नया Aadhaar ऐप दो ऑप्शन जैसे कि शेयर आईडी और शेयर क्यूआर कोड प्रदान करता है। दोनों ऑप्शन Aadhaar डिटेल का उपयोग करके ऑफलाइन वेरिफिकेशन की सुविधा देंगे। अगर आप शेयर आईडी ऑप्श का चयन करते हैं तो आपके पास शेयर की जाने वाली जानकारी चुनने का ऑप्शन होगा जो कि पूरी आधार जानकारी या सिर्प चुनिंदा जानकारी जैसे नाम और आयु हो सकती हैं।
UIDAI के नए फीचर के बाद Aadhaar ऐप के जरिए यूजर्स अपने घर बैठे-बैठे अपने मोबाइल नंबर और एड्रेस को अपडेट कर पाएंगे। UIDAI ने X पर कई पोस्ट के जरिए जल्द आने वाले इन फीचर्स की घोषणा की, जिसमें बताया गया कि आधार ऐप के जरिए एड्रेस और मोबाइल नंबर अपडेट करना संभव होगा। UIDAI एनरोलमेंट सेंटर पर जाने की जरूरत को खत्म करना चाहता है, जिसमें लोगों को लंबी लाइन में लगना पड़ता है और इंतजार करना पड़ता है।
UIDAI ने नया आधार ऐप (New Aadhaar App) लॉन्च किया है। इस नए ऐप के कई फायदे यूजर को मिलने वाले हैं। यह ऑफलाइन वैरिफिकेशन में इस्तेमाल होगा जिसके बाद आपको अपना फिजिकल यानी कागजी आधार कार्ड दिखाने की आवश्यकता नहीं होगी। आधार कॉपी अक्सर कई जगहों पर मांगी जाती है जैसे होटल में एंट्री के समय, सोसायटी गेट के एंट्री पर, किसी इवेंट आदि में भी। नए ऐप के माध्यम से अब आपका आधार कार्ड आपके स्मार्टफोन में ही आ जाता है।
UIDAI जल्द एक नया ऑफलाइन आधार ऐप लॉन्च करेगा जो पहचान वेरिफिकेशन के तरीके को बदल सकता है। यह ऐप इंटरनेट के बिना QR स्कैन या फेस वेरिफिकेशन से पहचान की पुष्टि करेगा और यूजर तय कर पाएगा कि कौन-सी जानकारी शेयर करनी है। सरकार इस टेक्नॉलजी को उन जगहों पर पुश कर रही है जहां आईडी चेक रोज होता है, जैसे रेस्टोरेंट, होटल, हाउसिंग सोसायटी और इवेंट एंट्री। यह सिस्टम सुरक्षित भी होगा क्योंकि पूरा डेटा यूजर के डिवाइस में रहेगा और बायोमेट्रिक लॉकिंग भी उपलब्ध होगी। UIDAI का कहना है कि इससे पहचान प्रक्रिया तेज, आसान और पेपरलेस बन जाएगी।
नया आधार ऐप आधार कार्ड अपडेट करने की प्रक्रिया को आसान बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम है। नया मोबाइल एप्लिकेशन नागरिकों को अपनी आधार जानकारी अपडेट करने का एक आसान और सुरक्षित तरीका प्रदान करता है। इस ऐप के जरिए लोग अपने स्मार्टफोन से सीधे कॉन्टैक्ट नंबर जैसी निजी जानकारी अपडेट करने में मदद होगी। इसके बाद लोगों को किसी भी छोटे-मोटे अपडेट के लिए आधार सेंटर पर जाने की जरूरत नहीं होगी।
यूनीक आईडेंटिफिकेशन अथॉरिटी ऑफ इंडिया (UIDAI) एक ऐसा ऐप लॉन्च करने वाली है जिससे यूजर घर बैठे ही इसमें जानकारी अपडेट कर पाएगा। यह अपकमिंग ई-आधार ऐप (e-Aadhaar App) होगी। इसके माध्यम से यूजर घर बैठे आधार में अपनी डेट ऑफ बर्थ (D.O.B) फोन नम्बर, और निवास का पता आसानी से अपडेट कर पाएगा। इन कामों के लिए आपको अब आधार सेवा केंद्र या आधार सेंटर पर विजिट करने की जरूरत नहीं होगी।
भारतीय विशिष्ट पहचान प्राधिकरण (UIDAI) ने WhatsApp पर आधार कार्ड डाउनलोड करने की सुविधा प्रदान की है। आपको सबसे पहले अपने वॉट्सऐप कॉन्टैक्ट में MyGov हेल्पडेस्क नंबर +91-9013151515 को सेव करना है। अपने फोन में WhatsApp खोलना है और इस नंबर पर Hi या Namaste लिख टाइप करके सेंड करना है। अब आपको रिप्लाई में कई सारी सरकारी सर्विस का विकल्प मिलेगा।
अगर आप ये सोच रहे थे कि Two Factor Authentication ऑन करके और स्पैम कॉल्स को ब्लॉक करके आप डिजिटल दुनिया में सेफ हैं, तो आपको एक बार फिर सोचना चाहिए। एक रिपोर्ट ने बड़ा खुलासा किया है कि एक Telegram बॉट, मात्र 99 रुपये में लोगों का पर्सनल डेटा बेच रहा है, वो भी आधार नंबर, पता, पिता का नाम, वोटर ID और PAN जैसी सेंसिटिव जानकारी।
ईपीएफओ के सदस्य अब फेस ऑथेंटिकेशन के जरिए यूएएन जनरेट कर पाएंगे और उससे अलावा अन्य सर्विस का लाभ उठा पाएंगे। मंडाविया ने कहा कि कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (EPFO) ने फेस ऑथेंटिकेशन का उपयोग करके UAN जारी करने और एक्टिवेशन के लिए एडवांस डिजिटल सर्विस शुरू की हैं, जो करोड़ों मेंबर्स के लिए कॉन्टैक्टलेस (संपर्क रहित), सुरक्षित और फुल डिजिटल सर्विस प्रदान करने की दिशा में एक जरूरी कदम है।
केंद्रीय इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री अश्विनी वैष्णव ने नया Aadhaar ऐप लॉन्च किया और कहा कि यह फेशियल रिकग्निशन और क्यूआर कोड स्कैनिंग जैसे फीचर्स के जरिए आधार वेरिफिकेशन को आसान बनाता है। यह बताया गया कि ऐप लोगों की प्राइवेसी का खास ध्यान रखते हुए सिर्फ जरूरी डाटा के लिए डिजिटली सहमति लेकर शेयर करने की अनुमति लेता है।
फेसबुक ने गुरुवार को एक ब्लॉग पोस्ट के ज़रिए उन सारे विवादों पर विराम लगाने की कोशिश की जो कंपनी की नई 'नेम एज़ पर आधार' साइन प्रक्रिया के कारण खड़े हुए थे। बता दें कि कंपनी इस प्रक्रिया की भारत में टेस्टिंग कर रही थी।
किसी भी जानकारी को अपडेट करने या आधार कार्ड डाउनलोड करने के लिए यूज़र को ओटीपी का इंतज़ार करना होता है। इससे छुटकारा दिलाएगा टीओटीपी (टाइम बेस्ड ओटीपी)। बताया तो यह भी गया है कि आने वाले समय में ओटीपी से जुड़ी आधार की सभी सेवाओं को टीओटीपी पर माइग्रेट कर दिया जाएगा। अब आपके मन में यह सवाल होगा कि यह टीओटीपी क्या है? और कैसे काम करता है?
नई दिल्ली में आयोजित एक लॉन्च इवेंट में आईडीएफसी बैंक ने आईडीएफसी आधार पे ऐप को लॉन्च किया। माना जा रहा है कि यह भारत का पहला आधार से जुड़ा कैशलेस मर्चेंट सॉल्यूशन है।
भारत इंटरफेस फॉर मनी (भीम) ऐप के लिए अब तक एक करोड़ 40 लाख से ज्यादा रजिस्ट्रेशन हो चुके हैं। शुक्रवार को नई दिल्ली में सूचना एवं प्रसारण मंत्री रवि शंकर प्रसाद ने यह जानकारी दी।
डिजिटल पेमेंट ऐप भीम को आखिरकार आईओएस प्लेटफॉर्म के लिए लॉन्च कर दिया गया है। भीम ऐप को नेशनल पेमेंट्स कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया (एनपीसीआई) द्वारा डेवलप किया गया है। इसकी मदद से लोग यूनिफाइड पेमेंट्स इंटरफेस के ज़रिए पैसे मंगवा और भेज सकते हैं।