आपके व्यस्त शेड्यूल में से जो समय बचता है वो आपके द्वारा निर्धारित लक्ष्य के लिए होता है। अब इनको व्यवस्थित करना बेहद आसान है। एड बटन में 'गोल' पर जाकर कुछ सवालों के जवाब दीजिए। इन सवालों में आपके प्लान या एक्टिविटी क्या हैं, आप इन्हें कितनी बार और कब तक करना चाहते हैं और पूरे दिन में आपके लिए सबसे अच्छा समय क्या है।
फिलहाल लैंग्वेज-लर्निंग ऐप Duolingo और एक्टिविटी ट्रैकर ऐप Runkeeper जैसे ऐप्लिकेशन यूजर को रिमाइंडर सेट करने व आने वाले इवेंट के लिए शेड्यूल बनाने में मदद कर रहे हैं।
अब, गूगल 'गोल्स' आपके साथ काम करने के लिए तैयार लगता है। कोई काम आ जाने पर यह ऑटोमेटिकली एक्टिविटी रीशेड्यूल कर देता है। इसके अलावा आप किसी और काम के लिए एक्टिविटी पोस्टपोन करने का फैसला लेते हैं तब भी 'गोल्स' रीडशेड्यूलिंग कर देगा।
लेटेस्ट टेक न्यूज़, स्मार्टफोन रिव्यू और लोकप्रिय मोबाइल पर मिलने वाले एक्सक्लूसिव ऑफर के लिए गैजेट्स 360 एंड्रॉयड ऐप डाउनलोड करें और हमें गूगल समाचार पर फॉलो करें।
विज्ञापन
विज्ञापन
Moto G77 Power vs OnePlus Nord CE 6 Lite vs iQOO Z10R 5G: ₹25 हजार में कौन बेहतर?
Google Photos का स्टोरेज फुल हो गया? जरूरी फोटो डिलीट किए बिना ऐसे बनाएं जगह