• होम
  • विज्ञान
  • ख़बरें
  • SpaceX ने अंतरिक्ष में पहुंचाए 22 स्‍टारलिंक सैटेलाइट, क्‍या काम करेंगे? जानें

SpaceX ने अंतरिक्ष में पहुंचाए 22 स्‍टारलिंक सैटेलाइट, क्‍या काम करेंगे? जानें

SpaceX Satellites Launch : लिफ्टऑफ के लगभग 62.5 मिनट बाद सभी सैटेलाइट्स को स्‍पेस में पहुंचा दिया गया।

SpaceX ने अंतरिक्ष में पहुंचाए 22 स्‍टारलिंक सैटेलाइट, क्‍या काम करेंगे? जानें

एलन मस्‍क की कंपनी इस साल अबतक 26 लॉन्‍च कर चुकी है। इनमें से 17 लॉन्‍च स्‍टारलिंक सैटेलाइट्स को ऑर्बिट तक पहुंचाने के लिए हुए हैं।

ख़ास बातें
  • स्‍पेसएक्‍स ने नए सैटेलाइट्स स्‍पेस में पहुंचाए
  • 22 स्‍टारलिंक सैटेलाइट्स को लॉन्‍च किया
  • इंटरनेट कनेक्टिविटी की दिशा में कदम
विज्ञापन
SpaceX Satellites Launch : एलन मस्‍क की कंपनी स्‍पेसएक्‍स (SpaceX) ने 22 स्‍टारलिंक सैटेलाइट्स का नया बैच लॉन्‍च कर दिया है। फाल्‍कन-9 रॉकेट की मदद से कैलिफोर्निया के वेंडनबर्ग स्‍पेस फोर्स बेस से इन सैटेलाइट्स को ऑर्बिट में पहुंचाया गया। ल‍िफ्ट ऑफ के ठीक 8.5 मिनट बाद फॉल्‍कन-9 के फर्स्‍ट स्‍टेज ने वापस धरती पर कदम रखा। ऐसा करके स्‍पेसएक्‍स एक बूस्‍टर की मदद से बार-बार मिशन लॉन्‍च करती है, जिससे उसके पैसे बचते हैं।  रिपोर्टों के अनुसार, मंगलवार को हुआ लॉन्‍च उस बूस्‍टर का 10वां लॉन्‍च और लैंडिंग थी। बूस्‍टर के वापस धरती पर लौटने के बाद ऊपरी स्‍टेज ने अपना काम जारी रखा और 22 स्‍टारलिंक सैटेलाइट्स को पृथ्‍वी की निचली कक्षा (low Earth orbit) में पहुंचाया। लिफ्टऑफ के लगभग 62.5 मिनट बाद सभी सैटेलाइट्स को स्‍पेस में पहुंचा दिया गया।  

एलन मस्‍क की कंपनी इस साल अबतक 26 लॉन्‍च कर चुकी है। इनमें से 17 लॉन्‍च स्‍टारलिंक सैटेलाइट्स को ऑर्बिट तक पहुंचाने के लिए हुए हैं। कंपनी के अभी 5500 सैटेलाइट्स अंतरिक्ष में हैं और फ्यूचर में इस नेटवर्क को 12 हजार सैटेलाइट्स तक पहुंचाना है। 
 

कंपनी ने हाल ही में दुनिया के सबसे भारी रॉकेट स्‍टारशिप (Starship) को भी टेस्‍ट किया है। यह तीसरा लॉन्‍च टेस्‍ट था, जो लगभग कामयाब रहा। रॉकेट ने ना सिर्फ उड़ान भरी, बल्कि पृथ्‍वी के वायुमंडल में री-एंट्री भी की। हालांकि री-एंट्री के दौरान स्‍टारशिप का संपर्क टूट गया और वह पहुंच से गायब हो गया। इसके बावजूद स्‍पेसएक्‍स और एलन मस्‍क उत्‍साहित हैं। सोशल मीडिया प्‍लेटफॉर्म एक्‍स पर मस्‍क ने लिखा है कि स्‍टारशिप, मानवता यानी इंसानों को एक दिन मंगल ग्रह पर लेकर जाएगा।  

मस्‍क का कहना है कि स्‍टारशिप रॉकेट एक दिन इंसानों को मंगल ग्रह तक लेकर जाएगा। स्‍पेसएक्‍स ने अमेरिका की टी-मोबाइल के साथ भी पार्टनरशिप की है। दोनों मिलकर स्‍मार्टफोन्‍स में सैटेलाइट इंटरनेट कनेक्टिविटी पेश करना चाहती हैं। स्‍पेसएक्‍स को लगता है कि अगले कुछ साल में स्‍मार्टफोन्‍स में सैटेलाइट इंटरनेट कनेक्टिविटी मिलने लगेगी।  
 
Comments

लेटेस्ट टेक न्यूज़, स्मार्टफोन रिव्यू और लोकप्रिय मोबाइल पर मिलने वाले एक्सक्लूसिव ऑफर के लिए गैजेट्स 360 एंड्रॉयड ऐप डाउनलोड करें और हमें गूगल समाचार पर फॉलो करें।

संबंधित ख़बरें

Share on Facebook Gadgets360 Twitter ShareTweet Share Snapchat Reddit आपकी राय google-newsGoogle News

विज्ञापन

Follow Us

विज्ञापन

#ताज़ा ख़बरें
  1. Google Pixel यूजर्स के लिए खुशखबरी! Connected Cameras अब WhatsApp पर भी चलेगा, जानें कैसे
  2. iPhone Air 2 में कम थिकनेस के साथ मिल सकती है ज्यादा कैपेसिटी वाली बैटरी
  3. अमेरिका ने ग्रीन कार्ड प्रोग्राम से TCS और Infosys सहित कई IT कंपनियों को किया बाहर
  4. Vivo V80 FE अफॉर्डेबल फोन का जल्द लॉन्च! SDPPI सर्टिफिकेशन में स्पॉट
  5. भारत में दुनिया का सबसे सस्ता इंटरनेट, 1GB की कीमत सिर्फ 8 रुपये, Elon Musk के दावे पर क्या बोले सिंधिया
  6. Oppo Pad Mini भारत समेत ग्लोबल मार्केट में होगा लॉन्च, 8000mAh बैटरी, टीजर जारी
  7. iQOO Neo 12 के जल्द लॉन्च की तैयारी, 9,000mAh हो सकती है बैटरी
  8. Flipkart-Amazon नहीं यहां मिल रहा सबसे सस्ता iPhone 17 Pro Max, सीधे ₹16 हजार से ज्यादा बचत
  9. IMC 2026: Motorola Signature 27, Xiaomi 18 Pro और iQOO 16 का इंडिया लॉन्च कंफर्म, मिलेगा सबसे पावरफुल मोबाइल प्रोसेसर
  10. Oppo Find X10 Pro Max ग्लोबल लॉन्च 21 अक्टूबर के लिए कंफर्म, 200MP तीन कैमरा, 8,000mAh बैटरी!
© Copyright Red Pixels Ventures Limited 2026. All rights reserved.
ट्रेंडिंग प्रॉडक्ट्स »
लेटेस्ट टेक ख़बरें »