• होम
  • विज्ञान
  • ख़बरें
  • LSST Camera: 3200 मेगापिक्सल कैमरा करेगा ब्रह्मांड को कैप्चर, 24 km दूर से देख सकता है गोल्फ की गेंद

LSST Camera: 3200-मेगापिक्सल कैमरा करेगा ब्रह्मांड को कैप्चर, 24 km दूर से देख सकता है गोल्फ की गेंद

LSST एक 3 टन वजनी डिजिटल कैमरा है, जिसके लेंस का व्यास 5 फीट बड़ा है। इसके अलावा, यह कैमरा बिजली की तरह तेज है, इसका एक्सपोजर टाइम 15 सेकंड से भी कम है। 

LSST Camera: 3200-मेगापिक्सल कैमरा करेगा ब्रह्मांड को कैप्चर, 24 km दूर से देख सकता है गोल्फ की गेंद

Photo Credit: Jacqueline Ramseyer Orrell | SLAC National Accelerator Laboratory

ख़ास बातें
  • LSST एक 3 टन वजनी कैमरा है, जिसके लेंस का व्यास 5 फीट बड़ा है
  • यह कैमरा बिजली की तरह तेज है, इसका एक्सपोजर टाइम 15 सेकंड से भी कम है
  • इसका प्रत्येक स्नैपशॉट पूरे चांद से सात गुना बड़े क्षेत्र को कवर करता है
विज्ञापन
हमारी दुनिया के बाहर का नजारा कैसा होगा? ये जानने के इच्छुक लोगों ने स्पेस एजेंसियों द्वारा शेयर की गई कई तस्वीरों के जरिए जाना होगा, लेकिन अब ब्रह्मांड को बिल्कुल नए नजरिए से और हाई-डेफिनेशन में देखने के लिए तैयार हो जाएं, क्योंकि वैज्ञानिक इसे बेहद आधुनिक लिगेसी सर्वे ऑफ स्पेस एंड टाइम (LSST) कैमरे में कैद करने जा रहे हैं। अमेरिकी ऊर्जा विभाग के विज्ञान कार्यालय द्वारा फंड किया गया यह अविश्वसनीय डिजिटल कैमरा 3,200 मेगापिक्सल का है। यह बाहरी अंतरिक्ष के लिए एक सुपर-पावरफुल माइक्रोस्कोप रखने जैसा है।

अमेरिकी ऑफिस ऑफ साइंस ने अपने ब्लॉग में कहा कि LSST डिजिटल कैमरा खगोल विज्ञान में एक गेम-चेंजर है, जो डार्क मैटर और डार्क एनर्जी जैसी घटनाओं को बारीकी से कैद करता है। उनका कहना है कि ये रहस्यमय शक्तियां ब्रह्मांड को आकार तो देती हैं, लेकिन मौजूदा टेक्नोलॉजी के लिए अभी तक अदृश्य बनी हुई थीं। अब, LSST के साथ, वैज्ञानिक इन रहस्यों को उजागर कर सकेंगे।

यह पावरफुल डिजिटल कैमरा चिली में वेरा सी रुबिन वेधशाला में रखा जाएगा। कैमरा दक्षिणी आसमान को कैप्चर करेगा, क्योंकि साइंटिस्ट्स के अनुसार, यह क्षेत्र अंतरिक्ष की गहराई में झांकने के लिए बिल्कुल उपयुक्त है। LSST एक 3 टन वजनी कैमरा है, जिसके लेंस का व्यास 5 फीट बड़ा है। इसके अलावा, यह कैमरा बिजली की तरह तेज है, इसका एक्सपोजर टाइम 15 सेकंड से भी कम है। 

ब्लॉग में बताया गया है कि यह डिजिटल कैमरा रिकॉर्ड समय में रात के आकाश के विशाल हिस्से का सर्वेक्षण कर सकता है। साथ ही, छह विशेष फिल्टरों के साथ, वैज्ञानिक अल्ट्रावॉयलेट से लेकर नियर-इन्फ्रारेड तक, कई प्रकार के लाइट को स्टडी कर सकते हैं। यह इतना सटीक है कि यह 15 मील दूर से गोल्फ की गेंद को देख सकता है। इससे लिया गया प्रत्येक स्नैपशॉट पूरे चांद से सात गुना बड़े क्षेत्र को कवर करता है। इस कैमरे को बनाने में दो दशकों से ज्यादा का समय लगा है।
Comments

लेटेस्ट टेक न्यूज़, स्मार्टफोन रिव्यू और लोकप्रिय मोबाइल पर मिलने वाले एक्सक्लूसिव ऑफर के लिए गैजेट्स 360 एंड्रॉयड ऐप डाउनलोड करें और हमें गूगल समाचार पर फॉलो करें।

नितेश पपनोई Nitesh has almost seven years of experience in news writing and reviewing tech products like smartphones, headphones, and smartwatches. At Gadgets 360, he is covering all ...और भी

संबंधित ख़बरें

Share on Facebook Gadgets360 Twitter ShareTweet Share Snapchat Reddit आपकी राय google-newsGoogle News

विज्ञापन

Follow Us

विज्ञापन

#ताज़ा ख़बरें
  1. ₹2450 सस्ता मिल रहा 6000mAh बैटरी वाला Motorola स्मार्टफोन
  2. Lenovo Legion R9000P हुआ लॉन्च, IJP OLED डिस्प्ले वाला दुनिया पहला गेमिंग लैपटॉप, जानें क्या है इसमें खास
  3. Motorola Edge 70 Max vs Samsung Galaxy A57 5G vs OnePlus 15R: ₹60 हजार में कौन सा है बेस्ट
  4. Kia ने पेश की Syros EV, जानें रेंज, फीचर्स
  5. Apple Back to School Sale: भारत में स्टूडेंट्स, टीचर्स के लिए Apple की खास सेल, iPad, MacBook मॉडल्स पर भारी छूट!
  6. 2K रिकॉर्डिंग करने वाला Xiaomi Smart Camera C401 हुआ लॉन्च, जानें सबकुछ
  7. Nubia के AI-पावर्ड NaviX Ultra में मिलेंगे चार कलर के ऑप्शन, इस सप्ताह होगा लॉन्च 
  8. स्पीकर है या शोपीस? Samsung ने भारत में लॉन्च किए यूनिक डिजाइन वाले Wi-Fi Speakers
  9. iQOO Z11 Lite होगा ₹20,000 के बजट में लॉन्च, मिलेंगे गजब AI फीचर्स
  10. Google Pixel 11 में मिलेगा Pixel Glow का नया फीचर, अगले महीने लॉन्च 
© Copyright Red Pixels Ventures Limited 2026. All rights reserved.
ट्रेंडिंग प्रॉडक्ट्स »
लेटेस्ट टेक ख़बरें »