• होम
  • टेलीकॉम
  • ख़बरें
  • अगले महीने से स्पैम कॉल और मैसेज से मिलेगा निजाद! TRAI का नया AI फिल्टर आएगा काम

अगले महीने से स्पैम कॉल और मैसेज से मिलेगा निजाद! TRAI का नया AI फिल्टर आएगा काम

नई टेक्नोलॉजी के तहत TRAI ने 10 अंकों वाले फोन नंबर पर होने वाली प्रमोशनल कॉल्स पर भी रोक लगाने की मांग की है।

अगले महीने से स्पैम कॉल और मैसेज से मिलेगा निजाद! TRAI का नया AI फिल्टर आएगा काम
ख़ास बातें
  • 1 मई से सभी टेलीकॉम ऑपरेटर्स अपने सिस्टम में नई टेक्नोलॉजी को लागू करेंगे
  • AI और मशीन लर्निंग टेक्नोलॉजी से स्पैम कॉल्स और SMS को रोकने का प्रयास
  • कॉलर आईडी फीचर पर भी चल रहा है काम
विज्ञापन
TRAI ने स्पैम कॉल्स और SMS पर रोक लगाने के लिए नए नियमों को लागू करने की तैयारी कर ली है। 1 मई से सभी टेलीकॉम ऑपरेटर्स अपने सिस्टम में नई टेक्नोलॉजी को लागू करने वाले हैं, जिससे स्पैम या फर्जी कॉल्स और SMS को फिल्टर किया जा सकेगा। टेलीकॉम रेगुलेटर TRAI ने एक आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस फिल्टर इस्तेमाल करने की बात कही है, जिसके जरिए किसी भी यूजर के नंबर पर बैंकिंग या अन्य मार्केटिंग कंपनियों की ओर से आने वाले फर्जी कॉल्स और मैसेज को रोका जा सकेगा। 

TRAI का नया नियम 1 मई 2023 से लागू होने वाला है। इस तारीख से सभी ऑपरेटर्स नए फिल्टर को अपनी सर्विस में सेटअप करेंगे। फिल्टर आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के जरिए फोन में जाने वाली फर्जी कॉल और SMS का पता लगाएगा और इसे रोकेगा। TRAI ने खुद टेलीकॉम कंपनियों को इस स्पैम फिल्टर को जोड़ने का आदेश दिया है।

एयरटेल की ओर से इस विषय में पहले ही ऐसे AI फिल्टर प्रदान करने की घोषणा की जा चुकी है। जबकि, जियो फर्जी कॉल और मैसेज के लिए AI फिल्टर लगाने की तैयारी में है। जियो ने अभी तक AI फिल्टर के लागू होने की स्पष्ट जानकारी नहीं दी है, लेकिन माना जा रहा है, जब TRAI ने 1 मई 2023 से इसे लागू करने का आदेश दिया है, तो जियो सहित अन्य ऑपरेटर्स नए फिल्टर को 1 मई से लागू कर सकते हैं। 

नई टेक्नोलॉजी के तहत TRAI ने 10 अंकों वाले फोन नंबर पर होने वाली प्रमोशनल कॉल्स पर भी रोक लगाने की मांग की है।

TRAI कॉलर आईडी फीचर भी लाने पर विचार कर रहा है, जिससे कॉलर का नाम और फोटो भी डिस्प्ले हो। इस संबंध में एयरटेल और जियो TrueCaller ऐप से बातचीत भी कर रहा है। हालांकि, कंपनी प्राइवेसी को देखते हुए कॉलर आईडी फीचर लागू करने से बच रही है।

इस साल जनवरी में, उद्योग निकाय COAI ने तर्क दिया था कि कॉलिंग नेम प्रेजेंटेशन (सीएनएपी) को लागू करने को अनिवार्य नहीं बनाया जाना चाहिए, बल्कि दूरसंचार ऑपरेटरों के लिए वैकल्पिक रखा जाना चाहिए, क्योंकि एसोसिएशन ने नियामक ट्राई के साथ तकनीकी, गोपनीयता और लागत संबंधी चिंताओं को साझा किया है।
Comments

लेटेस्ट टेक न्यूज़, स्मार्टफोन रिव्यू और लोकप्रिय मोबाइल पर मिलने वाले एक्सक्लूसिव ऑफर के लिए गैजेट्स 360 एंड्रॉयड ऐप डाउनलोड करें और हमें गूगल समाचार पर फॉलो करें।

ये भी पढ़े: TRAI, TRAI AI SPAM CALL, DND
नितेश पपनोई Nitesh has almost seven years of experience in news writing and reviewing tech products like smartphones, headphones, and smartwatches. At Gadgets 360, he is covering all ...और भी
Share on Facebook Gadgets360 Twitter ShareTweet Share Snapchat Reddit आपकी राय google-newsGoogle News

विज्ञापन

Follow Us

विज्ञापन

#ताज़ा ख़बरें
  1. मोबाइल मार्केट में 'मेक इन इंडिया' की धूम! 99% से ज्यादा मोबाइल फोन भारत खुद बना रहा
  2. चाइनीज कंपनी Unitree के 'सुपरमैन' रोबोट ने तोड़े रिकॉर्ड, 46 किलोमीटर प्रतिघंटा की रफ्तार से दौड़ा, वीडियो वायरल
  3. 32, 43 इंच बजट TV जल्द हो सकते हैं महंगे! Hisense India सीईओ ने चेताया
  4. 8 हजार से सस्ता खरीदें 25 हजार एमआरपी वाला Motorola फोन! 50MP कैमरा, 5200mAh बैटरी
  5. EV खरीदने के लिए ₹10 लाख से कम बजट? ये 4 टॉप इलेक्ट्रिक कार हैं आपके लिए
  6. Samsung Galaxy S26 FE में हो सकते हैं तीन कलर्स के ऑप्शन
  7. Vivo T5 5G जल्द होगा भारत में लॉन्च, 3D कर्व्ड डिस्प्ले
  8. Lava Virat V1 Pro 5G जल्द होगा भारत में लॉन्च, Unisoc T8200 हो सकता है चिपसेट
  9. JCB Hydromax: दुनिया की सबसे तेज कार! 653km प्रतिघंटा की रफ्तार, हाईड्रोजन की ताकत, जानें सबकुछ
  10. 7,000mAh की बैटरी और टैबलेट जैसे डिस्प्ले के साथ पेश हुआ Huawei Pura X View 
© Copyright Red Pixels Ventures Limited 2026. All rights reserved.
ट्रेंडिंग प्रॉडक्ट्स »
लेटेस्ट टेक ख़बरें »