• होम
  • विज्ञान
  • ख़बरें
  • Chandrayaan 4 Mission : अंतरिक्ष में जोड़े जाएंगे चंद्रयान 4 के हिस्‍से, चीन की तरह सैंपल लेकर लौटेगा मिशन

Chandrayaan 4 Mission : अंतरिक्ष में जोड़े जाएंगे चंद्रयान-4 के हिस्‍से, चीन की तरह सैंपल लेकर लौटेगा मिशन

Chandrayaan 4 Mission : गौरलतब है कि इसी सप्‍ताह चीन का चांगई 6 मिशन चंद्रमा से 2 किलो सैंपल लेकर पृथ्‍वी पर पहुंचा है।

Chandrayaan 4 Mission : अंतरिक्ष में जोड़े जाएंगे चंद्रयान-4 के हिस्‍से, चीन की तरह सैंपल लेकर लौटेगा मिशन
ख़ास बातें
  • भारतीय स्‍पेस एजेंसी कर रही चंद्रयान-4 मिशन की तैयारी
  • दुनिया का सबसे अनोखा स्‍पेस मिशन होगा यह
  • स्‍पेसक्राफ्ट को अंतरिक्ष में ही असेंबल करने की तैयारी
विज्ञापन
Chandrayaan 4 Mission : भारत और उसकी स्‍पेस एजेंसी इसरो (ISRO) ने पिछले साल चंद्रयान-3 मिशन को चांद की सतह पर लैंड कराकर इतिहास रचा था। भारत दुनिया का पहला देश बन गया था, जिसके विक्रम लैंडर और प्रज्ञान रोवर ने चंद्रमा के दक्षिणी ध्रुव पर लैंडिंग की थी। इस उपलब्‍धि के बाद चंद्रयान-4 मिशन की चर्चा शुरू हो गई थी। अब पहली बार इसरो की तरफ से चंद्रयान-4 के बारे में जानकारी दी गई है। इसरो का कहना है कि चंद्रयान-4 को दो भागों में लॉन्‍च किया जाएगा और इसके पार्ट्स स्‍पेस में जोड़े जाएंगे। 

इंडियन एक्सप्रेस की रिपोर्ट के अनुसार, इसरो चीफ एस. सोमनाथ ने इंडिया स्‍पेस कांग्रेस 2024 में यह बात कही। उन्‍होंने कहा कि चंद्रयान-4, चांद से सैंपल लेकर आएगा। गौरलतब है कि इसी सप्‍ताह चीन का चांगई 6 मिशन चंद्रमा से 2 किलो सैंपल लेकर पृथ्‍वी पर पहुंचा है। उसने सैंपल चंद्रमा के सुदूर इलाके से जुटाए जो हमारी पृथ्‍वी से नहीं दिखता। चांद के सुदूर हिस्‍से से सैंपल लाने वाला चीन दुनिया का पहला देश बन गया है। 

बहरहाल, भारत के चंद्रयान-4 मिशन की बात करें तो इसरो चीफ का कहना है कि मिशन को एक बार में लॉन्च नहीं किया जाएगा। स्‍पेसक्राफ्ट के तमाम पार्ट्स को दो लॉन्‍च के जरिए अंतरिक्ष में भेजा जाएगा और चांद पर लैंडिंग कराने से पहले स्‍पेसक्राफ्ट के पार्ट्स अंतरिक्ष में जोड़े जाएंगे। 
 

दो हिस्‍सों में क्‍यों लॉन्‍च होगा मिशन? 

इसरो का कहना है कि चंद्रयान-4 की वजन क्षमता इसरो के पास मौजूद सबसे पावरफुल रॉकेट से ज्‍यादा हो सकती है। इस वजह से मिशन को दो हिस्‍सों में लॉन्‍च करने की तैयारी है। ऐसा होता है तो यह दुनिया का पहला मिशन होगा, जिसे दो भागों में उड़ाया जाएगा और स्‍पेसक्राफ्ट को अंतरिक्ष में जोड़ा जाएगा।   

अगर यह मिशन सफल होता है तो इसरो दुनिया में इतिहास रच देगा। इसरो चीफ ने यह भी बताया है कि मिशन का मकसद चंद्रमा से सैंपल लेकर वापस आना है। इसरो फ‍िलहाल इस बात पर काम कर रहा है कि स्‍पेस में स्‍पेसक्राफ्ट को कैसे जोड़ा जाएगा। मिशन लॉन्‍च करने से पहले इसरो इस क्षमता को दूसरे मिशन के जरिए कन्‍फर्म करना चाहेगा। 

अभी तक दुनिया के तीन देश- अमेरिका, रूस और चीन चंद्रमा से सैंपल लेकर वापस आ पाए हैं। भारत भी ऐसा कर लेता है, तो उसकी उपलब्‍धि एकदम अलग होगी। 
 
Comments

लेटेस्ट टेक न्यूज़, स्मार्टफोन रिव्यू और लोकप्रिय मोबाइल पर मिलने वाले एक्सक्लूसिव ऑफर के लिए गैजेट्स 360 एंड्रॉयड ऐप डाउनलोड करें और हमें गूगल समाचार पर फॉलो करें।

Share on Facebook Gadgets360 Twitter ShareTweet Share Snapchat Reddit आपकी राय google-newsGoogle News

विज्ञापन

Follow Us

विज्ञापन

#ताज़ा ख़बरें
  1. Xiaomi ने Desktop Speaker Pro Set किया लॉन्च, 10W के ड्राइवर के साथ जबरदस्त बेस का दावा! जानें कीमत
  2. Dhurandhar 2 OTT Release: रणवीर सिंह की धुरंधर-2 नेटफ्लिक्स नहीं, इस OTT पर मचाएगी धमाल!
  3. iPhone में 200MP कैमरा? नए लीक में सामने आया Apple का बड़ा प्लान
  4. 13 हजार सस्ता खरीदें 48MP कैमरा वाला Pixel फोन, बड़ा डिस्काउंट ऑफर
  5. क्रिप्टो एक्सचेंज CoinDCX के फाउंडर्स के खिलाफ फ्रॉड का मामला हुआ खारिज, नहीं मिला कोई सबूत
  6. सिंगल चार्ज में 42 घंटे चलने वाले वायरलेस हेडफोन Unix ने किए लॉन्च, जानें कीमत
  7. IPL की शुरुआत से पहले विदेशी गैर कानूनी गेमिंग ऐप्स का फैला नेटवर्क
  8. 22W चार्जिंग के साथ Ubon ने थ्री-इन-वन चार्जिंग स्टेशन किया लॉन्च, जानें कीमत
  9. Samsung Galaxy A57 5G के साथ नया नवेला Exynos 1680 चिप लॉन्च, दमदार AI और कैमरा परफॉर्मेंस!
  10. अब फोटो से वीडियो बनाएगा Snapchat, AI Clips फीचर लॉन्च, ऐसे करें यूज
© Copyright Red Pixels Ventures Limited 2026. All rights reserved.
ट्रेंडिंग प्रॉडक्ट्स »
लेटेस्ट टेक ख़बरें »