• होम
  • विज्ञान
  • ख़बरें
  • Solar Storm : ‘आदित्‍य’ मिशन की लॉन्चिंग से पहले ‘भड़का’ सूर्य, पृथ्‍वी पर भेजी यह मुसीबत

Solar Storm : ‘आदित्‍य’ मिशन की लॉन्चिंग से पहले ‘भड़का’ सूर्य, पृथ्‍वी पर भेजी यह मुसीबत

Solar Storm : 30 अगस्‍त की रात सूर्य में एक चुंबकीय फिलामेंट फट गया। इसके कारण सूर्य के उत्तरी गोलार्ध (northern hemisphere) में आग के बड़े बवंडर उठे।

Solar Storm : ‘आदित्‍य’ मिशन की लॉन्चिंग से पहले ‘भड़का’ सूर्य, पृथ्‍वी पर भेजी यह मुसीबत

Photo Credit: Nasa

ऐसे तूफान पृथ्‍वी पर अस्‍थायी रूप से रेडियो ब्‍लैकआउट की वजह बन सकते हैं।

ख़ास बातें
  • सूर्य में जारी हलचलें फ‍िर से बढ़ गई हैं
  • सूर्य में नए सनस्‍पॉट उभर रहे हैं
  • कल एक सौर तूफान हमारे ग्रह को प्रभावित कर सकता है
विज्ञापन
सूर्य में हो रही हलचलों का दौर बीते कुछ दिनों से थमा हुआ था, लेकिन यह सिलसिला ज्‍यादा दिनों तक चलने वाला नहीं है। सितंबर की शुरुआत के साथ सौर गतिविधियां फ‍िर तेज हो गई हैं। एक के बाद एक सूर्य में सनस्‍पॉट उभर रहे हैं। पता चला है कि सूर्य में बने सनस्‍पॉट से एक चुंबकीय फ‍िलामेंट का उत्‍सर्जन हुआ है। इससे कोरोनल मास इजेक्‍शन (CME) के बड़े बादल पृथ्‍वी की ओर आ रहे हैं। 2 सितंबर को यह हमारे ग्रह को प्रभावित कर सकते हैं। याद रहे कि कल ही भारत का पहला सौर मिशन आदित्‍य एल-1 (Aditya L1) भी लॉन्‍च हो रहा है। 

स्‍पेसवेदरडॉटकॉम की रिपोर्ट के अनुसार, 30 अगस्‍त की रात सूर्य में एक चुंबकीय फिलामेंट फट गया। इसके कारण सूर्य के उत्तरी गोलार्ध (northern hemisphere) में आग के बड़े बवंडर उठे और हमारे ग्रह पर कोरोनल मास इजेक्‍शन (CME) का खतरा बढ़ गया है। नासा के मॉडल में अनुमान जताया गया है कि 2 सितंबर को सौर तूफान (Solar Storm) पृथ्‍वी से टकरा सकता है। यह G1 का हो सकता है, जो बहुत पावरफुल नहीं होते। इनकी वजह से सैटेलाइट्स को खतरा नहीं होता ना ही ये धरती पर मोबाइल नेटवर्क को कोई नुकसान पहुंचा सकते हैं। 

हालांकि ऐसे तूफान अस्‍थायी रूप से रेडियो ब्‍लैकआउट की वजह बन सकते हैं। ऊंचे इलाकों में आसमान में ऑरोरा नजर आ सकते हैं। कोरोनल मास इजेक्शन या CME, सौर प्लाज्मा के बड़े बादल होते हैं। सौर विस्फोट के बाद ये बादल अंतरिक्ष में सूर्य के मैग्‍नेटिक फील्‍ड में फैल जाते हैं। अंतरिक्ष में घूमने की वजह से इनका विस्‍तार होता है और अक्‍सर यह कई लाख मील की दूरी तक पहुंच जाते हैं। यह ग्रहों के मैग्‍नेटिक फील्‍ड से टकरा जाते हैं। जब इनकी दिशा की पृथ्‍वी की ओर होती है, तो यह जियो मैग्‍नेटिक यानी भू-चुंबकीय गड़बड़ी पैदा कर सकते हैं। 

अमेरिकी अंतरिक्ष एजेंसी बता चुकी है कि सूर्य में बार-बार सौर विस्‍फोटों के होने की संभावना है। यह विस्‍फोट और इनमें बढ़ोतरी साल 2025 तक जारी रहेगी। इसकी वजह से सैटेलाइट्स और अंतरिक्ष यात्रियों पर असर पड़ सकता है। यह सोलर साइकल 25 है, जिसकी शुरुआत दिसंबर 2019 से लगाई गई है। 
 
Comments

लेटेस्ट टेक न्यूज़, स्मार्टफोन रिव्यू और लोकप्रिय मोबाइल पर मिलने वाले एक्सक्लूसिव ऑफर के लिए गैजेट्स 360 एंड्रॉयड ऐप डाउनलोड करें और हमें गूगल समाचार पर फॉलो करें।

प्रेम त्रिपाठी

प्रेम त्रिपाठी Gadgets 360 में चीफ सब एडिटर हैं। 10 साल प्रिंट मीडिया ...और भी

Share on Facebook Gadgets360 Twitter ShareTweet Share Snapchat Reddit आपकी राय google-newsGoogle News
 
 

विज्ञापन

Advertisement

#ताज़ा ख़बरें
  1. Apple अगले महीने शुरू करेगी iPhone 16, iPhone 16 Pro के डिस्प्ले की मैन्युफैक्चरिंग!
  2. Poco F6 Pro के लॉन्च से पहले अनबॉक्सिंग वीडियो में दिखा फोन, 120W फास्ट चार्जर होगा साथ
  3. Rogbid Smart Ring 3 लॉन्च हुई 7 दिन बैटरी लाइफ के साथ, हार्ट रेट, SpO2 जैसे हेल्थ फीचर्स
  4. Zebronics Aeon वायरलेस हेडफोन भारत में Rs 1999 में लॉन्च, 110 घंटे का है बैकअप
  5. सिंगल चार्ज में 40 घंटे चलने वाले Boat Airdopes 800 भारत में Rs 1799 में लॉन्च
  6. CSK vs RCB Live: चेन्नई बनाम बैंगलोर IPL 2024 मैच लाइव यहां देखें फ्री!
  7. What is Denel Rooivalk? 27 साल में बन पाया दुनिया का यह घातक हेलीकॉप्‍टर! जानें खूबियां
  8. Honor 200 सीरीज 5200mAh बैटरी, 100W चार्जिंग के साथ 27 मई को होगी लॉन्च, जानें फीचर्स
  9. Tecno ने लॉन्च किए Camon 30 5G, 30 Premier 5G, जानें प्राइस, स्पेसिफिकेशंस
  10. Realme GT 6T में होगी 6000 nits की सबसे चमकदार स्क्रीन, 120W फास्ट चार्जिंग! 22 मई को होगा लॉन्च
© Copyright Red Pixels Ventures Limited 2024. All rights reserved.
ट्रेंडिंग प्रॉडक्ट्स »
लेटेस्ट टेक ख़बरें »