चीन में कोर्ट ने Bitcoin को माना वर्चुअल एसेट

शंघाई के हाई पीपल्स कोर्ट ने अपने WeChat चैनल पर एक स्टेटमेंट जारी कर बिटकॉइन को एक वर्चुअल एसेट मानने की पुष्टि की है

विज्ञापन
शॉमिक सेन भट्टाचार्जी, अपडेटेड: 16 मई 2022 09:06 IST
ख़ास बातें
  • इस फैसले से चीन में क्रिप्टो से जुड़े लोगों को कुछ राहत मिल सकती है
  • यह मामला बिटकॉइन लोन की रिकवरी से जुड़ा था
  • चीन के पीपल्स बैंक ऑफ चाइना ने डिजिटल युआन का ट्रायल शुरू किया है

चीन में पिछले वर्ष क्रिप्टो माइनिंग और ट्रेडिंग पर रोक लगाई गई थी

क्रिप्टो माइनिंग और ट्रेडिंग पर चीन में रोक लगाई गई है लेकिन शंघाई के हाई कोर्ट ने बिटकॉइन को एक वर्चुअल एसेट करार दिया है जिसे चीन के कानून के तहत सुरक्षा प्राप्त है। पिछले वर्ष दायर एक कानूनी मामले को लेकर यह फैसला किया गया है। यह मामला बिटकॉइन लोन की रिकवरी से जुड़ा था। इस फैसले से चीन में क्रिप्टो से जुड़े लोगों को कुछ राहत मिल सकती है।

एक मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, शंघाई के हाई पीपल्स कोर्ट ने अपने WeChat चैनल पर एक स्टेटमेंट जारी कर बिटकॉइन को एक वर्चुअल एसेट मानने की पुष्टि की है। इसमें कहा गया है कि बिटकॉइन की एक विशेष इकोनॉमिक वैल्यू है और प्रॉपर्टी राइट्स के लिए सुरक्षा से जुड़े नियम इस पर लागू होते हैं। यह फैसला दो व्यक्तियों के बीच बिटकॉइन से जुड़े विवाद के एक मामले में दिया गया है। इसमें एक व्यक्ति ने डिस्ट्रिक्ट कोर्ट में मामला दायर कर एक अन्य व्यक्ति से उसके एक बिटकॉइन को लौटाने की मांग की थी। इसमें जिस व्यक्ति के खिलाफ मामला दायर किया गया था वह बिटकॉइन को लौटाने में नाकाम रहा था। इसके बाद कोर्ट ने इस मामले में मध्यस्थता की थी। 

दोनों पक्षों में यह सहमति बनी कि बिटकॉइन लेने वाले व्यक्ति लोन लेने के समय बिटकॉइन की वैल्यू से कुछ कम पर मुआवजे का भुगतान करेगा। कोर्ट का यह फैसला महत्वपूर्ण है क्योंकि इससे यह तय होता है कि चीन के कानून के तहत वर्चुअल एसेट्स को कैसे लिया जाएगा। 
चीन में पिछले वर्ष क्रिप्टो माइनिंग पर बैन लगने के बाद से इससे जुड़े अधिकतर लोग अमेरिका, ईरान और कजाकिस्तान जैसे अन्य देशों में काम कर रहे हैं। पिछले वर्ष जुलाई तक बिटकॉइन के माइनर्स में से लगभग 35.4 प्रतिशत अमेरिका में था। इससे अमेरिका क्रिप्टो माइनिंग का एक बड़ा सेंटर बन गया था।

चीन के पीपल्स बैंक ऑफ चाइना (PBoC) ने अपने डिजिटल युआन का ट्रायल शुरू किया है। PBoC इसके ट्रायल में शामिल शहरों की संख्या बढ़ा रहा है। इन शहरों में इस वर्ष एशियन गेम्स की मेजबानी करने वाला Hangzhou भी शामिल है। इस ट्रायल में प्राइवेसी की सुरक्षा और अपराध को रोकने पर जोर दिया जाएगा। प्राइवेट डिजिटल प्लेटफॉर्म्स की तेज ग्रोथ के मद्देनजर डिजिटल युआन को लॉन्च करने की तैयारी की जा रही है। PBoC का उद्देश्य इस डिजिटल करेंसी के जरिए मार्केट में कॉम्पिटिशन बढ़ाना है। 
 
 

लेटेस्ट टेक न्यूज़, स्मार्टफोन रिव्यू और लोकप्रिय मोबाइल पर मिलने वाले एक्सक्लूसिव ऑफर के लिए गैजेट्स 360 एंड्रॉयड ऐप डाउनलोड करें और हमें गूगल समाचार पर फॉलो करें।

ये भी पढ़े: Crypto, America, Trading, China, Value, Mining
Advertisement
Popular Brands
#ट्रेंडिंग टेक न्यूज़
  1. ₹17000 से ज्यादा सस्ता मिल रहा 50 मेगापिक्सल कैमरा वाला Samsung का धांसू फोन
  2. Realme Narzo 100x 5G vs Moto G77 Power vs Nothing Phone 3a Lite 5G: खरीदने से पहले देखें कौन सा है बेस्ट?
#ताज़ा ख़बरें
  1. Bajaj Auto बढ़ाएगी Chetak इलेक्ट्रिक स्कूटर की मैन्युफैक्चरिंग, इलेक्ट्रिक मोटरसाइकिल भी होगी लॉन्च
  2. Samsung ने लॉन्च किए स्मार्ट ग्लासेज, बिल्ट-इन कैमरा, AI फीचर्स
  3. CJP Protest में इस्तेमाल हुए बिना इंटरनेट चलने वाले मैसेजिंग ऐप्स? जानें कैसे काम करती है यह टेक्नोलॉजी
  4. Samsung Galaxy Watch 9 हुई लॉन्च, AI हेल्थ फीचर्स, जानें प्राइस, स्पेसिफिकेशंस
  5. Samsung Galaxy Z Flip 8 क्लैमशेल फोन लॉन्च, 50MP कैमरा के साथ 4300mAh बैटरी से लैस, जानें सबकुछ
  6. 50MP कैमरा, 4800mAh बैटरी के साथ Samsung Galaxy Z Fold 8 लॉन्च, जानें सबकुछ
  7. Samsung Galaxy Watch Ultra 2 हुई लॉन्च, 1.52 इंच AMOLED डिस्प्ले, जानें प्राइस, स्पेसिफिकेशंस
  8. 200MP कैमरा, 5000mAh बैटरी के साथ Samsung Galaxy Z Fold 8 Ultra हुआ लॉन्च, जानें सबकुछ
  9. OnePlus N6x के भारत में लॉन्च की तैयारी, 2 कलर्स के होंगे ऑप्शन
  10. 10 दिन की बैटरी और 80+ एक्टिविटी ट्रैकिंग! Garmin ने लॉन्च किया बिना स्क्रीन वाला फिटनेस ट्रैकर
Download Our Apps
Available in Hindi
© Copyright Red Pixels Ventures Limited 2026. All rights reserved.