SpaceX के फाल्कन 9 रॉकेट ने दूसरी बार भरी अंतरिक्ष की उड़ान, लॉन्‍च किया जासूसी सैटेलाइट

स्‍पेसएक्‍स के लिए फाल्‍कन 9 रॉकेट काफी बेहतर साबित हो रहे हैं। एक ही रॉकेट को अलग-अलग लॉन्‍च के लिए बार-बार इस्‍तेमाल करने से लॉन्‍च में होने वाला खर्च कम होता है।

SpaceX के फाल्कन 9 रॉकेट ने दूसरी बार भरी अंतरिक्ष की उड़ान, लॉन्‍च किया जासूसी सैटेलाइट

गौरतबल है कि NRO एक अमेरिकी सरकारी एजेंसी है। यह अमेरिकी जासूसी उपग्रहों के डेवलपमेंट निर्माण, लॉन्‍च और ऑपरेशन की जिम्‍मेदार निभाती है।

ख़ास बातें
  • लॉन्‍च के बाद रॉकेट का पहला स्‍टेज लैंड कर चुका है
  • स्‍पेसएक्‍स के लिए फाल्‍कन 9 रॉकेट काफी बेहतर साबित हो रहे हैं
  • भविष्‍य के मिशनों के लिए इस तरह के रॉकेट अहम हो सकते हैं
विज्ञापन
स्पेसएक्स (SpaceX) ने रविवार को अपने फाल्कन 9 रॉकेट को अमेरिकी इंटेलिजेंस सैटेलाइट के साथ सफलतापूर्वक लॉन्‍च किया और इस इवेंट का लाइव टेलिकास्‍ट भी किया। स्थानीय समय के अनुसार यह लॉन्‍च सुबह 9 बजकर 13 मिनट पर (भारतीय समय के मुताबिक रात 9:43 बजे) कैलिफोर्निया के वैंडेनबर्ग स्पेस फोर्स बेस से हुआ। अमेरिकी नेशनल रिकोनिसेंस ऑफिस (NRO) के लिए यह रॉकेट उसके NROL-85 मिशन को ऑर्बिट में स्‍थापित कर रहा है। इस मिशन के बारे में ज्‍यादा जानकारी नहीं दी गई है। 

लॉन्‍च के बाद रॉकेट का पहला स्‍टेज लॉन्‍च साइट के आसपास के इलाके में लैंड कर चुका है। यह इस रॉकेट का दूसरा लॉन्‍च है। इससे पहले स्‍पेसएक्‍स के इस रॉकेट ने एक और इंटेलिजेंस सैटेलाइट को ऑर्बिट में भेजा था। स्‍पेसएक्‍स के लिए फाल्‍कन 9 रॉकेट काफी बेहतर साबित हो रहे हैं। एक ही रॉकेट को अलग-अलग लॉन्‍च के लिए बार-बार इस्‍तेमाल करने से लॉन्‍च में होने वाला खर्च कम होता है। भविष्‍य के मिशनों के लिए इस तरह के रॉकेट लागत को कम करने में अहम साबित हो सकते हैं।   
गौरतबल है कि NRO एक अमेरिकी सरकारी एजेंसी है। यह अमेरिकी जासूसी उपग्रहों के डेवलपमेंट निर्माण, लॉन्‍च और ऑपरेशन की जिम्‍मेदार निभाती है। ये सैटेलाइट अमेरिकी इंटेलिजेंस कम्‍युनिटी और डिफेंस डिपार्टमेंट की 18 एजेंसियों को इंटेलिजेंस डेटा मुहैया कराते हैं।

स्‍पेसएक्‍स का हालिया उपलब्‍ध‍ियों की बात करें, तो पिछले हफ्ते इसने ह्यूस्टन बेस्‍ड स्टार्टअप एक्सिओम स्पेस (Axiom Space) की मदद से इंटरनेशनल स्‍पेस स्टेशन (ISS) के लिए पहला प्राइवेट मिशन भी लॉन्च किया था। इस मिशन के तहत चार लोगों ने अंतरिक्ष में उड़ान भरी। ये सभी प्राइवेट क्रू थे। ऐसा पहला बार हुआ जब ISS के लिए एक प्राइवेट मिशन को लॉन्‍च किया गया। प्राइवेट क्रू में नासा के पूर्व अंतरिक्ष यात्री माइकल लोपेज-एलेग्रिया भी शामिल हैं। उन्‍होंने क्रू को लीड किया। वह चार बार अंतरिक्ष में उड़ान भर चुके हैं। Ax-1 नाम के इस प्राइवेट मिशन का स्‍वागत ISS पर एक्सपेडिशन 67 क्रू के द्वारा किया गया। 

अमेरिकी अंतरिक्ष एजेंसी नासा (NASA) को उम्‍मीद है कि इंटरनेशनल स्‍पेस स्टेशन साल 2031 तक अपनी सर्विस से मुक्‍त हो जाएगा। माना जा रहा है कि इसकी जगह जो स्‍टेशन लेगा, उसका मालिकाना हक किसी न‍िजी कंपनी के पास होगा। एक्सिओम स्पेस मिशन के तहत अंतरिक्ष में गए सभी चार यात्री लगभग 10 दिनों तक ऑर्बिट में रहेंगे।

 
Comments

लेटेस्ट टेक न्यूज़, स्मार्टफोन रिव्यू और लोकप्रिय मोबाइल पर मिलने वाले एक्सक्लूसिव ऑफर के लिए गैजेट्स 360 एंड्रॉयड ऐप डाउनलोड करें और हमें गूगल समाचार पर फॉलो करें।

गैजेट्स 360 स्टाफ

द रेजिडेंट बोट । अगर आप मुझे ईमेल करते हैं, तो कोई इंसान जवाब ...और भी

Share on Facebook Gadgets360 Twitter ShareTweet Share Snapchat Reddit आपकी राय google-newsGoogle News

विज्ञापन

Follow Us

विज्ञापन

#ताज़ा ख़बरें
  1. 1500W पावर मोटर के साथ Isinwheel H7, H7 Pro इलेक्ट्रिक स्कूटर हुए लॉन्च, 69km रेंज, जानें कीमत
  2. 13 हजार रुपये सस्ता मिल रहा 50MP सेल्फी कैमरा वाला Vivo स्मार्टफोन, देखें डील
  3. Google Pay पर कैसे भरें बिजली, पानी या मोबाइल बिल, ये है आसान तरीका
  4. Oppo F33 5G vs Realme 16 5G vs Vivo V60e: जानें कौन सा फोन है बेस्ट
  5. Oppo Find X10 में होगी 8000mAh बैटरी, 200MP के दो कैमरा!
  6. OnePlus Nord CE 6, Nord CE 6 Lite अगले सप्ताह होंगे भारत में लॉन्च, 8,000mAh तक की बैटरी
  7. Amazon Scholarship: भारतीय छात्रों के लिए पढ़ाई, ट्रेनिंग और इंटर्नशिप के साथ ₹2 लाख की मदद!
  8. Samsung देगी Meta, Apple को टक्कर? ला रही AI स्मार्ट ग्लासेस!
  9. सबसे महंगी क्रिप्टोकरेंसी में बड़ी खरीदारी, Strategy ने खरीदे 3,200 से ज्यादा बिटकॉइन
  10. Google से मिनटों में ढूंढें खोया हुआ फोन, नुकसान से तुरंत होगा बचाव, जानें आसान तरीका
© Copyright Red Pixels Ventures Limited 2026. All rights reserved.
ट्रेंडिंग प्रॉडक्ट्स »
लेटेस्ट टेक ख़बरें »