snapchat Reddit आपकी राय google-newsGoogle News

विज्ञापन

Follow Us

विज्ञापन

#ताज़ा ख़बरें
  1. 3 सेकंड में गर्म पानी, 10 मिनट में बर्फ! Xiaomi का नया गैजेट करेगा 4 काम
  2. Samsung Galaxy A27 की कीमत हुई लीक, लॉन्च से पहले जानें सबकुछ
  3. ट्रेन में यात्रा के दौरान ऐसे खोजें खाली सीट, वेटिंग टिकट वालों के काम आएगा IRCTC का यह फीचर
  4. Vivo X300 Pro पर मिल रहा बंपर डिस्काउंट, कीमत हुई सबसे कम
  5. Infinix Smart 20 vs Moto G37 vs Realme P4 Lite 5G: खरीदने से पहले जान लें कौन सा रहेगा बेहतर
  6. Samsung Galaxy Z Fold 8 Ultra जल्द हो सकता है भारत में लॉन्च, BIS पर हुई लिस्टिंग
  7. Ather Energy के इलेक्ट्रिक स्कूटर्स के लिए पेश हुआ वॉयस कमांड फीचर
  8. TCS में 3 वर्षों में वर्कर्स के बराबर हो सकती है AI एजेंट्स की संख्या
  9. Oppo Reno 16 जल्द होगा भारत में लॉन्च, Geekbench पर हुई लिस्टिंग
  10. Instagram यूजर्स सावधान! 20 हजार से ज्यादा अकाउंट हुए हैक, Meta ने मानी गलती
© Copyright Red Pixels Ventures Limited 2026. All rights reserved.
ट्रेंडिंग प्रॉडक्ट्स »
लेटेस्ट टेक ख़बरें »