• होम
  • विज्ञान
  • ख़बरें
  • Nasa का गजब प्रयोग! हवाई जहाज से अंतरिक्ष में भेजा 4K वीडियो, क्‍या होगा इससे? जानें

Nasa का गजब प्रयोग! हवाई जहाज से अंतरिक्ष में भेजा 4K वीडियो, क्‍या होगा इससे? जानें

Nasa Experiment : यह उपलब्धि क्लीवलैंड में नासा के ग्लेन रिसर्च सेंटर की एक टीम ने हासिल की।

Nasa का गजब प्रयोग! हवाई जहाज से अंतरिक्ष में भेजा 4K वीडियो, क्‍या होगा इससे? जानें

Photo Credit: Nasa

ख़ास बातें
  • नासा ने अंतरिक्ष में भेजा 4K वीडियो
  • पहली बार एयरक्राफ्ट और ISS के बीच भेजा गया वीडियो
  • नासा की क्लीवलैंड की टीम को मिली कामयाबी
विज्ञापन
अमेरिकी अंतरिक्ष एजेंसी नासा (Nasa) को बड़ी कामयाबी मिली है। नासा ने लेजर तकनीक का इस्‍तेमाल करके एक एयरक्राफ्ट से इंटरनेशनल स्‍पेस स्टेशन (ISS) तक 4K वीडियो फुटेज को स्ट्रीम करने का रिकॉर्ड बनाया है। इसे स्‍पेस स्‍टेशन से एयरक्राफ्ट पर वापस भी भेजा गया। यह स्‍पेस कम्‍युनिकेशन के क्षेत्र में अहम सफलता है। नासा के ब्लॉग में बताया गया है कि यह उपलब्धि क्लीवलैंड में नासा के ग्लेन रिसर्च सेंटर की एक टीम ने हासिल की। नासा कुछ समय से नई टेक्‍नॉलजी को टेस्‍ट कर रही है। इसी कड़ी में यह एक्‍सपेरिमेंट किया गया। 

वैज्ञानिकों को उम्‍मीद है कि यह टेक्‍नॉलजी आर्टेमिस मिशन (Artemis Mission) के दौरान चंद्रमा पर अंतरिक्ष यात्रियों का लाइव वीडियो कवरेज कराने में मददगार होगी। आर्टेमिस मिशन, नासा के लिए काफी महत्‍वपूर्ण है। इसके तहत एक बार फ‍िर अंतरिक्ष यात्रियों को चंद्रमा पर भेजा जाएगा। 

ग्‍लेन रिसर्च सेंटर में HDTN प्रोजेक्‍ट के प्रिंसिपल इन्‍वेस्टिगेटर डॉ. डैनियल रायबल ने कहा कि यह प्रयोग एक जबरदस्त उपलब्धि है। उन्होंने कहा कि अब हम स्‍पेस स्‍टेशन से 4K HD वीडियो स्ट्रीमिंग की सफलता पर काम कर सकते हैं, ताकि हमारे आर्टेमिस अंतरिक्ष यात्रियों के लिए एचडी वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग जैसी क्षमताएं डेवलप की जा सकें। 

गौरतलब है कि नासा ने स्‍पेस से इन्‍फर्मेशन भेजने के लिए रेडियो वेव्‍स पर भरोसा किया है। यह काम अबतक काफी भरोसेमंद रहा है। इसके मुकाबले लेजर कम्‍युनिकेशन में इन्फ्रारेड लाइट का इस्‍तेमाल किया जाता है, जो पारंपरिक रेडियो फ्रीक्वेंसी सिस्टम की तुलना में 10 से 100 गुना तक तेज डेटा भेज सकता है। 

हालिया कामयाबी को हासिल करने के लिए नासा ने एयरफोर्स रिसर्च लेबोरेटरी के साथ सहयोग किया। ग्लेन के इंजीनियरों ने पिलाटस पीसी-12 विमान (Pilatus PC-12 aircraft) पर अस्थायी रूप से एक पोर्टेबल लेजर टर्मिनल लगाया। उन्‍होंने विमान को उड़ाया। उड़ते हुए विमान ने क्लीवलैंड में एक ऑप्टिकल ग्राउंड स्टेशन पर डेटा भेजा जिसे नेटवर्क की मदद से न्यू मैक्सिको में नासा की वाइट सैंड्स टेस्ट फैसिलिटी में भेजा गया। वहां से वैज्ञानिकों ने डेटा भेजने के लिए इन्फ्रारेड लाइट सिग्नल का इस्तेमाल किया।

रिपोर्ट के अनुसार, भेजे गए सिग्‍नल पृथ्‍वी से 22,000 मील दूर नासा के लेजर कम्‍युनिकेशन रिले डिमॉन्‍सट्रेशन (LCRD) तक पहुंचे। इस तरह से सिग्‍नलों ने आगे का फायदा तय किया और नासा का प्रयोग सफल रहा।
 
Comments

लेटेस्ट टेक न्यूज़, स्मार्टफोन रिव्यू और लोकप्रिय मोबाइल पर मिलने वाले एक्सक्लूसिव ऑफर के लिए गैजेट्स 360 एंड्रॉयड ऐप डाउनलोड करें और हमें गूगल समाचार पर फॉलो करें।

Share on Facebook Gadgets360 Twitter ShareTweet Share Snapchat Reddit आपकी राय google-newsGoogle News

विज्ञापन

Follow Us

विज्ञापन

#ताज़ा ख़बरें
  1. Tesla ने बेंगलुरु में खोला पहला शोरूम, ऑफ्टर सेल्स सपोर्ट होगी मजबूत 
  2. HMD Vibe 2 5G में मिल सकता है Unisoc T8200 चिपसेट, लीक हुई प्राइसिंग
  3. PUBG के बाद अब ARC Raiders गेम का जलवा, बिक्री पहुंची 1.6 करोड़ पार!
  4. Vivo X500 में मिल सकती है बड़ी स्क्रीन, MediaTek Dimensity 9600 चिपसेट
  5. Redmi K100 Pro Max में होगा धांसू कैमरा, दमदार चिपसेट! सितंबर में संभव लॉन्च
  6. Gmail यूजर्स को झटका! अब नहीं मिलेगी 15GB फ्री स्टोरेज, Google बदलने जा रही नियम
  7. बिटकॉइन ने पार किया 82,000 डॉलर का लेवल, अमेरिका के क्लेरिटी एक्ट से मार्केट में तेजी
  8. Oppo Find X9s की कीमत और स्पेसिफिकेशंस हुए लॉन्च से पहले लीक, यहां जानें क्या कुछ होगा खास
  9. ControlZ का लिमिटेड पीरियड ऑफर, स्मार्टफोन खरीदने पर मिलेंगे ₹17,499 तक के फ्री गिफ्ट्स!
  10. बड़ी डिस्प्ले वाले टीवी खरीदेंगे 15 हजार से भी कम में, Flipkart SASA LELE Sale का धांसू ऑफर
© Copyright Red Pixels Ventures Limited 2026. All rights reserved.
ट्रेंडिंग प्रॉडक्ट्स »
लेटेस्ट टेक ख़बरें »