Elon Musk ने कहा, लेबर की कमी को दूर कर सकता है Tesla Bot

मस्क ने दावा किया है कि इस वर्ष की शुरुआत में पेश किए गए Tesla Bot से लेबर की कमी से जुड़ी समस्या का समाधान हो सकता है

Elon Musk ने कहा, लेबर की कमी को दूर कर सकता है Tesla Bot

इसका डिजाइन मैनुअल तौर पर किए जाने वाले असुरक्षित और दोहराए जाने वाले कार्यों को करने के लिए बनाया गया है

ख़ास बातें
  • Tesla ने इस Bot के लिए हायरिंग शुरू कर दी है
  • Tesla Bot में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस की क्षमताएं होंगी
  • यह दोहराए जाने वाले कार्यों को कर सकेगा
विज्ञापन
अमेरिकी इलेक्ट्रिक कार मेकर Tesla के हेड, Elon Musk ने एक बार बड़ा बयान दिया है। इससे उन लोगों को झटका लग सकता है जिनका मानना है कि ऑटोमेशन और AI जैसी टेक्नोलॉजीज से बहुत से नौकरियां कम हो सकती हैं। मस्क ने दावा किया है कि इस वर्ष की शुरुआत में पेश किए गए Tesla Bot से लेबर की कमी से जुड़ी समस्या का समाधान हो सकता है। ऐसा बताया जा रहा है कि इस Tesla Bot में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस की क्षमताएं होंगी। यह दोहराए जाने वाले कार्यों को कर सकेगा।

Carandbike की रिपोर्ट के अनुसार, Tesla ने इस Bot के लिए हायरिंग शुरू कर दी है। इसका डिजाइन मैनुअल तौर पर किए जाने वाले असुरक्षित और दोहराए जाने वाले कार्यों को करने के लिए बनाया गया है। मस्क ने कहा, "मेरा मानना है कि ऑटोपायलट और फुल सेल्फ-ड्राइविंग के साथ हम वास्तविक दुनिया में नेविगेशन के लिए सबसे एडवांस्ड AI डिवेलप कर रहे हैं। आप Tesla को दुनिया की सबसे बड़ी रोबोट कंपनी भी मान सकते हैं। कार चार पहियों पर एक रोबोट की तरह है। हम शायद इसी टेक्नोलॉजी को मानव की तरह काम करने वाले रोबोट में भी लाएंगे। हमें कुछ एक्युटेटर्स और सेंसर्स को डिवेलप करने की जरूरत है।"

मस्क ने कहा कि वह नहीं जानते कि यह काम कब तक पूरा होगा लेकिन इसे सही तरीके से किया जाएगा। उनका मानना है कि यह लेबर की कमी से जुड़ी समस्या का एक वास्तविक समाधान हो सकता है। बहुत से देशों में पहले ही जनसंख्या में वृद्धि कम हो रही है। इन देशों में जापान और चीन प्रमुख हैं। इस वजह से लेबर की कमी एक बड़ी समस्या बन सकती है। मस्क मे कहा, "इसमें समय के साथ मानवीय लेबर का एक सामान्य विकल्प बनने की क्षमता है। इकोनॉमी का आधार लेबर होती है।"

बहुत से रोबोटिक्स और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस एक्सपर्ट्स ने Tesla के Bot प्रोजेक्ट को लेकर आशंका जताई है। इसका बड़ा कारण Boston Dynamics जैसी रोबोटिक्स सेगमेंट की बड़ी कंपनियों का अपनी टेक्नोलॉजी को कमर्शियल तौर पर सफल करने में नाकाम होना है। इस तरह की टेक्नोलॉजी को वर्षों से डिवेलप किया जा रहा है लेकिन इसे पूरी तरह सटीक बनाने में ये कंपनियां असफल रही हैं। रोबोट्स की मदद से ऑटोमोबाइल जैसे कुछ सेक्टर्स में मैन्युफैक्चरिंग से जुड़े सामान्य कार्य किए जा रहे हैं लेकिन जटिल कार्यों को करने के लिए इनका इस्तेमाल नहीं किया जा सकता।
Comments

लेटेस्ट टेक न्यूज़, स्मार्टफोन रिव्यू और लोकप्रिय मोबाइल पर मिलने वाले एक्सक्लूसिव ऑफर के लिए गैजेट्स 360 एंड्रॉयड ऐप डाउनलोड करें और हमें गूगल समाचार पर फॉलो करें।

ये भी पढ़े: Tesla, Elon Mask, BOT, automation
आकाश आनंद

Gadgets 360 में आकाश आनंद डिप्टी न्यूज एडिटर हैं। उनके पास प्रमुख ...और भी

Share on Facebook Gadgets360 Twitter ShareTweet Share Snapchat Reddit आपकी राय google-newsGoogle News

विज्ञापन

Follow Us

विज्ञापन

#ताज़ा ख़बरें
  1. Oppo Find X9s Pro में हो सकता है 200 मेगापिक्सल का प्राइमरी कैमरा, 3C से मिला सर्टिफिकेशन
  2. BYD ने भारत में लॉन्च किया Sealion 7 एनिवर्सरी एडिशन, जानें प्राइस, स्पेसिफिकेशंस 
  3. Apple को फोल्डेबल आईफोन की जोरदार डिमांड की उम्मीद, 2 करोड़ डिस्प्ले का हो सकता है ऑर्डर
  4. Samsung ने इस Rs 2.7 लाख के फोन की 3 महीने में बंद कर दी सेल! सामने आया कारण
  5. अगर आपके पास ये Xiaomi-Redmi फोन है तो बुरी खबर, कंपनी ने बंद किया सॉफ्टवेयर सपोर्ट
  6. AI स्कैम गैंग्स की हिट लिस्ट में भारत दूसरे नंबर पर, Meta की इस रिपोर्ट में सामने आया पूरा फ्रॉड गेम
  7. Vivo V70 FE जल्द होगा भारत में लॉन्च, 35,000 रुपये से कम हो सकता है प्राइस
  8. Dreame ने भारत में लॉन्च किए 2 नए रोबोट वैक्यूम क्लीनर L40 Ultra AE और D20 Ultra, जानें कीमत
  9. OnePlus 15T में मिलेंगे RAM और स्टोरेज के 5 वेरिएंट्स, जल्द होगा लॉन्च
  10. इजरायल-गाजा युद्ध: 76 लाख पेट्रोल कारों के बराबर निकला कार्बन! रिपोर्ट में खुलासा
© Copyright Red Pixels Ventures Limited 2026. All rights reserved.
ट्रेंडिंग प्रॉडक्ट्स »
लेटेस्ट टेक ख़बरें »