ड्रोन का इम्पोर्ट भारत में बैन हुआ, लोकल मैन्युफैक्चरिंग को बढ़ाने की कोशिश

रिसर्च एंड डिवेलपमेंट, डिफेंस और सिक्योरिटी के उद्देश्यों के लिए ड्रोन का इम्पोर्ट किया जा सकेगा लेकिन इसके लिए जरूरी क्लीयरेंस लेनी होगी

विज्ञापन
Press Trust of India, अपडेटेड: 10 फरवरी 2022 18:54 IST
ख़ास बातें
  • ड्रोन के कंपोनेंट्स के इम्पोर्ट के लिए कोई स्वीकृति नहीं लेनी होगी
  • सरकार ने पिछले वर्ष ड्रोन के लिए रूल्स में छूट दी थी
  • पिछले महीने ड्रोन सर्टिफिकेशन स्कीम भी जारी की गई थी

देश में ड्रोन्स की मैन्युफैक्चरिंग को बढ़ावा देने के लिए इम्पोर्ट को प्रतिबंधित किया गया है

देश में ड्रोन का इम्पोर्ट केंद्र सरकार ने बैन कर दिया है। सरकार देश में ड्रोन की लोकल मैन्युफैक्चरिंग को बढ़ावा देना चाहती है और इसी वजह से यह फैसला किया गया है। हालांकि, ड्रोन के इम्पोर्ट के लिए विशेष प्रावधान किए गए हैं। रिसर्च एंड डिवेलपमेंट (R&D), डिफेंस और सिक्योरिटी के उद्देश्यों के लिए ड्रोन का इम्पोर्ट किया जा सकेगा लेकिन इसके लिए जरूरी क्लीयरेंस लेनी होगी।

सिविल एविएशन मिनिस्ट्री की ओर से जारी एक प्रेस विज्ञप्ति में बताया गया है कि ड्रोन के कंपोनेंट्स का इम्पोर्ट करने के लिए कोई स्वीकृति लेने की जरूरत नहीं होगी। कॉमर्स एंड इंडस्ट्री मिनिस्ट्री के तहत आने वाले डायरेक्टरेट जनरल ऑफ फॉरेन ट्रेड (DGFT) ने ड्रोन के इम्पोर्ट पर प्रतिबंध लगाने से जुड़ा एक नोटिफिकेशन जारी किया है। इसमें कहा गया है, "ड्रोन्स के CBU (कम्प्लीटली बिल्ट अप) / CKD (कम्प्लीटली नॉक्ड डाउन) / SKD (सेनी नॉक्ड डाउन) तौर पर इम्पोर्ट को प्रतिबंधित किया गया है। इसमें R&D, डिफेंस और सिक्योरिटी के उद्देश्यों के लिए किए जाने वाले इम्पोर्ट की अनुमति होगी।"

केंद्र या राज्य सरकारों के संगठनों या इनकी ओर से मान्यता प्राप्त शैक्षिक संस्थानों सरकार से मान्यता प्राप्त R&D संस्थानों और R&D के उद्देश्य के लिए ड्रोन मैन्युफैक्चरर्स को ड्रोन्स का इम्पोर्ट करने की अनुमति दी जाएगी। हालांकि, यह अनुमति DGFT की ओर से संबंधित मंत्रालयों के साथ विचार विमर्श करने के बाद दी जाएगी।

सिविल एविएशन मिनिस्ट्री ने कहा है कि देश में ड्रोन्स की मैन्युफैक्चरिंग को बढ़ावा देने के लिए विदेश से ड्रोन्स के इम्पोर्ट को प्रतिबंधित किया गया है। मिनिस्ट्री ने पिछले वर्ष ड्रोन के लिए रूल्स में छूट दी थी। इसके बाद मिनिस्ट्री की ओर से ड्रोन एयरस्पेस मैप,  PLI स्कीम और   UTM पॉलिसी फ्रेमवर्क जारी किया गया था। पिछले महीने ड्रोन सर्टिफिकेशन स्कीम भी जारी की गई थी। हाल के वर्षों में ड्रोन्स का इस्तेमाल तेजी से बढ़ा है। इसके साथ ही ड्रोन के इम्पोर्ट में भी बढ़ोतरी हुई है। ड्रोन्स के इम्पोर्ट पर बैन लगने के बाद देश में इनकी मैन्युफैक्चरिंग बढ़ने और इनके प्राइसेज घटने की संभावना है। ड्रोन बनाने वाली लोकल कंपनियों की संख्या कम है और इम्पोर्ट पर बैन लगने से इस सेगमेंट में बिजनेस तेजी से बढ़ सकता है।

(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
 

लेटेस्ट टेक न्यूज़, स्मार्टफोन रिव्यू और लोकप्रिय मोबाइल पर मिलने वाले एक्सक्लूसिव ऑफर के लिए गैजेट्स 360 एंड्रॉयड ऐप डाउनलोड करें और हमें गूगल समाचार पर फॉलो करें।

कंज्यूमर इलेक्ट्रॉनिक्स शो की लेटेस्ट खबरें hindi.gadgets 360 पर और हमारे CES 2026 पेज पर देखें

ये भी पढ़े: drone, Import, Ban, Government, Manufacturing, Security, Rules
Advertisement
Popular Brands
#ट्रेंडिंग टेक न्यूज़
  1. e-Aadhaar कैसे करें डाउनलोड, कैसे करें इस्तेमाल, ये है पूरी प्रक्रिया
  2. iQOO 15R में मिल सकता है 200 मेगापिक्सल का प्राइमरी कैमरा, भारत में जल्द होगा लॉन्च
#ताज़ा ख़बरें
  1. e-Aadhaar कैसे करें डाउनलोड, कैसे करें इस्तेमाल, ये है पूरी प्रक्रिया
  2. Wi-Fi नहीं चल रहा है ठीक तो ऐसे पाएं छुटकारा
  3. Bajaj Auto के Chetak C25 इलेक्ट्रिक स्कूटर पर 4,000 रुपये से ज्यादा के डिस्काउंट की पेशकश
  4. Apple ने कॉम्पिटिशन कमीशन ऑफ इंडिया के खिलाफ हाई कोर्ट से लगाई गुहार
  5. Vivo V70 FE में हो सकती है 7,000mAh की बैटरी, यूरोपियन सर्टिफिकेशन साइट पर हुई लिस्टिंग
  6. Oppo Find X9 Ultra में मिल सकती है क्वाड रियर कैमरा यूनिट
  7. Google Photos का नया AI फीचर, अपनी फोटो से बनाएं Memes, जानें कैसे करता है काम
  8. iQOO 15R में मिल सकता है 200 मेगापिक्सल का प्राइमरी कैमरा, भारत में जल्द होगा लॉन्च
  9. Motorola की स्मार्टवॉच में वापसी, Moto Watch भारत में लॉन्च, कीमत Rs 6 हजार के अंदर
  10. Pebble के नए Qore 2 स्मार्टबैंड में है 45 दिन की बैटरी, कई हेल्थ और फिटनेस फीचर्स! स्पेशल प्राइस पर हुआ लॉन्च
Download Our Apps
Available in Hindi
© Copyright Red Pixels Ventures Limited 2026. All rights reserved.