• होम
  • विज्ञान
  • ख़बरें
  • अंतरिक्ष से पृथ्‍वी पर आ रहे थे चीनी एस्‍ट्रोनॉट, पैराशूट में हो गया छेद, फ‍िर क्‍या हुआ? जानें

अंतरिक्ष से पृथ्‍वी पर आ रहे थे चीनी एस्‍ट्रोनॉट, पैराशूट में हो गया छेद, फ‍िर क्‍या हुआ? जानें

यह दल करीब 5 महीने अंतरिक्ष में बिताकर पृथ्‍वी पर लौट रहा था।

अंतरिक्ष से पृथ्‍वी पर आ रहे थे चीनी एस्‍ट्रोनॉट, पैराशूट में हो गया छेद, फ‍िर क्‍या हुआ? जानें

Photo Credit: CCTV

सभी तियांगोंग स्‍पेस स्‍टेशन से धरती पर आ रहे थे।

ख़ास बातें
  • चीनी यात्रियों का दल लौटा अंतरिक्ष से
  • उनके पैराशूट में हो गया छेद
  • लेकिन सभी यात्री सकुुशल लौट आए स्‍पेस से
विज्ञापन
चीनी अंतरिक्ष यात्रियों के साथ बड़ा हादसा होने से टल गया। उनकी जान भी जा सकती थी। हुआ यूं कि चीन के शेनझोउ 16 (Shenzhou 16) दल के एस्‍ट्रोनॉट जिस रिटर्न कैप्सूल के पैराशूट में सवार होकर पृथ्‍वी पर आ रहे थे, उसमें छेद हो गया। इसके बावजूद सभी सुरक्षित तरीके से लैंड कर गए। यह दल करीब 5 महीने अंतरिक्ष में बिताकर पृथ्‍वी पर लौट रहा था। सभी तियांगोंग स्‍पेस स्‍टेशन से धरती पर आ रहे थे। खास यह है कि चीन का सरकारी मीडिया एस्‍ट्रोनॉट्स की लैंडिंग का लाइव टेलीकास्‍ट कर रहा था। 

स्‍पेसडॉटकॉम की रिपोर्ट के अनुसार, चाइना सेंट्रल टेलीविजन पर 30 अक्टूबर को शेनझोउ 16 दल के पृथ्‍वी पर आने का टेलीकास्‍ट हो रहा था। बताया जाता है कि कुछ वीडियो फुटेज में पैराशूट में हुआ छेद दिखाई दे रहा था। कैप्‍सूल के अंदर शेनझोउ 16 मिशन कमांडर जिंग हैपेंग और चालक दल के उनके सहयोगी ‘झू यांगझू' और ‘गुई हाइचाओ' थे। 

बताया जाता है कि पैराशूट में इतना बड़ा छेद इससे पहले दिखाई नहीं दिया था। हालांकि इससे मिशन में कोई रुकावट नहीं आई। बताया जाता है कि कैप्‍सूल सुरक्षित तरीके से इनर मंगोलिया के गोबी रेगिस्तान में डोंगफेंग लैंडिंग साइट पर उतरा। 

रिपोर्टों के अनुसार, इस तरह के मिशन में अगर पैराशूट काम ना करे, तब भी क्रू मेंबर्स के पास बचने के लिए बैकअप होता है। उनके पास एक बैकअप पैराशूट होता है, जो किसी भी आपात स्थिति में खुद काम करने लगता है। हालांकि चीन की ओर से ऐसे किसी मामले की ऑफ‍िशियल जानकारी अबतक नहीं दी गई है। 

चीन ने जिस चुनौती का सामना किया, उससे दुनिया के बाकी देश भी जूझ चुके हैं। साल 1967 में हुई एक घटना के दौरान सोवियत यूनियन का सोयुज 1 मिशन इसी तरह की पेचीदगी से जूझा था। इस वजह से उसके एक एस्‍ट्रोनॉट को जान गंवानी पड़ी थी। एलन मस्‍क की कंपनी स्‍पेसएक्‍स को भी ऐसी चुनौतियां झेलनी पड़ी हैं। 
 
Comments

लेटेस्ट टेक न्यूज़, स्मार्टफोन रिव्यू और लोकप्रिय मोबाइल पर मिलने वाले एक्सक्लूसिव ऑफर के लिए गैजेट्स 360 एंड्रॉयड ऐप डाउनलोड करें और हमें गूगल समाचार पर फॉलो करें।

संबंधित ख़बरें

Share on Facebook Gadgets360 Twitter ShareTweet Share Snapchat Reddit आपकी राय google-newsGoogle News

विज्ञापन

Follow Us

विज्ञापन

#ताज़ा ख़बरें
  1. मोबाइल फोन की मैन्युफैक्चरिंग बढ़ाने के लिए सरकार लॉन्च करेगी 62,500 करोड़ रुपये की स्कीम
  2. भारत में क्रिप्टोकरेंसी को 'एसेट' का दर्जा नहीं मिला, सरकार ने दी जानकारी
  3. Just Corseca की नई स्मार्टवॉच, ईयरबड्स हुए लॉन्च, कीमत 1499 रुपये से शुरू
  4. 20000mAh बैटरी के साथ 22.5W फास्ट चार्जिंग वाला नया पावरबैंक Xiaomi ने किया लॉन्च, जानें कीमत व खास फीचर्स
  5. OnePlus की अफोर्डेबल सेगमेंट में नया स्मार्टफोन लॉन्च करने की तैयारी, 8,000mAh तक हो सकती है बैटरी
  6. Huawei FreeClip 2 S ईयरबड्स ग्लोबल मार्केट में लॉन्च, 38 घंटे की है बैटरी, जानें कीमत और फीचर्स
  7. GoBoult Tenet Pro ईयरबड्स भारत में लॉन्च, 75 घंटे तक चलेगी बैटरी, जानें कैसे हैं फीचर्स
  8. Redmi K100 सीरीज के हाई-एंड मॉडल में मिल सकती है 9,000mAh की बैटरी
  9. भारत के सबसे बड़े परमाणु प्लांट से जुड़ा डेटा लीक? हजारों डॉक्यूमेंट्स पहुंचे डार्क वेब पर!
  10. ₹3,400 सस्ता मिल रहा तीन 50 मेगापिक्सल कैमरा वाला Motorola स्मार्टफोन, ये है पूरी डील
© Copyright Red Pixels Ventures Limited 2026. All rights reserved.
ट्रेंडिंग प्रॉडक्ट्स »
लेटेस्ट टेक ख़बरें »