Unocoin पर शुरू हुई Telegram के Toncoin की परचेज

इस वर्ष TON मेननेट को शुरू किया गया था। इसे मैनेज करने की जिम्मेदारी TON फाउंडेशन के पास है

Unocoin पर शुरू हुई Telegram के Toncoin की परचेज

Telegram के यूजर्स इस ऐप में चैट्स के अंदर Toncoin को सीधे भेज सकते हैं

ख़ास बातें
  • Telegram के फाउंडर्स ने TON की योजना लगभग चार वर्ष पहले बनाई थी
  • इसे मैनेज करने की जिम्मेदारी TON फाउंडेशन के पास है
  • क्रिप्टो मार्केट में बिकवाली से क्रिप्टोकरेंसीज के प्राइसेज घटे हैं
विज्ञापन
मैसेजिंग ऐप Telegram की डीसेंट्रलाइज्ड लेयर-1 ब्लॉकचेन 'TON' के नेटिव टोकन Toncoin को भारतीय क्रिप्टो एक्सचेंज Unocoin पर खरीदने और एक्सचेंज के लिए उपलब्ध कराया गया है। Telegram के फाउंडर्स ने TON की योजना लगभग चार वर्ष पहले बनाई थी। इस वर्ष TON मेननेट को शुरू किया गया था। इसे मैनेज करने की जिम्मेदारी TON फाउंडेशन के पास है।

Telegram के यूजर्स इस ऐप में चैट्स के अंदर Toncoin को सीधे भेज सकते हैं लेकिन इससे पहले यूजर्स को अपने अटैचमेंट मेन्यू में Telegram के वॉलेट बॉट को जोड़ना होता है। Unocoin ने एक स्टेटमेंट में बताया, "Toncoin कुछ फीचर्स के कारण अन्य लेयर-1 ब्लॉकचेन्स से अलग है। यह ट्रांजैक्शन की कई जरूरतों को पूरा करता है। इसे उपलब्ध कराने के साथ हम तेज गति से ट्रांजैक्शंस की उम्मीद कर रहे हैं जिससे एक्सचेंज के यूजर्स की संख्या भी बढ़ सकती है।" हाल ही में TON फाउंडेशन ने डिवेलपमेंट की कोशिशों को आगे बढ़ाने के लिए डोनेशंस के जरिए लगभग एक अरब डॉलर जुटाए थे। 

अमेरिका के सिक्योरिटीज एंड एक्सचेंज कमीशन (SEC) के साथ विवाद के बाद Telegram को लगभग तीन वर्ष पहले अपना क्रिप्टोकरेंसीज से जुड़ा बिजनेस बंद करना पड़ा था। इसमें उसका नेटिव टोकन 'Gram' शामिल था। Telegram के CEO Pavel Durov और उनके भाई Nikolai ने शुरुआत में इस प्रोजेक्ट को Telegram Open Network (TON) के तौर पर डिवेलप किया था। Telegram के इस प्रोजेक्ट को छोड़ने के बाद डिवेलपर्स के एक ग्रुप ने इस पर काम जारी रखा था और उन्होंने बाद में Gram को Toncoin के तौर पर पेश किया था। Toncoin को अपने प्लेटफॉर्म पर उपलब्ध कराने वाला Unocoin एकमात्र भारतीय क्रिप्टो एक्सचेंज है।

केंद्र सरकार के इस महीने की शुरुआत से क्रिप्टो ट्रांजैक्शंस पर एक प्रतिशत का TDS लागू करने के बाद क्रिप्टो एक्सचेंजों की ट्रेडिंग वॉल्यूम में काफी गिरावट आई है। पिछले कुछ महीनों से क्रिप्टो मार्केट में बिकवाली से बिटकॉइन सहित बहुत सी क्रिप्टोकरेंसीज के प्राइसेज काफी घटे हैं। इससे क्रिप्टो सेगमेंट से जुड़ी फर्मों की वित्तीय स्थिति पर भी असर पड़ा है। मार्केट कैपिटलाइजेशन के लिहाज से सबसे बड़ी क्रिप्टोकरेंसी बिटकॉइन ने पिछले वर्ष नवंबर में लगभग 69,000 डॉलर का हाई लेवल छुआ था। इसका प्राइस घटकर लगभग 20,400 डॉलर पर है। 
 

भारतीय एक्सचेंजों में क्रिप्टोकरेंसी की कीमतें

Comments

लेटेस्ट टेक न्यूज़, स्मार्टफोन रिव्यू और लोकप्रिय मोबाइल पर मिलने वाले एक्सक्लूसिव ऑफर के लिए गैजेट्स 360 एंड्रॉयड ऐप डाउनलोड करें और हमें गूगल समाचार पर फॉलो करें।

ये भी पढ़े: Crypto, Telegram, Blockchain, Exchange, Market, America, Trading, SEC, Bitcoin
Share on Facebook Gadgets360 Twitter ShareTweet Share Snapchat Reddit आपकी राय google-newsGoogle News

विज्ञापन

Follow Us

विज्ञापन

#ताज़ा ख़बरें
  1. Bajaj Auto बढ़ाएगी Chetak इलेक्ट्रिक स्कूटर की मैन्युफैक्चरिंग, इलेक्ट्रिक मोटरसाइकिल भी होगी लॉन्च
  2. Samsung ने लॉन्च किए स्मार्ट ग्लासेज, बिल्ट-इन कैमरा, AI फीचर्स
  3. CJP Protest में इस्तेमाल हुए बिना इंटरनेट चलने वाले मैसेजिंग ऐप्स? जानें कैसे काम करती है यह टेक्नोलॉजी
  4. Samsung Galaxy Watch 9 हुई लॉन्च, AI हेल्थ फीचर्स, जानें प्राइस, स्पेसिफिकेशंस
  5. Samsung Galaxy Z Flip 8 क्लैमशेल फोन लॉन्च, 50MP कैमरा के साथ 4300mAh बैटरी से लैस, जानें सबकुछ
  6. 50MP कैमरा, 4800mAh बैटरी के साथ Samsung Galaxy Z Fold 8 लॉन्च, जानें सबकुछ
  7. Samsung Galaxy Watch Ultra 2 हुई लॉन्च, 1.52 इंच AMOLED डिस्प्ले, जानें प्राइस, स्पेसिफिकेशंस
  8. 200MP कैमरा, 5000mAh बैटरी के साथ Samsung Galaxy Z Fold 8 Ultra हुआ लॉन्च, जानें सबकुछ
  9. OnePlus N6x के भारत में लॉन्च की तैयारी, 2 कलर्स के होंगे ऑप्शन
  10. 10 दिन की बैटरी और 80+ एक्टिविटी ट्रैकिंग! Garmin ने लॉन्च किया बिना स्क्रीन वाला फिटनेस ट्रैकर
© Copyright Red Pixels Ventures Limited 2026. All rights reserved.
ट्रेंडिंग प्रॉडक्ट्स »
लेटेस्ट टेक ख़बरें »