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यूथ कर रहे डोपामाइन साइट से खरीदारी, जितनी मर्जी करो शॉपिंग, नहीं आएगा कोई भी खर्च

अगर आपको पता चले कि कोई ऐसी साइट है, जहां से आप खरीदारी करेंगे और कोई पैसा नहीं देना होगा तो आपको कैसा लगेगा?

यूथ कर रहे डोपामाइन साइट से खरीदारी, जितनी मर्जी करो शॉपिंग, नहीं आएगा कोई भी खर्च

Photo Credit: Unsplash/freestocks

जेन-जी डोपामाइन साइट का जमकर उपयोग कर रहे हैं।

ख़ास बातें
  • डोपामाइन साइट का उपयोग मन की शांति या खुशी के लिए किया जा रहा है।
  • डोपामाइन साइट से की जाने वाली खरीदारी बिलकुल असली जैसी लगती है।
  • साउथ कोरिया में युवाओं द्वारा ऐसी शॉपिंग मन की शांति के लिए हो रही है।
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अगर आपको पता चले कि कोई ऐसी साइट है, जहां से आप खरीदारी करेंगे और कोई पैसा नहीं देना होगा तो आपको कैसा लगेगा? जी हां इन साइट से आप जी भरकर खरीदारी कर सकते हैं और कोई भी भुगतान नहीं करना पड़ता है। दरअसल साउथ कोरिया में युवा डोपामाइन साइट का उपयोग कर रहे हैं, जिससे उन्हें मजा आता और मन की शांति मिलती है। आइए इन डोपामाइन साइट और उनके इस्तेमाल के बारे में विस्तार से जानते हैं।

नाम से ही साफ है कि डोपामाइन साइट का उपयोग मन की शांति या खुशी के लिए किया जा रहा है। इन साइट से की जाने वाली खरीदारी बिलकुल असली जैसी लगती है और उसके लिए भुगतान की प्रक्रिया भी होती है, लेकिन भुगतान नहीं होता है। ध्यान देने वाली बात यह भी है कि इन साइट से खरीदारी होने पर किसी भी सामान की डिलीवरी नहीं होती है। यानी कि आपने जो खरीदारी की है, उसके लिए कोई भुगतान नहीं किया और खरीदारी के बाद आपको डिलीवरी स्टेटस भी दिखता है, लेकिन कोई भी सामान घर पर नहीं आता है।

साउथ कोरिया में युवाओं द्वारा इस तरह की शॉपिंग मन की शांति के लिए की जा रही है। इसमें एक फेक डिलीवरी ऐप और ऑनलाइन स्मोक ब्रेक के जरिए राहत और खुशी महसूस कर रहे हैं। फेक डिलीवरी ऐप का मतलब है कि साइट पर ऑर्डर किया जा सकता है, लेकिन कोई डिलीवरी नहीं होती है। Gen Z अपनी पसंद का खाना चुनकर उसे कार्ट में डालते है, लेकिन ऑर्डर बटन दबाने का झंझट नहीं होता है। यह एक ऐसी प्रक्रिया है जिससे थोड़ा स्ट्रेस कम होता है और असल में कुछ ऑर्डर न करने पर भी ऑर्डर करने जैसा लगता है।

यूजर्स एक ऐसी साइट खोलते हैं जो फूड डिलीवरी ऐप जैसी दिखती है। ऐसे में रात को कुछ खाने का मन है, लेकिन ऑर्डर देने का कोई प्लान नहीं होता है। यूजर्स मीनू से चीजें चुनते हैं, उन्हें कार्ट में डालते हैं और ऑर्डर पूरा करते हैं। यूजर्स को ऐसा लगता है कि जैसे उन्होंने सच में कुछ ऑर्डर किया हो। उसने यह भी कहा कि इस आदत से उसे देर रात खाने की इच्छा को रोकने में मदद मिलती है।

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ये भी पढ़े: Dopamine Site, Fake Shopping Site, Fake Food Site, Gen Z
साजन चौहान

साजन चौहान Gadgets 360 में सीनियर सब एडिटर हैं। उन्हें विभिन्न प्रमुख ...और भी

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