क्रिप्टो सेगमेंट के लिए कड़े रेगुलेशंस को जरूरी मानते हैं चीफ इकोनॉमिक एडवाइजर

सामान्य करेंसी की तरह क्रिप्टोकरेंसीज स्टोर वैल्यू, बड़े स्तर पर स्वीकार्यता और एकाउंट की यूनिट जैसी बुनियादी जरूरतों को पूरा नहीं करती

विज्ञापन
Press Trust of India, अपडेटेड: 9 जून 2022 18:16 IST
ख़ास बातें
  • क्रिप्टोकरेंसीज को बहुत से उद्देश्यों को पूरा करने की जरूरत है
  • इस सेगमेंट को रेगुलेट करने को लेकर केंद्र सरकार ने कदम बढ़ाया है
  • फरवरी में बजट में क्रिप्टो ट्रेडिंग पर टैक्स लगाने की घोषणा की गई थी

क्रिप्टोकरेंसीज पर सरकार ने कंसल्टेशन पेपर तैयार कर लिया है

चीफ इकोनॉमिक एडवाइजर V Anantha Nageswaran ने कहा है कि क्रिप्टो सेगमेंट के लिए सेंट्रलाइज्ड रेगुलेटरी अथॉरिटी नहीं होने की वजह से यह कैरिबियाई समुद्री डाकुओं के कब्जे वाले क्षेत्र के समान है। Nageswaran मानते हैं कि सामान्य करेंसी की तरह क्रिप्टोकरेंसीज स्टोर वैल्यू, बड़े स्तर पर स्वीकार्यता और एकाउंट की यूनिट जैसी बुनियादी जरूरतों को पूरा नहीं करती।

उन्होंने कहा, "क्रिप्टोकरेंसीज के अधिक डीसेंट्रलाइज्ड होने और किसी सेंट्रलाइज्ड रेगुलेटरी अथॉरिटी की मौजूदगी नहीं होने से यह एक बिना नियंत्रण वाले किसी क्षेत्र के समान है।" डीसेंट्रलाइज्ड फाइनेंस (DeFI) के बारे में उनका कहना था, "इसे इनोवेशन माना जा रहा है लेकिन मैं इसके इनोवेटिव होने या एक सकारात्मक तरीके से एक बड़ा बदलाव लाने को लेकर कोई निष्कर्ष नहीं दूंगा।" Nageswaran ने कहा कि सामान्य करेंसी के एक विकल्प के तौर पर क्रिप्टोकरेंसीज को बहुत से उद्देश्यों को पूरा करने की जरूरत है। उन्होंने कहा कि क्रिप्टोकरेंसीज को लेकर वह बहुत उत्साहित नहीं हैं। 

क्रिप्टोकरेंसीज को रेगुलेट करने को लेकर केंद्र सरकार ने कदम बढ़ाया है। इकोनॉमिक अफेयर्स सेक्रेटरी Ajay Seth ने हाल ही में बताया था कि क्रिप्टोकरेंसीज पर सरकार ने कंसल्टेशन पेपर तैयार कर लिया है। रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया (RBI) ने पिछले वर्ष क्रिप्टोकरेंसीज पर बैन लगाने की मांग की थी। हालांकि, सरकार का कहना है कि वह इस सेगमेंट पर पूरी तरह रोक नहीं लगाएगी।

इस वर्ष के बजट में सरकार ने क्रिप्टोकरेंसीज की ट्रेडिंग से मिलने वाले प्रॉफिट पर 30 प्रतिशत का टैक्स लगाने की घोषणा की थी। डिजिटल एसेट्स से मिलने वाले प्रॉफिट पर टैक्स लागू होने के बाद क्रिप्टोकरेंसी ट्रेडिंग की वॉल्यूम में काफी गिरावट आई है। इसके अलावा 1 जुलाई से प्रत्येक क्रिप्टो ट्रांजैक्शन पर एक प्रतिशत का TDS भी चुकाना होगा। फरवरी में बजट में क्रिप्टो ट्रेडिंग पर टैक्स लगाने की घोषणा की गई थी और इसके बाद से यह मुद्दा क्रिप्टो इंडस्ट्री से जुड़े लोगों के बीच विवाद का एक कारण बना है। इंडस्ट्री के बहुत से एक्सपर्ट्स और क्रिप्टो से जुड़े लोगों ने इस सेगमेंट पर प्रतिबंध लगाने के बजाय इसे रेगुलेट करने के सरकार के रवैये की प्रशंसा की है, जबकि कुछ अन्य का मानना है कि क्रिप्टो से मिलने वाले प्रॉफिट पर टैक्स कम होना चाहिए। 
 

(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
 

लेटेस्ट टेक न्यूज़, स्मार्टफोन रिव्यू और लोकप्रिय मोबाइल पर मिलने वाले एक्सक्लूसिव ऑफर के लिए गैजेट्स 360 एंड्रॉयड ऐप डाउनलोड करें और हमें गूगल समाचार पर फॉलो करें।

ये भी पढ़े: Crypto, Regulation, Tax, Government, Profit, Transactions, RBI, Ban, TDS
Advertisement
Popular Brands
#ट्रेंडिंग टेक न्यूज़
  1. लौट आए बीते दिन! इस कंपनी ने लॉन्च किया 80-90 के दशक का कैसेट रिकॉर्डर!
#ताज़ा ख़बरें
  1. Tesla की कॉम्पैक्ट SUV लाने की तैयारी, कम हो सकता है प्राइस
  2. स्मार्टफोन्स के इंटरनेशनल मार्केट में Apple का पहला स्थान, iPhone 17 सीरीज की मजबूत डिमांड
  3. 28 हजार किलोमीटर प्रति घंटा स्पीड से आ रहा 100 फीट का एस्टरॉयड!
  4. XChat Launch: एलन मस्क के X का नया चैट ऐप XChat होने जा रहा 17 अप्रैल को लॉन्च, जानें फीचर्स
  5. कान में फट गए ईयरबड्स! MBBS स्टूडेंट का पोस्ट सोशल मीडिया पर वायरल
  6. OnePlus Ace 6 Ultra लॉन्च को लेकर बड़ा खुलासा, 8500mAh बैटरी, 50MP कैमरा से होगा लैस!
  7. लौट आए बीते दिन! इस कंपनी ने लॉन्च किया 80-90 के दशक का कैसेट रिकॉर्डर!
  8. Realme Narzo 100 Lite 5G भारत में लॉन्च होगा 14 अप्रैल को, 7000mAh बैटरी के साथ धांसू फीचर्स, जानें सबकुछ
  9. 21 हजार सस्ता खरीदें Realme का 50MP तीन कैमरा, 5500mAh बैटरी वाला फोन, Flipkart पर धमाका डील
  10. होर्मूज से ऑयल टैंकरों को निकलने की इजाजत के लिए क्रिप्टोकरेंसी में फीस लेगा ईरान!
Download Our Apps
Available in Hindi
© Copyright Red Pixels Ventures Limited 2026. All rights reserved.