ईरान में इंटरनेट ब्लैकआउट का बना वर्ल्ड रिकॉर्ड, 45 दिनों से ऑनलाइन कनेक्टिविटी से दूर 

हाल के महीनों में यह पहली बार नहीं है कि जब ईरान में इंटरनेट को ब्लॉक किया गया है। इस वर्ष की शुरुआत में कई सप्ताह तक चले सरकार विरोधी प्रदर्शनों के दौरान भी इंटरनेट को बंद किया गया था

विज्ञापन
Written by आकाश आनंद, अपडेटेड: 13 अप्रैल 2026 20:45 IST
ख़ास बातें
  • ईरान में इंटरनेट ब्लैकआउट के सोमवार को 45 दिन हो गए हैं
  • यह किसी देश में इंटरनेट में सबसे अधिक रुकावट का इंटरनेशनल रिकॉर्ड है
  • अमेरिका ने ईरान पर भीषण हमले करने की चेतावनी दी है

मानवीय अधिकार समूहों ने ईरान में इंटरनेट के ब्लॉक होने से बड़ा नुकसान होने आशंकाएं जताई हैं

पिछले कुछ सप्ताह से ईरान पर अमेरिका और इजरायल की ओर से भीषण हमले किए जा रहे थे। इन हमलों को अस्थायी तौर पर रोक दिया गया है। हालांकि, ईरान के लोगों के लिए ऑनलाइन कनेक्टिनिटी मौजूद नहीं है। ईरान में इंटरनेट ब्लैकआउट के सोमवार को 45 दिन हो गए हैं। यह किसी देश में इंटरनेट में सबसे अधिक रुकावट का इंटरनेशनल रिकॉर्ड है। 

इंटरनेशनल लेवल पर इंटरनेट की स्थिति की निगरानी करने वाले NetBlocks ने बताया है कि ईरान में इंटरनेट शटडाउन ने पिछले सभी रिकॉर्ड तोड़ दिए हैं। इसके साथ ही NetBlocks ने चेतावनी दी है कि लंबी अवधि तक डिजिटल तौर पर अलग-थलग पड़ने के बड़े मानवीय और आर्थिक परिणाम हो सकते हैं। अमेरिका और इजरायल की ओर से हमले शुरू करने के बाद ईरान में इंटरनेट पर पाबंदियों को लागू कर दिया गया था। क्रूड ऑयल का बड़ा रिजर्व रखने वाले इस देश की अथॉरिटीज ने बाहरी इंटरनेट एक्सेस को पूरी तरह ब्लॉक कर दिया है। 

हाल के महीनों में यह पहली बार नहीं है कि जब ईरान में इंटरनेट को ब्लॉक किया गया है। इस वर्ष की शुरुआत में कई सप्ताह तक चले सरकार विरोधी प्रदर्शनों के दौरान भी इंटरनेट को बंद किया गया था। अमेरिका ने इन प्रदर्शनों का अप्रत्यक्ष तौर पर समर्थन किया था। Bloomberg की एक रिपोर्ट में बताया गया था कि ईरान में इंटरनेट का एक्सेस उपलब्ध कराने के लिए अमेरिका के स्टेट डिपार्टमेंट, दोनों राजनीतिक दलों के सीनेटर्स और अन्य एजेंसियों ने वर्चुअल प्राइवेट नेटवर्क (VPN) की फंडिंग का भी पक्ष लिया था। 

मानवीय अधिकार समूहों ने इंटरनेट को ब्लॉक किए जाने को लेकर बड़ा नुकसान होने आशंकाएं जताई हैं। इन समूहों का कहना है कि इंटरनेशनल कम्युनिकेशन प्लेटफॉर्म्स का एक्सेस नहीं मिलने से कारोबारों, स्टूडेंट्स और सामान्य नागरिकों को मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है। पिछले सप्ताह इस विवाद को सुलझाने के लिए पाकिस्तान में हुई बातचीत का कोई नतीजा नहीं निकला है। इससे अमेरिका और इजरायल की ओर से भीषण हमले दोबारा होने की आशंका है। अमेरिका के प्रेसिडेंट Donald Trump ने चेतावनी दी है कि अगर जहाजों के लिए होर्मूज जलडमरूमध्य को जल्द नहीं खोला जाता तो ईरान को तबाह करने वाले हमले किए जाएंगे। 

 

लेटेस्ट टेक न्यूज़, स्मार्टफोन रिव्यू और लोकप्रिय मोबाइल पर मिलने वाले एक्सक्लूसिव ऑफर के लिए गैजेट्स 360 एंड्रॉयड ऐप डाउनलोड करें और हमें गूगल समाचार पर फॉलो करें।

Gadgets 360 में आकाश आनंद डिप्टी ...और भी

Advertisement
Popular Brands
#ट्रेंडिंग टेक न्यूज़
  1. iQOO Pad Ultra में 9020mAh बैटरी कंफर्म, प्री-ऑर्डर भी शुरू
  2. ₹16 हजार सस्ता मिल रहा 50MP तीन कैमरा वाला Samsung 5G फोन! IP67 रेटिंग
  3. Nothing Phone (4a), Phone (4b) भारत में नए 6GB रैम वेरिएंट में हुए लॉन्च, जानें कीमत
#ताज़ा ख़बरें
  1. Audi A6 e-Tron ने बनाया रिकॉर्ड, सिंगल चार्ज में 1,338 किलोमीटर की ड्राइव
  2. iQOO Pad Ultra में 9020mAh बैटरी कंफर्म, प्री-ऑर्डर भी शुरू
  3. Samsung Galaxy A08 भारत में ₹19 हजार से सस्ते में हो सकता है लॉन्च! 6000mAh बैटरी
  4. इंटरनेट पर TV चैनल देखना फ्री नहीं रहेगा! TRAI ला सकती है नए नियम
  5. Nothing Phone (4a), Phone (4b) भारत में नए 6GB रैम वेरिएंट में हुए लॉन्च, जानें कीमत
  6. Vivo S2 FE लॉन्च होगा 6 अक्टूबर को, 10,000mAh पावर के साथ Origin OS का खुलासा
  7. Best Selfie Camera Phone: 2 फ्रंट कैमरा के साथ ये हैं टॉप सेल्फी स्मार्टफोन! Vivo V23 Pro, Honor 200 Pro समेत पूरी लिस्ट
  8. ₹16 हजार सस्ता मिल रहा 50MP तीन कैमरा वाला Samsung 5G फोन! IP67 रेटिंग
  9. क्रिप्टो एक्सचेंज Bitget हुआ हैकिंग का शिकार, 35 करोड़ डॉलर से ज्यादा का नुकसान
  10. भारत में Tesla ने किया एक्सपैंशन, चेन्नई में खोला एक्सपीरिएंस सेंटर
Download Our Apps
Available in Hindi
© Copyright Red Pixels Ventures Limited 2026. All rights reserved.