• होम
  • एआई
  • ख़बरें
  • अब रास्ता देखने के लिए नहीं होगी मोबाइल की जरूरत, Amazon के डिलीवरी एजेंट पहनेंगे AI चश्में

अब रास्ता देखने के लिए नहीं होगी मोबाइल की जरूरत, Amazon के डिलीवरी एजेंट पहनेंगे AI चश्में

Amazon के नए AI Smart Glasses डिलीवरी असोसिएट्स के काम को आसान बनाएंगे। इनमें मल्टी-कैमरा सेटअप, जियोस्पेशल टेक्नोलॉजी और हैंड्स-फ्री कंट्रोल्स दिए गए हैं।

अब रास्ता देखने के लिए नहीं होगी मोबाइल की जरूरत, Amazon के डिलीवरी एजेंट पहनेंगे AI चश्में

Photo Credit: Amazon

ख़ास बातें
  • डिलीवरी एसोसिएट के गाड़ी पार्क करते ही एक्टिवेट हो जाते हैं ग्लासेस
  • हेड्स-अप डिस्प्ले पर डिलीवरी से जुड़ी जरूरी जानकारियां मिलती है
  • इसमें पैकेज स्कैनिंग और टर्न-बाय-टर्न नेविगेशन दिखाई देता है
विज्ञापन

Amazon ने अपने डिलीवरी असोसिएट्स के लिए नए AI-पावर्ड स्मार्ट ग्लासेस लॉन्च किए हैं, जो डिलीवरी प्रोसेस को पहले से ज्यादा स्मूद और सेफ बनाने का दावा करते हैं। कंपनी का कहना है कि ये स्मार्ट ग्लासेस एक तरह से वर्चुअल असिस्टेंट की तरह काम करेंगे, जो डिलीवरी एजेंट्स को रीयल-टाइम नेविगेशन, पैकेज स्कैनिंग और हजार्ड अलर्ट जैसी जानकारी हेड्स-अप डिस्प्ले पर दिखाएंगे। इन ग्लासेस में AI सेंसिंग फंक्शनलिटीज और कंप्यूटर विजन टेक्नोलॉजी दी गई है, जो बिना फोन देखे डिलीवरी को आसान बनाएगी।

Amazon के मुताबिक, ये स्मार्ट ग्लासेस तब अपने-आप एक्टिव हो जाते हैं जब डिलीवरी एसोसिएट अपनी गाड़ी पार्क करता है। इसके बाद हेड्स-अप डिस्प्ले पर डिलीवरी से जुड़ी जरूरी जानकारी और टर्न-बाय-टर्न नेविगेशन दिखाई देता है। कंपनी ने बताया कि इसमें जियोस्पेशल टेक्नोलॉजी का इस्तेमाल किया गया है, जिससे रूट ट्रैकिंग और लोकेशन अपडेट सटीक मिलते हैं।

AI ग्लासेस में मल्टी-कैमरा सेटअप दिया गया है, जो आसपास के माहौल, पैकेज और रास्ते के हजार्ड्स को डिटेक्ट कर सकता है। डिलीवरी कर्मी को सिर्फ बारकोड स्कैन करना होता है और पैकेज का कोड, पता और डिलीवरी कन्फर्मेशन सीधे ग्लास के डिस्प्ले पर दिख जाता है। इसका मतलब है कि अब डिलीवरी एजेंट्स को बार-बार फोन या पैकेज देखने की जरूरत नहीं पड़ेगी।

इन स्मार्ट ग्लासेस के साथ एक कंट्रोलर भी आएगा, जो डिलीवरी वेस्ट में लगाया जा सकेगा। इसमें ऑपरेशनल कंट्रोल्स, स्वैपेबल बैटरी और इमरजेंसी बटन शामिल होगा। Amazon ने बताया कि ये ग्लासेस प्रिस्क्रिप्शन और ट्रांजिशनल लेंस को भी सपोर्ट करते हैं, यानी ये ऑटोमेटिकली लाइट के हिसाब से एडजस्ट हो जाते हैं।

यह भी बताया गया है कि कंपनी के भविष्य के मॉडल्स रियल-टाइम डिफेक्ट डिटेक्शन कर पाएंगे और अगर कोई डिलीवरी गलत एड्रेस पर हो रही है तो असोसिएट को तुरंत अलर्ट कर देंगे। इसके अलावा, ये संभावित खतरों जैसे लो-लाइट एनवायरनमेंट या पेट डिटेक्शन तक की वॉर्निंग दे पाएंगे।

Comments

लेटेस्ट टेक न्यूज़, स्मार्टफोन रिव्यू और लोकप्रिय मोबाइल पर मिलने वाले एक्सक्लूसिव ऑफर के लिए गैजेट्स 360 एंड्रॉयड ऐप डाउनलोड करें और हमें गूगल समाचार पर फॉलो करें।

ये भी पढ़े: Amazon, Amazon Smart Glasses, Amazon AI Glasses
नितेश पपनोई Nitesh has almost seven years of experience in news writing and reviewing tech products like smartphones, headphones, and smartwatches. At Gadgets 360, he is covering all ...और भी
Share on Facebook Gadgets360 Twitter ShareTweet Share Snapchat Reddit आपकी राय google-newsGoogle News
Turbo Read

विज्ञापन

Follow Us

विज्ञापन

#ताज़ा ख़बरें
  1. Apple ने भारत में लॉन्च किया नया MacBook Pro, 16 इंच तक का डिस्प्ले, जानें प्राइस, स्पेसिफिकेशंस
  2. Apple ने भारत में  M5 चिप के साथ लॉन्च किया नया MacBook Air, जानें प्राइस, स्पेसिफिकेशंस
  3. Oppo Find X9 Ultra में मिल सकता है 200 मेगापिक्सल पेरिस्कोप टेलीफोटो कैमरा, जल्द लॉन्च की तैयारी
  4. OnePlus 15T देगा धाकड़ परफॉर्मेंस, AnTuTu स्कोर में दिखा iQOO 15 Ultra जैसा दम!
  5. Tecno Camon 50 Ultra 5G में मिलेगी 6,500mAh की बैटरी, जल्द होगा लॉन्च
  6. WhatsApp के लिए चुकाने होंगे पैसे! कंपनी ला रही पेड वर्जन, मिलेंगे खास फीचर्स और कंट्रोल
  7. 17 साल तक चल सकता है Xiaomi का नया स्टडी लैम्प! 12700 ल्यूमेन की रोशनी, AI फीचर्स भी, जानें कीमत
  8. 10 करोड़ साल पहले का डायनासोर मिला! पानी में तैरता था खूंखार शिकारी
  9. POCO X8 Pro होगा 6500mAh बैटरी, 100W चार्जिंग, 2 कैमरा के साथ 26 मार्च को लॉन्च!
  10. Realme Narzo 90 5G vs Samsung Galaxy F36 5G vs Moto G96 5G: खरीदने से पहले जानें कौन सा है बैस्ट
© Copyright Red Pixels Ventures Limited 2026. All rights reserved.
ट्रेंडिंग प्रॉडक्ट्स »
लेटेस्ट टेक ख़बरें »