अंतरिक्ष में जिंदा मछली भेजेगा चीन, आखिर करना क्‍या चाहता है? जानें

चीन अपने स्‍पेस स्‍टेशन में एक छोटे से बंद इकोसिस्‍टम के अंदर मछली और सूक्ष्मजीवों (microorganisms) के बीच होने वाले इंटरेक्‍शन पर रिसर्च करेगा।

अंतरिक्ष में जिंदा मछली भेजेगा चीन, आखिर करना क्‍या चाहता है? जानें

Photo Credit: Unsplash

कहा जा रहा है कि इस प्रयोग से अंतरिक्ष यात्रियों की हड्डियों में होने वाले नुकसान पर शोध करने में मदद मिलेगी।

ख़ास बातें
  • जेब्राफ‍िश को अंतरिक्ष में भेज नया प्रयोग करेगा चीन
  • चीन ने पिछले साल तैयार किया है अपना स्‍पेस स्‍टेशन
  • तियांगोंग स्‍पेस स्‍टेशन में भेजा जाएगा जेब्राफ‍िश को
विज्ञापन
चीन अपने अंतरिक्ष कार्यक्रमों को जिस तेजी से आगे बढ़ा रहा है, उसने बाकी देशों की अंतरिक्ष एजेंसियों को बड़ी चुनौती पेश की है। इंटरनेशनल स्‍पेस स्‍टेशन (ISS) में चीन को शामिल नहीं किया गया, तो उसने अपना स्‍पेस स्‍टेशन ‘तियांगोंग' (Tiangong space station) तैयार कर लिया। पिछले साल से यह ऑपरेट होने लगा है और अब चीन इस स्‍पेस स्‍टेशन पर कई तरह की रिसर्च शुरू करने जा रहा है। चीन की योजना अपने स्‍पेस स्‍टेशन पर एक मछली (fish) को भेजने की है। 

स्‍पेसडॉटकॉम ने Guancha.cn के हवाले से लिखा है कि चीन अंतरिक्ष में जेब्राफिश को भेजने की प्‍लानिंग कर रहा है। वहां एक छोटे से बंद इकोसिस्‍टम के अंदर मछली और सूक्ष्मजीवों (microorganisms) के बीच होने वाले इंटरेक्‍शन पर रिसर्च की जाएगी। कहा जा रहा है कि इस प्रयोग से अंतरिक्ष यात्रियों की हड्डियों में होने वाले नुकसान पर शोध करने में मदद मिलेगी। 

रिपोर्ट कहती है कि यह पहली बार नहीं है, जब स्‍पेस में मछली भेजी जा रही हो। नासा (Nasa) भी ऐसा कर चुकी है। उसने स्‍पेस स्‍टेशन में एक ऐसा वातावरण तैयार किया था, जिससे पता लगाया जा सके कि माइक्रोग्रैविटी समुद्री जीवन को कैसे प्रभावित करती है। नासा ने साल 2012 में जापान मूल की एक मछली को स्‍पेस में भेजा था। 

वहीं, सोवियत यूनियन ने साल 1976 में जेब्राफ‍िश को स्‍पेस में भेजा था। सोवियत यूनियन के रिसर्चर्स ने पाया था कि माइक्रोग्रैविटी में रहते हुए जेब्राफ‍िश के बिहेवियर में कुछ बदलाव आए थे। स्‍पेस में जीवों को भेजने की शुरुआत साल 1947 से ही हो गई थी। सोवियत यूनियन ने 1957 में एक डॉगी को स्‍पेस में भेजना चाहा था। हालांकि मिशन लॉन्‍च होने के कुछ देर बाद ही डॉगी की बॉडी काफी गर्म हो गई और उसकी जान चली गई। 

अब चीन इस दिशा में आगे बढ़ रहा है। जेब्राफ‍िश को स्‍पेस में भेजकर वह नई रिसर्च करना चाहता है। रिपोर्ट के अनुसार, चीन के स्‍पेस मिशन से जुड़े झांग वेई ने इस महीने की शुरुआत में चीनी मीडिया को इस योजना की जानकारी दी थी। हालांकि इस एक्‍सपेरिमेंट की टाइमलाइन और इंस्‍ट्रूमेंट्स के बारे में कुछ नहीं बताया गया है। 

 
Comments

लेटेस्ट टेक न्यूज़, स्मार्टफोन रिव्यू और लोकप्रिय मोबाइल पर मिलने वाले एक्सक्लूसिव ऑफर के लिए गैजेट्स 360 एंड्रॉयड ऐप डाउनलोड करें और हमें गूगल समाचार पर फॉलो करें।

Share on Facebook Gadgets360 Twitter ShareTweet Share Snapchat Reddit आपकी राय google-newsGoogle News

विज्ञापन

Follow Us

विज्ञापन

#ताज़ा ख़बरें
  1. गेमिंग के लिए लॉन्च हुआ Redmi K Pad 2 टैबलेट, इसमें है 3K डिस्प्ले, 9100mAh बैटरी और कूलिंग सिस्टम
  2. Vivo Y600 Pro में होगी सबसे बड़ी 10,200mAh की बैटरी, 27 अप्रैल को है लॉन्च, जानें सबकुछ
  3. Honor 600, Honor 600 Pro हुए लॉन्च, 7000mAh बैटरी, 200MP कैमरा
  4. 700W पावर और वायरलेस सेटअप! boAt ने भारत में लॉन्च किया Aavante Prime X साउंड सिस्टम
  5. Google Pixel का अप्रैल अपडेट बना सिरदर्द, यूजर्स बोले - 'फोन कुछ घंटों में हो रहा डाउन'
  6. Bitcoin में जोरदार तेजी, 78,000 डॉलर से ज्यादा हुआ प्राइस
  7. Vivo X300 Ultra और Vivo X300 FE अगले महीने होंगे भारत में लॉन्च, ट्रिपल रियर कैमरा यूनिट 
  8. OpenAI ने बेहतर इमेज जनरेशन और रीजनिंग कैपेसिटी के साथ ChatGPT Images 2.0 किया पेश
  9. AI Labelling: AI से कंटेंट बनाना आसान नहीं होगा! सरकार लाई नया प्रस्ताव, 7 मई तक डेडलाइन
  10. सिंगल चार्ज में 681 किमी रेंज वाली Tesla Model Y L Premium लॉन्च, 3 रो सीटिंग के साथ ऐसे हैं फीचर्स, जानें कीमत
© Copyright Red Pixels Ventures Limited 2026. All rights reserved.
ट्रेंडिंग प्रॉडक्ट्स »
लेटेस्ट टेक ख़बरें »