कुत्तों का दिमाग समय के साथ हो गया है बड़ा- स्टडी

वैज्ञानिकों ने अलग अलग ब्रीड के कुत्तों की जीवनशैली को स्टडी किया।

कुत्तों का दिमाग समय के साथ हो गया है बड़ा- स्टडी

वैज्ञानिकों ने अलग अलग ब्रीड के कुत्तों की जीवनशैली को स्टडी किया।

ख़ास बातें
  • वैज्ञानिकों ने अलग अलग ब्रीड के कुत्तों की जीवनशैली को स्टडी किया।
  • अलग अलग डॉग ब्रीड अलग अलग सामाजिक जटिलताओं में रहती हैं।
  • वे अलग अलग तरह के टास्क करते हैं।
विज्ञापन
जानवरों में कुत्तों को इन्सानों का सबसे करीबी साथी माना जाता है जो उसकी भावनाओं को समझ सकता है। कहा जाता है कि कुत्ते का दिमाग उसके आसपास की परिस्थितियों के अनुसार ही काम करता है। यह कई रिसर्च में सिद्ध भी किया जा चुका है। अब कुत्तों के दिमाग से जुड़ी एक और स्टडी सामने आई है। जिसमें कहा गया है कि गुजरते समय के साथ कुत्तों का दिमाग बड़ा हो गया है। यानि हजारों सालों पहले मौजूद ब्रीड के मुकाबले आधुनिक समय में कुत्तों की ब्रीड में बड़ा दिमाग पाया गया है। आइए जानते हैं क्या कहती है ये स्टडी। 

हंगरी में शोधकर्ताओं ने एक स्टडी जारी की है जो कि ELTE फैकल्टी ऑफ साइंस ऑफ हंगरी की ओर से जारी की गई है। इसमें बताया गया है कि कैसे बीतते समय के साथ कुत्तों के दिमाग का विकास हुआ है और यह साइज में बड़ा भी हो गया है। शोधकर्ताओं ने कहा है कि भेड़ियों से जेनेटिक रूप से बहुत अलग, कुत्तों की नस्लों में अब बड़े साइज का दिमाग पाया जा रहा है, जो कि हजारों साल पहले की नस्लों में नहीं था। 

यहां पर ये भी कहा गया है कि दिमाग के बढ़ते साइज का कारण शहरीकरण और जटिल सामाजिक वातावरण से प्रभावित हो सकता है। वर्तमान में कुत्तों की 400 से ज्यादा ब्रीड मौजूद हैं जो पिछले कुछ समय में तेजी से विकसित हुई हैं और जिनमें काफी विविधता मौजूद है। वैज्ञानिकों के लिए प्रजाति के भीतर इतना ज्यादा बदलाव काफी रोचक विषय है। वैज्ञानिक इसे जानने के लिए काफी लम्बे समय से उत्सुक रहे हैं कि आखिर वे कौन से कारक हैं जो दिमाग के आकार को प्रभावित करते हैं। 

इसके लिए वैज्ञानिकों ने अलग अलग ब्रीड के कुत्तों की जीवनशैली को स्टडी किया। इसे लेकर स्टॉकहॉम यूनिवर्सिटी में दिमाग के विकास को स्टडी करने वाले शोधकर्ता निकलास कॉम ने कहा कि अलग अलग डॉग ब्रीड अलग अलग सामाजिक जटिलताओं में रहती हैं और पेचीदा काम भी करती हैं। वे अलग अलग तरह के टास्क करते हैं। इसके लिए उनको दिमाग के घोड़े दौडा़ने पड़ते हैं। जाहिर है, इसके लिए उनको बड़ी दिमागी क्षमता भी चाहिए होती है। इससे माना गया कि दिमाग पर इस तरह का दबाव बनने से उसके आकार में परिवर्तन आया है। यह अलग अलग समाजों में रहने वाली ब्रीड के लिए अलग अलग हो सकता है। 
 
Comments

लेटेस्ट टेक न्यूज़, स्मार्टफोन रिव्यू और लोकप्रिय मोबाइल पर मिलने वाले एक्सक्लूसिव ऑफर के लिए गैजेट्स 360 एंड्रॉयड ऐप डाउनलोड करें और हमें गूगल समाचार पर फॉलो करें।

कंज्यूमर इलेक्ट्रॉनिक्स शो की लेटेस्ट खबरें hindi.gadgets 360 पर और हमारे CES 2026 पेज पर देखें

हेमन्त कुमार

हेमन्त कुमार Gadgets 360 में सीनियर सब-एडिटर हैं और विभिन्न प्रकार के ...और भी

Share on Facebook Gadgets360 Twitter ShareTweet Share Snapchat Reddit आपकी राय google-newsGoogle News

विज्ञापन

Follow Us

विज्ञापन

#ताज़ा ख़बरें
  1. Asteroid Alert: बिजली सी स्पीड वाले 2 बड़े एस्टरॉयड का आज पृथ्वी की तरफ निशाना
  2. Redmi Note 15 Pro+ लॉन्च से पहले प्राइस लीक, 24GB तक रैम, 6500mAh बैटरी, Pre Booking ऑफर में Free स्मार्टवॉच!
  3. Republic Day Parade Live: 77वें गणतंत्र दिवस पर परेड LIVE, जानें सभी खास बातें
  4. Penguin Viral Video: वायरल 'पेंगुइन वीडियो' का क्या है सच! क्यों चल पड़ा अकेला पेंगुइन, वैज्ञानिकों का जवाब
  5. चांद से टकराया था एस्टरॉयड? चट्टानों के टुकड़ों ने खोला पुराना राज!
  6. Infosys ने वर्क-फ्रॉम-होम वाले वर्कर्स से मांगी इलेक्ट्रिसिटी बिल की जानकारी, ये है कारण....
  7. Oppo Find N6 का ग्लोबल लॉन्च जल्द, मिलेगी 16GB रैम, 6000mAh बैटरी, 80W चार्जिंग!
  8. Redmi Note 15 Pro प्री-ऑर्डर शुरू, 200MP कैमरा, 6500mAh बैटरी के साथ 29 जनवरी को होगा लॉन्च
  9. 14.9 करोड़ यूजर्स के Instagram, Gmail, Netflix के आईडी-पासवर्ड चोरी! ऐसे करें बचाव
  10. 50MP कैमरा, 5160 mAh बैटरी वाला Redmi फोन Rs 6500 तक सस्ते में खरीदने का मौका
© Copyright Red Pixels Ventures Limited 2026. All rights reserved.
ट्रेंडिंग प्रॉडक्ट्स »
लेटेस्ट टेक ख़बरें »