• होम
  • एआई
  • ख़बरें
  • कबूतरों में लगा दी चिप! ड्रोन की तरह होंगे रिमोट से कंट्रोल

कबूतरों में लगा दी चिप! ड्रोन की तरह होंगे रिमोट से कंट्रोल

इन कबूतरों के दिमाग में इलेक्ट्रॉड फिट किए गए जो कि उनकी पीठ पर लगी कंट्रोल यूनिट से जुड़े हुए थे।

कबूतरों में लगा दी चिप! ड्रोन की तरह होंगे रिमोट से कंट्रोल

Photo Credit: Daily Mail

रूसी कंपनी Neiry ने कबूतरों को ड्रोन की तरह इस्तेमाल करने का सफल टेस्ट किया है।

ख़ास बातें
  • Neiry ने कबूतरों को ड्रोन की तरह इस्तेमाल करने का सफल टेस्ट किया
  • कबूतरों के दिमाग में इलेक्ट्रॉड फिट किए गए
  • एडवांस्ड सर्जरी की मदद से यह सब संभव हो सका
विज्ञापन

रूस में कबूतरों को जिंदा ड्रोन बनाने की तैयारी चल रही है! जी हां, आपने बिल्कुल सही पढ़ा। रूस में एक कंपनी कबूतरों को ड्रोन की तरह इस्तेमाल करने के तरीके पर काम कर रही है। कंपनी का नाम है नाइरी (Neiry) जो मॉस्को में कबूतरों को बायोड्रोन में तब्दील करने के लिए टेस्ट कर रही है। न्यूरो टेक्नोलॉजी कंपनी ने इन कबूतरों में एक चिप लगाई और उन्हें उड़ान भरने दिया। कंपनी ने दावा किया है कि न्यूरल चिप लगे कबूतरों ने सफलता पूर्वक उड़ान भरी। यानी कंपनी का यह टेस्ट कामयाब रहा। 

रूसी कंपनी Neiry ने कबूतरों को ड्रोन की तरह इस्तेमाल करने का सफल टेस्ट किया है। इन कबूतरों के दिमाग में इलेक्ट्रॉड फिट किए गए जो कि उनकी पीठ पर लगी कंट्रोल यूनिट से जुड़े हुए थे। Daily Mail के मुताबिक, यह कंट्रोल यूनिट पूरी तरह से सोलर पावर पर चलती है। यानी कबूतर हवा में उड़ेंगे और सूर्य की रोशनी से कंट्रोल यूनिट को पावर मिलती रहेगी। इस चिप से वैज्ञानिक उनकी दिशा को कंट्रोल कर सकते हैं। यानी कबूतरों का रिमोट कंट्रोल अब इंसानों के हाथ में होगा और इसी वजह से उन्हें मनचाहे तरीके से इस्तेमाल किया जा सकेगा जिससे कि वे निगरानी, देखरेख और चौकसी आदि के लिए भेजे जा सकेंगे। 

कंपनी का कहना है कि कबूतरों को इसके लिए कोई स्पेशल ट्रेनिंग देने की जरूरत नहीं पड़ी। और न ही कबूतरों की सेहत पर इसका कोई नुकसान दिखाई दिया। एडवांस्ड सर्जरी की मदद से यह सब संभव हो सका। कुल मिलाकर कबूतरों को जिंदा ड्रोन बना दिया गया। ये बायोड्रोन कहे जाते हैं जिनमें कैमरा भी लगे हैं। कंपनी की मंशा है कि इन कबूतरों को इंफ्रास्ट्रक्चर के सर्वे, औद्योगिक निरीक्षण, पर्यावरण से जुड़े ऑपरेशंस, खोजबीन, और रेस्क्यू आदि कामों में इस्तेमाल किया जा सकेगा। 

कबूतरों के रूप में ये बायोड्रोन पारंपरिक ड्रोन्स के मुकाबले कहीं ज्यादा दूर तक जा सकेंगे और इनकी अपनी भी एक समझ होगी। कंपनी के फाउंडर Alexander Panov ने कहा कि यह तकनीकी दूसरे पक्षियों पर भी लागू की जा सकती है जिसमें कौए, मुर्गाबी, और एल्बैट्रॉस आदि शामिल हो सकते हैं। कंपनी इस तकनीकी को अंतर्राष्ट्रीय स्तर तक ले जाना चाहती है। तो अगर भविष्य में आपको रिमोट कंट्रोल वाले कबूतर आसमान में उड़ते दिखें तो इस पर हैरानी नहीं होनी चाहिए। 
 

Comments

लेटेस्ट टेक न्यूज़, स्मार्टफोन रिव्यू और लोकप्रिय मोबाइल पर मिलने वाले एक्सक्लूसिव ऑफर के लिए गैजेट्स 360 एंड्रॉयड ऐप डाउनलोड करें और हमें गूगल समाचार पर फॉलो करें।

हेमन्त कुमार

हेमन्त कुमार Gadgets 360 में सीनियर सब-एडिटर हैं और विभिन्न प्रकार के ...और भी

Share on Facebook Gadgets360 Twitter ShareTweet Share Snapchat Reddit आपकी राय google-newsGoogle News
Turbo Read

विज्ञापन

Follow Us

विज्ञापन

#ताज़ा ख़बरें
  1. OnePlus प्रोडक्ट्स खरीदने की इच्छा? स्मार्टफोन, टैबलेट और ईयरफोन्स पर मिल रहा भारी डिस्काउंट!
  2. इस स्टार्टअप का AI आपके काम नहीं आया तो मिलेंगे 95 करोड़ रुपये!
  3. Google Chrome में छिपे हैं आपके पुराने पासवर्ड, ऐसे करें चेक
  4. 10,000mAh बैटरी वाला फोन खरीदना है? Realme के इस मोबाइल पर मिल रही है जबरदस्त डील
  5. अब प्रेग्नेंसी बताएगी आपकी घड़ी, Apple के नए AI मॉडल ने कर दिखाया कमाल!
  6. फ्रॉड से बचाव के लिए Aadhaar को कैसे करें लॉक, ये ऐप देगी पूरा समाधान
  7. आईफोन मेकर Apple का बदला रुख, भारत में बिजनेस के डेटा की CCI को देगी जानकारी 
  8. OnePlus Turbo 6X में मिल सकता है 6.72 इंच फुल HD+ LCD डिस्प्ले, 50 मेगापिक्सल प्राइमरी कैमरा
  9. 50 डिग्री में भी करेगा ठंडा! Optimist ने भारत में लॉन्च की नई 5-स्टार इन्वर्टर AC सीरीज
  10. जो चीज दिख रही है, वही खरीदना चाहते हैं? Amazon का AI करेगा काम आसान, नए टूल्स हुए रिलीज
© Copyright Red Pixels Ventures Limited 2026. All rights reserved.
ट्रेंडिंग प्रॉडक्ट्स »
लेटेस्ट टेक ख़बरें »