Amazon ने की रिकॉर्ड तोड़ छंटनी, 1,800 इंजीनियर्स की नौकरी गई, AI का बड़ा रोल!

Amazon की ऐतिहासिक लेऑफ वेव में सबसे ज्यादा कटौती इंजीनियरिंग रोल्स में हुई। कंपनी लीन मॉडल, तेज फैसलों और AI-फोकस्ड बदलाव की ओर बढ़ रही है।

Amazon ने की रिकॉर्ड तोड़ छंटनी, 1,800 इंजीनियर्स की नौकरी गई, AI का बड़ा रोल!

Photo Credit: Reuters

ख़ास बातें
  • Amazon का कहना है कि कंपनी अपनी टीमों को लीन बनाना चाहती है
  • जिन राज्यों का रिकॉर्ड आया उनमें लगभग 40% लेऑफ्स इंजीनियरिंग रोल्स के थे
  • AI इस छंटनी का “मुख्य ड्राइवर” नहीं है
विज्ञापन

Amazon में पिछले महीने घोषित की गई ऐतिहासिक छंटनी का असर कंपनी के लगभग हर बड़े वर्टिकल पर पड़ा था, चाहे वह AWS हो, प्राइम वीडियो, रिटेल, डिवाइसेस या फिर एडवर्टाइजमेंट का कारोबार। लेकिन इस बड़े कदम का सबसे ज्यादा असर जिस भूमिका पर पड़ा, वह इंजीनियरों की थी। अमेरिका के कई राज्यों में जमा की गई WARN फाइलिंग्स से साफ हुआ है कि हजारों में हुई कटौती में से सबसे भारी हिस्सा टेक्निकल और इंजीनियरिंग टीमों का था।

CNBC द्वारा न्यूयॉर्क, कैलिफोर्निया, न्यू जर्सी और वॉशिंग्टन में जमा किए गए डॉक्यूमेंट्स बताते हैं कि इन राज्यों में दर्ज 4,700 से ज्यादा जॉब कट्स में लगभग 40% इंजीनियरिंग रोल्स थे। ये आंकड़े कुल ग्लोबल लेऑफ्स का सिर्फ एक हिस्सा हैं, क्योंकि सभी राज्यों का डेटा एक जैसे समय पर उपलब्ध नहीं होता। इसके बावजूद तस्वीर साफ है कि Amazon ने इस दौर में रिकॉर्ड संख्या में इंजीनियरों को बाहर का रास्ता दिखाया।

यह कदम उस समय आया है जब 2024-25 में कई टेक कंपनियां भरपूर मुनाफे के बावजूद हजारों की संख्या में लेऑफ्स कर रही हैं। Layoffs.fyi के मुताबिक, साल भर में 231 टेक कंपनियों ने मिलकर करीब 1.13 लाख नौकरियां घटाई हैं। यह वही ट्रेंड है जो 2022 में पोस्ट-पैंडेमिक रीस्ट्रक्चरिंग के बाद शुरू हुआ था।

रिपोर्ट बताती है कि Amazon के CEO एंडी जस्सी पिछले दो साल से कंपनी को “दुनिया के सबसे बड़े स्टार्टअप” की तरह चलाने की बात कर रहे हैं, यानी लीन स्ट्रक्चर, कम लेयर्स और तेज फैसले। जस्सी लगातार इस बात पर जोर देते रहे हैं कि कंपनी को कम संसाधनों में ज्यादा आउटपुट देना होगा और टीमों में फैली बेतरतीब लेयर्स को हटाना होगा। जनवरी में एक और राउंड की छंटनी की उम्मीद भी जताई गई है।

साथ ही, कंपनी तेजी से AI इनिशिएटिव्स की तरफ अपने रिसोर्सेज शिफ्ट कर रही है। जस्सी पहले ही कह चुके हैं कि आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस आने वाले वर्षों में Amazon के कॉर्पोरेट हेडकाउंट को प्रभावित करेगा। HR हेड बेथ गैलेटी ने अपने ले-ऑफ नोट में लिखा कि, "AI इस पीढ़ी की सबसे परिवर्तनकारी तकनीक है और कंपनियां इससे पहले कभी इतनी तेजी से इनोवेशन नहीं कर पाई थीं। हमें लीन और कम लेयर वाली टीम चाहिए ताकि हम ग्राहकों के लिए तेजी से काम कर सकें।"

रिपोर्ट आगे बताती है कि हालांकि Amazon का कहना है कि AI इन लेऑफ्स का मुख्य कारण नहीं है। कंपनी के मुताबिक, उद्देश्य ज्यादा तेज और कम ब्यूरोक्रेटिक ऑपरेशन बनाना है।

Amazon ने इतनी बड़ी छंटनी क्यों की?

Amazon का कहना है कि कंपनी अपनी टीमों को लीन बनाना चाहती है, ब्यूरोक्रेसी कम करना चाहती है और फैसले लेना तेज करना चाहती है।

क्या इंजीनियरिंग टीम सबसे ज्यादा प्रभावित हुई है?

हां। उपलब्ध WARN डेटा के अनुसार, जिन राज्यों का रिकॉर्ड सामने आया है, उनमें लगभग 40% लेऑफ्स इंजीनियरिंग रोल्स के थे।

क्या AI इन लेऑफ्स का कारण है?

पूरी तरह से नहीं। Amazon ने स्पष्ट कहा है कि AI इस छंटनी का “मुख्य ड्राइवर” नहीं है। हालांकि कंपनी AI में बड़े पैमाने पर निवेश कर रही है और रिसोर्सेज को उस दिशा में शिफ्ट कर रही है।

क्या भविष्य में Amazon और लेऑफ करेगा?

रिपोर्ट में इशारा दिया गया है कि जनवरी में एक और राउंड की छंटनी हो सकती है, लेकिन कंपनी ने इस पर अभी आधिकारिक पुष्टि नहीं की है।

क्या AI लंबी अवधि में Amazon की नौकरियों को प्रभावित करेगा?

CEO Andy Jassy ने पहले कहा है कि AI कॉर्पोरेट वर्कफोर्स को ज्यादा लीन बना सकता है और भविष्य में हेडकाउंट कम हो सकता है। लेकिन मौजूदा लेऑफ्स को सीधे AI से जोड़ना सही नहीं है।

Comments

लेटेस्ट टेक न्यूज़, स्मार्टफोन रिव्यू और लोकप्रिय मोबाइल पर मिलने वाले एक्सक्लूसिव ऑफर के लिए गैजेट्स 360 एंड्रॉयड ऐप डाउनलोड करें और हमें गूगल समाचार पर फॉलो करें।

नितेश पपनोई Nitesh has almost seven years of experience in news writing and reviewing tech products like smartphones, headphones, and smartwatches. At Gadgets 360, he is covering all ...और भी
Share on Facebook Gadgets360 Twitter ShareTweet Share Snapchat Reddit आपकी राय google-newsGoogle News
Turbo Read

विज्ञापन

Follow Us

विज्ञापन

#ताज़ा ख़बरें
  1. 50 मेगापिक्सल कैमरा, 7200mAh बैटरी के साथ Vivo Y31d लॉन्च, जानें कैसे हैं फीचर्स
  2. Realme P4 Power 5G: चार्जिंग की टेंशन खत्म? भारत में लॉन्च हुआ 10,001mAh बैटरी वाला फोन, जानें कीमत
  3. Redmi Note 15 Pro+ 5G vs Vivo V60e vs OnePlus Nord 5: देखें कौन सा फोन है बेस्ट
  4. Xiaomi का स्मार्ट चश्मा अब बोलकर करे देगा पार्किंग पेमेंट, जानें कैसे काम करता है नया AI फीचर
  5. 200MP कैमरा के साथ Redmi Note 15 Pro 5G, Note 15 Pro+ 5G लॉन्च, जानें कीमत और फीचर्स
  6. अब फोटो एडिट होगी बोलकर, भारत में आया Google Photos का स्पेशल AI फीचर, ऐसे करेगा काम
  7. Android 17 लेकर आएगा ब्लर UI, स्क्रीन रिकॉर्डर भी होगा अपडेट, जानें क्या कुछ होगा नया
  8. Amazon Layoffs 2026: 16,000 नौकरियों पर गिरी गाज, AI है कारण?
  9. 2032 में चांद से टकराएगा एस्टरॉयड! पृथ्वी पर मचेगी तबाही?
  10. Facebook और Instagram के फीचर्स नहीं रहेंगे फ्री, करना होगा भुगतान, जानें क्या है Meta का प्लान
© Copyright Red Pixels Ventures Limited 2026. All rights reserved.
ट्रेंडिंग प्रॉडक्ट्स »
लेटेस्ट टेक ख़बरें »