एलियंस की तलाश में अपने सैटेलाइट्स की मदद लेगी Nasa! यह है तैयारी

पिछले महीने नासा ने ऐलान किया था कि वह सैकड़ों एनएक्‍सप्‍लैंड UFO देखे जाने के संबंध में एक जांच शुरू कर रहा है, जो 8 महीने तक चलेगी।

एलियंस की तलाश में अपने सैटेलाइट्स की मदद लेगी Nasa! यह है तैयारी

पिछले महीने नासा ने UAP को स्‍टडी करने की अपनी योजना का खुलासा किया था।

ख़ास बातें
  • UFO को लेकर अपनी जांच शुरू कर चुकी है नासा
  • इसमें सैटेलाइट्स की भूमिका को देखा जा रहा है
  • यह सब UAP को लेकर हो रहे एक बड़े अध्ययन का हिस्‍सा है
विज्ञापन
अमेरिकी अंतरिक्ष एजेंसी नासा (Nasa) ने UFO की तलाश तेज कर दी है। वह जल्‍द एलियंस तक पहुंचना चाहती है और इसके लिए अपने सैटेलाइट्स को भी इस मिशन में लगाने की तैयारी कर रही है। नासा का कहना है कि वह अपने सैटेलाइट्स को एलियंस की खोज करने वालीं डिवाइसेज में बदलने पर विचार कर रहा है। पिछले महीने नासा ने ऐलान किया था कि वह सैकड़ों एनएक्‍सप्‍लैंड UFO देखे जाने के संबंध में एक जांच शुरू कर रही है, जो 8 महीने तक चलेगी। जांच शुरू कर चुकी टीम यह पता लगा रही है कि क्या पृथ्वी से रिपोर्ट की गई अजीब हवाई घटनाओं पर एक और दृष्टिकोण देने के लिए स्‍पेस में सैटेलाइट्स को फिर से तैयार किया जा सकता है।

यह अज्ञात हवाई घटनाओं यानी अनआइडेंटिफाइड एरियल फिनामनान (UAP) को लेकर हो रहे एक बड़े अध्ययन का हिस्‍सा है, जो इस साल के आखिर में शुरू होने वाला है। डेली स्‍टार ने टेलीग्राफ के हवाले से लिखा है कि नासा के डेप्‍यूटिंग एडमिनिस्‍ट्रेटर पाम मेलरॉय ने लंदन में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा कि उनकी टीम इस तरह के सवालों को देखने जा रही है कि क्या हमारे पास ऐसे सेंसर हैं जो चीजों को देख सकते हैं। 

उन्‍होंने कहा, सवाल यह भी है कि हमारे पास ढेरों सैटेलाइट्स हैं जो पृथ्वी की ओर देख रहे हैं, क्या उनमें से कोई उपयोगी है? अपनी बात को समझाते हुए उन्‍होंने कहा कि मंगल ग्रह पर जाने वाले रोवर का निर्माण करने से पहले यह जरूरी यह पता लगाना है कि वहां सबसे खास चीज ढूंढने के लिए कौन से सेंसर बनाने होंगे। 

पिछले महीने नासा ने UAP को स्‍टडी करने की अपनी योजना का खुलासा किया था। इसके तहत एजेंसी उस तकनीक को इस्‍तेमाल करने की योजना बना रही है, जो अंतरिक्ष में मौजूद है यानी कोई नई तकनीक इस स्‍टडी के लिए फ‍िलहाल ईजाद नहीं की जाएगी। नासा की योजना फ‍िलहाल इस बारे में ज्‍यादा से ज्‍यादा डेटा इकट्ठा करने की है। 

नासा का भी यही कहना है कि UFO, UAP या एलियंस के बारे में बताने के लिए उसके पास फ‍िलहाल कोई सबूत नहीं है। लेकिन इस पर काम करना जरूरी है क्‍यो‍ंकि इसका राष्‍ट्रीय सुरक्षा व एयर सेफ्टी पर असर पड़ता है। 
 
Comments

लेटेस्ट टेक न्यूज़, स्मार्टफोन रिव्यू और लोकप्रिय मोबाइल पर मिलने वाले एक्सक्लूसिव ऑफर के लिए गैजेट्स 360 एंड्रॉयड ऐप डाउनलोड करें और हमें गूगल समाचार पर फॉलो करें।

संबंधित ख़बरें

Share on Facebook Gadgets360 Twitter ShareTweet Share Snapchat Reddit आपकी राय google-newsGoogle News

विज्ञापन

Follow Us

विज्ञापन

#ताज़ा ख़बरें
  1. टेक्नोलॉजी में गुजरात की तेज रफ्तार, सेमीकंडक्टर, डेटा सेंटर का हब बनने की तैयारी
  2. 85km रेंज वाली नई इलेक्ट्रिक बाइक Trek Inbound+ लॉन्च, जानें कीमत
  3. Motorola Edge 70 Neo भारत में लॉन्च होगा Snapdragon चिप, 6GB रैम के साथ, IP68, IP69 रेटिंग!
  4. UPI Tap & Pay: अब UPI में बिना PIN, बिना QR कोड, बिना इंटरनेट होगी पेमेंट! आए धांसू फीचर्स
  5. ₹65 हजार सस्ता मिल रहा iPhone 17 Pro, Croma पर आई जबरदस्त डील!
  6. AI की मदद से बनी दवा आपको रखेगी जवान! कंपनी ने किया क्लीनिकल ट्रायल
  7. ₹8 हजार सस्ता मिल रहा 64MP कैमरा वाला Vivo 5G फोन! आई जबरदस्त डील
  8. Zomato से खाना मंगवाना अब और महंगा, ₹30 तक लग रहा CoD चार्ज! जानें बचने का तरीका
  9. Vivo X Fold 6 के इंटरनेशनल मार्केट में लॉन्च की तैयारी, Geekbench पर हुई लिस्टिंग 
  10. Mission School Of Excellence: टेक्नोलॉजी ने गुजरात में स्कूलों को बनाया हाईटेक, 1.9 लाख स्मार्ट क्लासरूम से शिक्षा को नई ऊंचाई
© Copyright Red Pixels Ventures Limited 2026. All rights reserved.
ट्रेंडिंग प्रॉडक्ट्स »
लेटेस्ट टेक ख़बरें »